Kanpur Halat Case: प्राचार्य डॉ. संजय काला को कर्मचारी ने दी थी धमकी, अब तक दर्ज नहीं हुई है FIR, पढ़ें मामला
Kanpur News: डॉ. काला ने बताया कि कुछ माह पहले निजी एम्बुलेंस वालों और हॉस्पिटल से निजी नर्सिंग होम में मरीजों को भेजने के मामले में कार्रवाई की थी। इस पर एक कर्मचारी ने फोन पर धमकी दी थी। मामले में तहरीर दिए तीन महीने हो गए है, लेकिन फिर भी एफआईआर दर्ज नहीं हुई है।
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कानपुर में जीएडवीएम कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय काला ने खुद को एक कर्मचारी से खतरा बताया है। इसको लेकर पुलिस से शिकायत भी की, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। प्राचार्य डॉ. संजय काला का कहना है कि स्वरूपनगर थाने की पुलिस सहयोग नहीं कर रही है।
शासन से आदेश आया है कि अस्पताल परिसर में निजी एंबुलेंस न आने दी जाए, लेकिन पुलिस निजी एंबुलेंस को नहीं हटा रही है, उलटे उन्हें शह दे रही है। उन्होंने बताया कि लोगों से जानकारी मिली है कि एक निजी एंबुलेंस वाला एक हजार रुपये महीना पुलिस को देता है।
इसके साथ ही ऑटो-रिक्शा वाले शॉर्ट कट के चक्कर में हैलट से होकर निकलते हैं। शनिवार को उन्होंने ऐसे आठ ऑटो रिक्शावालों को पकड़ा है। प्राचार्य डॉ. काला का कहना है कि पुलिस मेडिकल कॉलेज और हैलट प्रबंधन की ओर से दी गई तहरीर पर भी कार्रवाई नहीं करती। इसकी शिकायत डिप्टी सीएम से की जाएगी।
निजी एम्बुलेंस वालों पर की थी कार्रवाई
डॉ. काला ने बताया कि कुछ माह पहले निजी एम्बुलेंस वालों और हॉस्पिटल से निजी नर्सिंग होम में मरीजों को भेजने के मामले में कार्रवाई की थी। इस पर एक कर्मचारी ने फोन पर धमकी दी थी। मामले में तहरीर दिए तीन महीने हो गए है, लेकिन फिर भी एफआईआर दर्ज नहीं हुई है।
डिप्टी सीएम से करेंगे शिकायत
मामले में जिस नंबर से फोन आया था, उसे हैलट चौकी इंजार्च को दिया गया था। वो नंबर किसी और का है, जिसका कर्मचारी गलत इस्तेमाल कर रहा था। मामले में अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। इसको लेकर स्वरूपनगर थाने के असहयोग की शिकायत डिप्टी सीएम से करेंगे।