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वॉटर लाइन लीकेज से उखड़ी सड़कों पर ‘लीपापोती’
अमर उजाला ब्यूरो/कानपुर
Updated Thu, 02 Jun 2016 12:47 AM IST
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लीकेज के कारण तिलक नगर ठंडी पुलिया के पास धंस गई सड़क।
- फोटो : amarujala
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कानपुर (ब्यूरो)। जल निगम की घटिया पाइप लाइनों की वजह से टूटी सड़कों को बनवाने के नाम पर ‘लीपापोती’ की जा रही है। कहीं मिट्टी भरवाकर ही छोड़ दिया गया तो कहीं पैचवर्क नहीं कराया गया। विष्णुपुरी चौराहे पर छह महीने से लीकेज ही ठीक न होने से सड़क गड्ढों में तब्दील हो गई है। तिलक नगर ठंडी पुलिया चौराहे पर दोबारा लगभग आठ मीटर गहरा गड्ढा हो गया। लाखों लोग इन ऊबड़-खाबड़ सड़कों पर चलने को मजबूर हैं। आए दिन दोपहिया वाहन सवार गिरकर चुटहिल हो रहे हैं। ‘अमर उजाला’ ने ऐसी सड़कों की पड़ताल की तो हकीकत सामने आई।
खींचतान में नहीं बनीं 18 सड़कें
कानपुर (ब्यूरो)। जल निगम की लापरवाही और शासन से खींचतान के चलते शहर की 18 सड़कें डेढ़ साल से नहीं बनीं हैं। जल निगम ने इन सड़कों को बनवाने के लिए शासन को रिमाइंडर भेजकर 61.31 करोड़ रुपये मांगे हैं। जल निगम ने जेएनएनयूआरएम की जलापूर्ति परियोजना के तहत 2008 से सिटी से साउथ तक सड़कें खोदकर पाइप लाइनें बिछा रहा है। शुरुआत में काटी गई सड़कें बनवाने के लिए जल निगम ने नगर निगम, पीडब्लूडी को रोड कटिंग के नाम पर भुगतान किया था, जिनसे वे सड़कें बन गई थीं, पर डेढ़ से दो साल पहले खोदी गईं बैराज से कोहना थाना रोड होते हुए कंपनी बाग चौराहा, मैकरावर्टगंज, विष्णुपुरी बैराज रोड सहित 18 सड़कें खोदीं, पर नगर निगम या पीडब्लूडी में से जिस विभाग को जो सड़क है, उसे रोड कटिंग शुल्क नहीं जमा किया। उस समय के अफसरों ने पहले तो कहा कि इन सड़कों को जल निगम खुद बनवाएगा, लेकिन बाद में धनाभाव बताकर हाथ खड़े कर दिए। इन सड़कों की निर्माण लागत 61.31 करोड़ रुपये है। ‘अमर उजाला’ में यह मामला उठने के बाद पिछले साल 15 अप्रैल को नगर आयुक्त ने इन सड़कों को बनवाने के लिए धन मांगा। नौ महीने पहले कमिश्नर मोहम्मद इप्तिखारुद्दीन ने भी इन सड़कों को बनवाने के लिए शासन से धन मांगा, पर धन नहीं मिला।
खोदी गई सड़कें जल्द बनाए जल निगम ः डीएम
जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने कहा है कि किसी भी दशा में बिना परमीशन लिए कोई भी विभाग रोड कटिंग नहीं करेगा। जल निगम खोदी गई सड़कों को जल्द से जल्द चलने लायक बनाए। कैंप कार्यालय में हुई बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि इमरजेंसी पर भी बिना अफसरों को सूचना दिए रोड कटिंग न की जाए। रोड कटिंग कर काम होने के बाद जल्द से जल्द सड़क चलने लायक बनाई जाए। आईआईटी से कल्याणपुर में बने डिवाइडरों के बीच में मिट्टी की जगह कूड़ा भरने के कारण वृक्षारोपण न होने की शिकायत पर डीएम ने कूड़ा हटवाकर मिट्टी भरवाने को कहा। जल निगम केअफसरों से कहा कि रोड कटिंग कर कई जगह से मलवा तक न हटवाना आपत्तिजनक है। मलवा हटवाकर चलने लायक सड़क बनवा दें। कल्याणपुर से कन्नौज जाने वाली सड़क ठीक कराई जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि कल्याणपुर में रोड़ के बीच में लगने वाली सब्जी मंडी हटवाई जाए। सब्जी की दुकानें लगवाने वालों की वीडियोग्राफी कराकर मुकदमा दर्ज कराया जाए। जल निगम से कहा कि कल्याणपुर में पनकी रोड़ पर सीसी रोड़ बनेगी। अगर जल निगम को वहां कुछ काम करना है तो पहले ही कर लें। बैठक में एडीएम सिटी अविनाश सिंह और एसपी ट्रैफिक सर्वानंद यादव मौजूद रहे।
