फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   Missing home, Mom's rotis, and Dad's affection.

Kanpur News: याद आ रहा घर, मम्मी की रोटी, पापा का दुलार

Sun, 19 Jul 2026 01:45 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sun, 19 Jul 2026 01:45 AM IST
विज्ञापन
Missing home, Mom's rotis, and Dad's affection.
केस एक : हरदोई के छात्र ने बीटेक में प्रवेश लिया है। उसको भोजन अच्छा नहीं लगने और संस्थान में अकेलापन महसूस होने जैसी दिक्कत है।
विज्ञापन

केस दो : बीटेक में दाखिला लेने वाले फर्रुखाबाद के छात्र को घबराहट हो रही है। उसे शाम को अजीब लगता है। पढ़ाई समझ नहीं आ रही है।

माई सिटी रिपोर्टर
कानपुर। बेहतर भविष्य के लिए घर, परिवार, दोस्तों और शहर को छोड़कर आए छात्र-छात्राओं को अकेलापन, अजीब सा डर सता रहा है। उनका मन किसी काम में नहीं लग रहा है। पढ़ाई और कोर्स समझ से परे हैं। यह दिक्कतें छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय में दाखिला लेने वाले नव प्रवेशित छात्रों को आ रही है। उन्होंने विश्वविद्यालय के विकसित किए गए नेवर अलोन एप में अपनी बात कहनी शुरू कर दी है। हरदोई और फर्रुखाबाद के छात्रों के केस उदाहरण हैं। अब तक 48 छात्र एप का इस्तेमाल कर चुके हैं। उनके मैसेज पर विश्वविद्यालय की काउंसलिंग सेल सक्रिय हो गई है। छात्र-छात्राओं से बातचीत करने के साथ उनका संपर्क उनके माता पिता और दोस्तों से कराया जा रहा है। कुछ छात्र मम्मी पापा की याद आने की बात कर रहे हैं। कुछ को संस्थान का खाना पसंद नहीं आ रहा है।
नए सत्र की शुरुआत के साथ ही क्लीनिकल साइकोलॉजी विभाग ने नेवर अलोन एप का क्यूआर कोड विभाग में लगा दिया है। नव प्रवेशित छात्र इसे स्कैन करके मदद ले रहे हैं। स्कैन करते ही यह व्हॉट्स से जुड़ जाता है। यह छात्र से सवाल पूछना शुरू कर देता है। सीएसजेएमयू वेल बीइंग सेल के प्रभारी असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. सृजन श्रीवास्तव का कहना है कि एप का शुभारंभ दीक्षांत समारोह से हो गया था। अब तक 48 बच्चों ने एप का इस्तेमाल किया है। नई जगह आकर उन्हें अकेलापन महसूस हो रहा है। अभी सामंजस्य नहीं बिठा पा रहे हैं। पढ़ाई को लेकर भी घबराहट है।
विज्ञापन

---------------------
एप बेहतर से कार्य कर रहा है। छात्राें की काउसलिंग कराई जा रही है। जिन छात्रों को ज्यादा दिक्कत है, उन्हें कुछ समय के लिए परिवार के साथ रहने के लिए कहा जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

- प्रो. विनय कुमार पाठक, कुलपति, सीएसजेएमयू
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed