{"_id":"6759a0f708e555c66d0f1394","slug":"kharmas-from-december-15-lord-surya-will-enter-sagittarius-2024-12-11","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"UP: खरमास 15 से, एक माह नहीं गूंजेंगी शहनाई, धनु राशि में प्रवेश करेंगे भगवान सूर्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP: खरमास 15 से, एक माह नहीं गूंजेंगी शहनाई, धनु राशि में प्रवेश करेंगे भगवान सूर्य
Wed, 11 Dec 2024 08:00 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Wed, 11 Dec 2024 08:00 PM IST
सार
Kharmas: 15 दिसंबर 2024 से खरमास की शुरुआत होने वाली है, इस दिन रात 10 बजकर 19 मिनट पर सूर्य देव धनु राशि में प्रवेश करेंगे, जिसका समापन साल 2025 में मकर संक्रांति के दिन होगा।
विज्ञापन
खरमास 2024
- फोटो : Adobe Stock
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
शहनाइयों की गूंज अब थमने वाली है। भगवान सूर्य 15 दिसंबर से धनु राशि में प्रवेश कर जाएंगे और खरमास प्रारंभ हो जाएगा। इसके साथ ही एक माह के लिए सभी मांगलिक व शुभ कार्य रुक जाएंगे। चिंतक इंस्टीट्यूट ऑफ वैदिक साइंसेज के संस्थापक अध्यक्ष डॉ. रमेश चिंतक ने बताया कि भचक्र में 12 राशियां होती हैं और एक वर्ष में भगवान सूर्य का सभी बारह राशियों में प्रवेश होता है। एक राशि में एक माह तक उनका निवास व प्रभाव रहता है। जब सूर्य भगवान धनु राशि में जाते हैं तब अन्य राशियों की अपेक्षा उनकी गति व कांति कुछ मंद हो जाती है, क्योंकि इस मास में उनके तेज में कमी होती है, इसलिए सभी मांगलिक कार्य निषेध हो जाते हैं।
ये कार्य रुक जाते
- विवाह या विवाह संबंधित बातचीत
- गृहप्रवेश व भूमि पूजन
- यज्ञोपवीत
- मुंडन व तिलक
- अन्य शुभ व मांगलिक कार्य
विज्ञापन
ये कार्य रुक जाते
- विवाह या विवाह संबंधित बातचीत
- गृहप्रवेश व भूमि पूजन
- यज्ञोपवीत
- मुंडन व तिलक
- अन्य शुभ व मांगलिक कार्य
इस अवधि में करें दान-पुण्य
ज्योतिषाचार्य पं. मनोज कुमार द्विवेदी ने बताया कि इस बार 15 दिसंबर की रात 10:19 बजे भगवान सूर्य के धनु राशि में प्रवेश के साथ ही खरमास लग जाएगा। 14 जनवरी 2025 को मकर संक्रांति के दिन भगवान सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने के साथ ही खरमास की अवधि समाप्त हो जाएगी। खरमास के समय भगवान विष्णु व भगवान शंकर की पूजा करना अत्यंत शुभ माना जाता है। पौराणिक मान्यता है कि दान-पुण्य करने से हमारे अच्छे कर्म बढ़ते हैं और इसका फल हमें मृत्यु के बाद भी मिलता है। खासतौर पर खरमास में जब शुभ काम करने की मनाही होती है तब दान-पुण्य जरूर करना चाहिए। इससे जीवन में सुख-समृद्धि आती है।
ज्योतिषाचार्य पं. मनोज कुमार द्विवेदी ने बताया कि इस बार 15 दिसंबर की रात 10:19 बजे भगवान सूर्य के धनु राशि में प्रवेश के साथ ही खरमास लग जाएगा। 14 जनवरी 2025 को मकर संक्रांति के दिन भगवान सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने के साथ ही खरमास की अवधि समाप्त हो जाएगी। खरमास के समय भगवान विष्णु व भगवान शंकर की पूजा करना अत्यंत शुभ माना जाता है। पौराणिक मान्यता है कि दान-पुण्य करने से हमारे अच्छे कर्म बढ़ते हैं और इसका फल हमें मृत्यु के बाद भी मिलता है। खासतौर पर खरमास में जब शुभ काम करने की मनाही होती है तब दान-पुण्य जरूर करना चाहिए। इससे जीवन में सुख-समृद्धि आती है।