{"_id":"6aa6e09d0d853a076c045fb6","slug":"kanpur-traffic-diversion-implemented-at-old-jajmau-ganga-bridge-barriers-installed-at-three-locations-2026-09-13","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"कानपुर: जाजमऊ पुराने गंगापुल पर डायवर्जन लागू, तीन जगह लगाए गए बैरियर, तीन माह बंद रहेगा पुल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कानपुर: जाजमऊ पुराने गंगापुल पर डायवर्जन लागू, तीन जगह लगाए गए बैरियर, तीन माह बंद रहेगा पुल
Sun, 13 Sep 2026 11:39 PM IST
Shikha Pandey
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: Shikha Pandey
Updated Sun, 13 Sep 2026 11:39 PM IST
सार
गदनखेड़ा से डायवर्जन के बावजूद बदरका से मरहला चौराहे की ओर से भारी वाहन निकले। बेयरिंग बदलने के कार्य के लिए तीन माह पुल बंद रहेगा।
विज्ञापन
लगाए गए बैरियर
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
जाजमऊ पुराने गंगापुल (लखनऊ-कानपुर मार्ग) की बेयरिंग बदलने के लिए रविवार से डायवर्जन का ट्रायल शुरू हो गया। पहले दिन भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) अधिकारियों ने उन्नाव पुलिस के साथ मिलकर तीन स्थानों पर बैरियर लगाए। हालांकि दोपहर 12 बजे के बजाय ढाई बजे बोल्डर रखे गए। वहीं, 60 किमी की दूरी से बचने के लिए गदनखेड़ा उन्नाव बाईपास से कानपुर की ओर आने वाले भारी वाहन बदरका चौराहा आजाद मार्ग होकर मरहला चौराहे की ओर से निकलने लगे। इससे शुक्लागंज छोर पर वाहनों का लोड बढ़ गया।
विज्ञापन
एनएचएआई के परियोजना निदेशक पंकज यादव ने बताया कि रविवार को एनएचएआई की ओर से बदरका चौराहा, त्रिभुवनखेड़ा और जाजमऊ पुलिस चौकी के पास भारी वाहनों को रोकने के लिए पत्थर के बोल्डर रखवाए गए। बदरका चौराहे पर डायवर्जन से संबंधित एक नोटिस बोर्ड भी लगाया गया है। बदरका चौराहे पर एक टीएसआई, दो हवलदार और दो सिपाहियों की तैनाती की गई है। टीएसआई नसीरउद्दीन ने बताया कि यहां वाहनों का लोड अधिक है जबकि फोर्स कम है।
विज्ञापन
अब सोमवार से दो दिन तक डायवर्जन लागू कर देखा जाएगा कि कहीं कोई दिक्कत या जाम की स्थिति तो नहीं बन रही है। इसके आधार पर अगर जरूरत हुई तो डायवर्जन प्लान में कुछ बदलाव किया जाएगा और फिर 16 सितंबर से इसे पूरी तरह लागू कर पुल की बेयरिंग बदलने का कार्य शुरू कराया जाएगा। इस दौरान विभाग के अधिकारी और कर्मचारी लगातार निरीक्षण करते रहेंगे। बता दें कि पुल पर डायवर्जन के दौरान वाहन सवारों को आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे, गंगा एक्सप्रेसवे, एनएच-30, एनएच-31, एनएच-34, एनएच-335 व अन्य वैकल्पिक मार्गों का उपयोग कराया जाएगा।
विज्ञापन
पुल की 24 बेयरिंग बदलनी हैं
एनएचएआई करीब सात सौ मीटर लंबे इस पुल की 24 बेयरिंग बदलवाएगा। इसके लिए महाराष्ट्र की कंपनी रीहैवलीटेशन इंजीनियरिंग को 05.60 करोड़ में इस साल 11 अप्रैल को ठेका दिया गया था। तीन माह में यह कार्य पूरा किया जाना है। इसके लिए रूट डायवर्जन प्लान बनाकर लागू किया गया है।
एनएचएआई करीब सात सौ मीटर लंबे इस पुल की 24 बेयरिंग बदलवाएगा। इसके लिए महाराष्ट्र की कंपनी रीहैवलीटेशन इंजीनियरिंग को 05.60 करोड़ में इस साल 11 अप्रैल को ठेका दिया गया था। तीन माह में यह कार्य पूरा किया जाना है। इसके लिए रूट डायवर्जन प्लान बनाकर लागू किया गया है।
जाजमऊ गंगा पुल पर मरम्मत कार्य के लिए डंप की गई सामग्री
जाजमऊ पुराने गंगा पुल पर मरम्मत कार्य शुरू कराने के लिए एनएचएआई ने निर्माण सामग्री जाजमऊ गंगा पुल और उसके आसपास के क्षेत्र में डंप कर ली है। एनएचएआई के साइट इंजीनियर विनय कुमार यादव ने बताया कि पुल निचले के हिस्से में पहले से ही पाड़ बांधने का कार्य कराया जा चुका है। सोमवार सुबह से पुल का मरम्मत कार्य शुरू करा दिया जाएगा।
जाजमऊ पुराने गंगा पुल पर मरम्मत कार्य शुरू कराने के लिए एनएचएआई ने निर्माण सामग्री जाजमऊ गंगा पुल और उसके आसपास के क्षेत्र में डंप कर ली है। एनएचएआई के साइट इंजीनियर विनय कुमार यादव ने बताया कि पुल निचले के हिस्से में पहले से ही पाड़ बांधने का कार्य कराया जा चुका है। सोमवार सुबह से पुल का मरम्मत कार्य शुरू करा दिया जाएगा।