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Kanpur News: अब विदेशी शिक्षकों से भी पढ़ेंगे सीएसजेएमयू के विद्यार्थी
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छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय
- फोटो : आर्काइव
कानपुर। क्यूएस रैंकिंग में स्थान पाने के लिए छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय अब कोई कमी नहीं छोड़ना चाहता है। रैंकिंग में विदेशी फैकल्टी के अलग-अलग अंक होते हैं। इस कारण अब विवि में विदेशी शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी। हालांकि वर्तमान में यह नियुक्ति सिर्फ तीन-तीन माह के आधार पर होगी।
सीएसजेएमयू प्रशासन ने विदेशी छात्रों को मौका देने के बाद अब विदेशी शिक्षकों की नियुक्ति करने की तैयारी है। एकेडमिक काउंसिल की बैठक में इसकी प्रक्रिया पर अंतिम मुहर लग गई है। इससे जल्द ही विदेश से शिक्षक विवि में पढ़ाने आएंगे। शिक्षकों को विवि की ओर आकर्षित करने के लिए उन्हें आकर्षक मानदेय के साथ आवासीय सुविधा भी देने की तैयारी है।
असिस्टेंट प्रोफेसर को 1500 और एसोसिएट प्रोफेसर को 2500 डॉलर प्रति माह मानदेय दिया जाएगा। वहीं, विवि तक आने के लिए नजदीकी एयरपोर्ट की इकॉनोमी क्लास का हवाई टिकट भी दिया जाएगा। तीन माह तक विवि कैंपस में रहने और खाने की व्यवस्था भी निशुल्क होगी। अंतरराष्ट्रीय फैकल्टी के आने से छात्र-छात्राओं को अत्याधुनिक शिक्षा का लाभ मिलने के साथ दुनिया में चल रहे शिक्षा में परिवर्तन की जानकारी भी मिलेगी।
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सीएसजेएमयू प्रशासन ने विदेशी छात्रों को मौका देने के बाद अब विदेशी शिक्षकों की नियुक्ति करने की तैयारी है। एकेडमिक काउंसिल की बैठक में इसकी प्रक्रिया पर अंतिम मुहर लग गई है। इससे जल्द ही विदेश से शिक्षक विवि में पढ़ाने आएंगे। शिक्षकों को विवि की ओर आकर्षित करने के लिए उन्हें आकर्षक मानदेय के साथ आवासीय सुविधा भी देने की तैयारी है।
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असिस्टेंट प्रोफेसर को 1500 और एसोसिएट प्रोफेसर को 2500 डॉलर प्रति माह मानदेय दिया जाएगा। वहीं, विवि तक आने के लिए नजदीकी एयरपोर्ट की इकॉनोमी क्लास का हवाई टिकट भी दिया जाएगा। तीन माह तक विवि कैंपस में रहने और खाने की व्यवस्था भी निशुल्क होगी। अंतरराष्ट्रीय फैकल्टी के आने से छात्र-छात्राओं को अत्याधुनिक शिक्षा का लाभ मिलने के साथ दुनिया में चल रहे शिक्षा में परिवर्तन की जानकारी भी मिलेगी।
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