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पंचायत चुनाव: प्रधानी में देवर-भाभी कूदे तो नाराज सास ने भी करा दिया नामांकन
Tue, 13 Apr 2021 03:58 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Tue, 13 Apr 2021 03:58 PM IST
सार
- लोगों के समझाने से सास ने वापस लिया पर्चा, पर मायके में रहेंगी
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पंचायत चुनाव
विस्तार
रिश्तों में पड़ी दरार राजनीति में खुलकर सामने आ रही है। ऐसा ही नजारा शिवराजपुर के हरनू ग्राम पंचायत में देखने को मिला। प्रधान पद के लिए भाभी ने नामांकन किया तो देवर ने भी नामांकन करा दिया। इससे नाराज होकर सास ने भी ब्लॉक मुख्यालय पहुंचकर नामांकन करा दिया।
हालांकि ग्रामीणों-समर्थकों के समझाने बुझाने के बाद बुजुर्ग सास ने अपना पर्चा तो वापस ले लिया, लेकिन चुनाव तक उन्होंने मायके में ही रहने का फैसला लिया है। प्रधानी पद के लिए मशक्कत सब जगह हो रही है, किंतु चुनावी जंग तब और रोचक हो जाती है जब एक ही परिवार के दो लोग आमने-सामने हो जाएं।
1,560 मतदाताओं वाली ग्राम सभा हरनू से निवर्तमान प्रधान पप्पी यादव ने ग्राम प्रधानी के लिए नामांकन कराया तो उनके देवर निशू यादव भी मैदान में उतर आए। निशू का कहना है कि पिछली बार उनके ही बूते पर भाभी जीतीं थीं। इस बार सामान्य सीट होने के चलते उन्होंने भी दावा कर दिया। एक ही परिवार के किस व्यक्ति को वोट दें, किसे छोड़ दें, इसे लेकर मतदाता भी परेशान हैं।
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हालांकि ग्रामीणों-समर्थकों के समझाने बुझाने के बाद बुजुर्ग सास ने अपना पर्चा तो वापस ले लिया, लेकिन चुनाव तक उन्होंने मायके में ही रहने का फैसला लिया है। प्रधानी पद के लिए मशक्कत सब जगह हो रही है, किंतु चुनावी जंग तब और रोचक हो जाती है जब एक ही परिवार के दो लोग आमने-सामने हो जाएं।
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1,560 मतदाताओं वाली ग्राम सभा हरनू से निवर्तमान प्रधान पप्पी यादव ने ग्राम प्रधानी के लिए नामांकन कराया तो उनके देवर निशू यादव भी मैदान में उतर आए। निशू का कहना है कि पिछली बार उनके ही बूते पर भाभी जीतीं थीं। इस बार सामान्य सीट होने के चलते उन्होंने भी दावा कर दिया। एक ही परिवार के किस व्यक्ति को वोट दें, किसे छोड़ दें, इसे लेकर मतदाता भी परेशान हैं।
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