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खींचतान में नहीं बनीं 18 सड़कें
कानपुर (ब्यूरो)। जल निगम की लापरवाही और शासन से खींचतान के चलते शहर की 18 सड़कें डेढ़ साल से नहीं बनीं हैं। जल निगम ने इन सड़कों को बनवाने के लिए शासन को रिमाइंडर भेजकर 61.31 करोड़ रुपये मांगे हैं। जल निगम ने जेएनएनयूआरएम की जलापूर्ति परियोजना के तहत 2008 से सिटी से साउथ तक सड़कें खोदकर पाइप लाइनें बिछा रहा है। शुरुआत में काटी गई सड़कें बनवाने के लिए जल निगम ने नगर निगम, पीडब्लूडी को रोड कटिंग के नाम पर भुगतान किया था, जिनसे वे सड़कें बन गई थीं, पर डेढ़ से दो साल पहले खोदी गईं बैराज से कोहना थाना रोड होते हुए कंपनी बाग चौराहा, मैकरावर्टगंज, विष्णुपुरी बैराज रोड सहित 18 सड़कें खोदीं, पर नगर निगम या पीडब्लूडी में से जिस विभाग को जो सड़क है, उसे रोड कटिंग शुल्क नहीं जमा किया। उस समय के अफसरों ने पहले तो कहा कि इन सड़कों को जल निगम खुद बनवाएगा, लेकिन बाद में धनाभाव बताकर हाथ खड़े कर दिए। इन सड़कों की निर्माण लागत 61.31 करोड़ रुपये है। ‘अमर उजाला’ में यह मामला उठने के बाद पिछले साल 15 अप्रैल को नगर आयुक्त ने इन सड़कों को बनवाने के लिए धन मांगा। नौ महीने पहले कमिश्नर मोहम्मद इप्तिखारुद्दीन ने भी इन सड़कों को बनवाने के लिए शासन से धन मांगा, पर धन नहीं मिला।
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खोदी गई सड़कें जल्द बनाए जल निगम ः डीएम
जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने कहा है कि किसी भी दशा में बिना परमीशन लिए कोई भी विभाग रोड कटिंग नहीं करेगा। जल निगम खोदी गई सड़कों को जल्द से जल्द चलने लायक बनाए। कैंप कार्यालय में हुई बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि इमरजेंसी पर भी बिना अफसरों को सूचना दिए रोड कटिंग न की जाए। रोड कटिंग कर काम होने के बाद जल्द से जल्द सड़क चलने लायक बनाई जाए। आईआईटी से कल्याणपुर में बने डिवाइडरों के बीच में मिट्टी की जगह कूड़ा भरने के कारण वृक्षारोपण न होने की शिकायत पर डीएम ने कूड़ा हटवाकर मिट्टी भरवाने को कहा। जल निगम केअफसरों से कहा कि रोड कटिंग कर कई जगह से मलवा तक न हटवाना आपत्तिजनक है। मलवा हटवाकर चलने लायक सड़क बनवा दें। कल्याणपुर से कन्नौज जाने वाली सड़क ठीक कराई जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि कल्याणपुर में रोड़ के बीच में लगने वाली सब्जी मंडी हटवाई जाए। सब्जी की दुकानें लगवाने वालों की वीडियोग्राफी कराकर मुकदमा दर्ज कराया जाए। जल निगम से कहा कि कल्याणपुर में पनकी रोड़ पर सीसी रोड़ बनेगी। अगर जल निगम को वहां कुछ काम करना है तो पहले ही कर लें। बैठक में एडीएम सिटी अविनाश सिंह और एसपी ट्रैफिक सर्वानंद यादव मौजूद रहे।
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