मोदी 3.0: 20 साल बाद कानपुर-बुंदेलखंड 'खाली हाथ', पिछली बार इन दो मंत्रियों को मिली थी कैबिनेट में जगह
मोदी सरकार 3.0 में कानपुर-बुंदेलखंड क्षेत्र से केंद्र में कोई भी मंत्री नहीं बना। पिछले दो कार्यकाल में निरंजन ज्योति और भानू प्रताप वर्मा को जगह मिली थी। इससे पहले कांग्रेस शासनकाल में महानगर से श्रीप्रकाश जायसवाल केंद्र में मंत्री बने थे।
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20 साल में यह पहली बार है, जब केंद्र की सत्ता में कानपुर-बुंदेलखंड क्षेत्र को प्रतिनिधित्व नहीं मिला है। मोदी सरकार 3.0 में पिछले दो बार से फतेहपुर और जालौन से मिल रहा केंद्र में प्रतिनिधित्व भी समाप्त हो गया। फतेहपुर से साध्वी निरंजन ज्याेति और जालौन से पूर्व में केंद्रीय मंत्री रहे भानू प्रताप वर्मा के इस बार लोकसभा चुनाव हार जाने की वजह से उनकी कुर्सी चली गई।
इससे पहले वर्ष 2004 और 2009 में कांग्रेस की सरकार में महानगर से सांसद रहे श्रीप्रकाश जायसवाल केंद्र सरकार में दो बार मंत्री बने। कानपुर-बुंदेलखंड क्षेत्र को इस बार मोदी सरकार में प्रतिनिधित्व नहीं मिलने की बड़ी वजह यह बताई जा रही है कि क्षेत्र की दस सीटों में से इस बार सिर्फ चार सीटों पर ही भाजपा को जीत हासिल हुई है। बाकी सीटें हार गई हैं। इससे पहले 2014 और 2019 के लोकसभा चुनाव में क्षेत्र की सभी सीटों पर भाजपा को जीत हासिल हुई थी। चुनाव परिणाम आने के बाद ऐसा माना जा रहा था कि मोदी 3.0 जीरों में क्षेत्र से उन सांसदों को मौका मिल सकता है, जो युवा है, या फिर जो लगतार तीन बार से चुनाव जीतते आ रहे हैं।
- श्रीप्रकाश जायसवाल दो बार-गृह राज्य मंत्री, कोयला मंत्री
- साध्वी निरंजन ज्योति दो बार-उपभोक्ता मामले
- भानू प्रताप वर्मा-एक बार लघु सूक्ष्म मध्यम उद्यम मंत्री
प्रदेश सरकार में कानपुर क्षेत्र से वर्तमान में मंत्री
- सतीश महाना विधानसभा अध्यक्ष कानपुर
- राकेश सचान कैबिनेट मंत्री कानपुर
- असीम अरुण राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार कन्नौज
- अजीत पाल राज्यमंत्री कानपुर देहात
- प्रतिभा शुक्ला राज्यमंत्री कानपुर देहात