Kanpur Violence: बेगुनाह जेल न जाएं इसलिए एसआईटी गठित, विवादित पोस्ट करने पर युवक गिरफ्तार
कानपुर हिंसा मामले में सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट करने वालों पर पुलिस सख्त कार्रवाई कर रही है। साथ ही, बेगुनाहों पर कार्रवाई न हो इसलिए ज्वाइंट सीपी की अध्यक्षता में एसआईटी गठित की गई है।
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कानपुर हिंसा मामले में फेसबुक पर विवादित पोस्ट करने के लिए गुरुवार को एक न्यूज पोर्टल के कथित पत्रकार को गिरफ्तार कर लिया गया। उसके खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। उधर ज्वाइंट पुलिस कमिश्नर की अध्यक्षता में एक और एसआईटी का गठन किया गया है। यह एसआईटी समीक्षा करेगी कि जो आरोपी जेल भेजे गए हैं वह बेगुनाह तो नहीं हैं। अगर कोई ऐसा शख्स पाया जाता है तो उसकी रिहाई की कार्रवाई की जाएगी।
बवाल होने के बाद एक एसआईटी सोशल मीडिया की निगरानी कर रही है। इस बीच फेसबुक पर काकादेव निवासी गौरव राजपूति ने आपत्तिजनक पोस्ट कर माहौल बिगाड़ने का प्रयास किया। डीसीपी पश्चिम बीबीजीटीएस मूर्ति ने बताया कि जैसे ही मामला संज्ञान में आया, तत्काल एफआईआर दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। पोस्ट भी डिलीट करवा दी गई है। आरोपी पर कई केस दर्ज हैं। खुद को पत्रकार बताकर लोगों पर रौब गांठता था।
एसआईटी का गठन, ताकि बेगुनाहों पर न हो कार्रवाई
पुलिस ने अब तक 54 आरोपियों को जेल भेजा है। इस दौरान एक पक्ष लगातार आरोप लगाता रहा है कि इसमें बीस से अधिक लोग निर्दोष थे, इसके बावजूद उनको जेल भेजा गया है। इस संबंध में बीस से अधिक प्रार्थना पत्र पुलिस अफसरों के पास पहुंचे हैं, जिसको संज्ञान में लेते हुए पुलिस कमिश्नर ने ज्वाइंट सीपी आनंद प्रकाश तिवारी की अध्यक्षता में एक एसआईटी गठित की है।
एसआईटी में डीसीपी पूर्वी प्रमोद कुमार, डीसीपी पश्चिम बीबीजीटीएस मूर्ति और एसीपी अनवरगंज सदस्य हैं। सीपी ने बताया जो भी प्रार्थना पत्र आएं, उनकी समीक्षा की जाएगी। वहीं, जिनके खिलाफ साक्ष्य होंगे वह आरोपी जेल में ही रहेंगे। अगर कोई निर्दोष जेल चला गया होगा, तो उस कार्रवाई को वापस लिया जाएगा।
शहर काजी के खिलाफ दी तहरीर
भाजपा नेता पवन गुप्ता ने कोतवाली में गुरुवार को शहरकाजी हाफिज अब्दुल कुद्दूस हादी के खिलाफ तहरीर दी। उसमें आरोप लगाया कि शहरकाजी ने सिर पर कफन बांधकर निकलने वाला बयान दिया था, जिससे उन्माद फैल सकता है। इसलिए इसमें कार्रवाई की जाए। पुलिस ने तहरीर ले ली है। कोतवाली पुलिस ने उच्चाधिकारियों को इसकी जानकारी भी दे दी है।