फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   Kanpur Dehat: Yamuna's water level rises by five meters, river crosses danger mark

Kanpur Dehat: यमुना का जलस्तर पांच मीटर बढ़ा, नदी खतरे के निशान के पार, 21 गांवों में आवागमन की परेशानी

Thu, 25 Aug 2022 01:30 AM IST
कानपुर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर देहात
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर देहात Published by: कानपुर ब्यूरो Updated Thu, 25 Aug 2022 01:30 AM IST
सार

केंद्रीय जल आयोग कालपी कार्यालय के कर्मचारी सौरभ यादव ने बताया कि बुधवार की शाम यमुना नदी का जलस्तर 109 मीटर के करीब पहुंच रहा है। जो खतरे के निशान से एक मीटर ऊपर है।

विज्ञापन
Kanpur Dehat: Yamuna's water level rises by five meters, river crosses danger mark
क्योटरा गांव के रास्ते पर पानी से होकर निकलते लोग - फोटो : PUKHRAYAN

विस्तार

कानपुर देहात में यमुना का जलस्तर 24 घंटे में पांच मीटर बढ़ने से नदी खतरे के निशान को पार कर गई है। लाल निशान से एक मीटर ऊपर पानी चलने से पथार गांव की पुलिया, पड़ाव की पुलिया, चपरघटा पुराना पुल, मुसरिया पुलिया, क्योटरा पुलिया पर पानी का बहाव तेज गया है।

विज्ञापन


इससे 15 गांवों के लोगों आवागमन की समस्या से जूझना पड़ रहा है। उधर, राजपुर में यमुना की तलहटी में बसे छह गांव के रास्ते जलमग्न हो गए हैं। अभी केवल आढ़न व पथार और देवराहट गांव के लोग नाव से आवागमन कर रहे हैं। अन्य रास्तों पर लोग जान जोखिम में डाल पानी के बीच से गुजर रहे हैं।
विज्ञापन


यमुना का जलस्तर मंगलवार की शाम से तेजी से बढ़ने लगा। इससे नदी बुधवार को खतरे के निशान से एक मीटर ऊपर पहुंच गई। कालपी स्थित रेलवे पुल और कानपुर-झांसी हाईवे के पुल के पास निरंतर पानी बढ़ रहा है। इससे पुल के दोनों तरफ कटान हो रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन

वहीं, डिलौलिया बांगर गांव जाने वाले रास्ते पर भी पानी पहुंच गया है। बाढ़ का पानी नाले से होकर खेतों में भर रहा है। देवराहट गांव की पुरानी बस्ती में स्थित परिषदीय विद्यालय के पास तक पानी पहुंच गया है। पथार की पुलिया पर पांच मीटर से अधिक पानी बढ़ने के बाद अब गांव किनारे स्थित घरों के पास जलभराव हो गया है। इससे आढ़न गांव के लोग भी प्रभावित है। लगातार बढ़ता जलस्तर ग्रामीणों की चिंता का कारण बना हुआ है। बाढ़ को देखते हुए लोगों ने अपना सामान भी समेटना शुरू कर दिया है।

चपरघटा गांव में लोग मवेशियों के चारे का इंतजाम करने में जुट गए हैं। चपरघटा मुगलरोड के पुराने पुल के ऊपर पानी पहुंच गया है। उधर, पड़ाव की पुलिया पर पानी पहुंचने से कुंभापुर, चतुरीपुरवा, रसूलपुर, भुडा, भरतौली गांवों के लोगों को आवागमन में परेशानी होने लगी।

मुसरिया की पुलिया पर पानी आने से नगीना, कट्टा पुरवा, बम्हरौली घाट, अहरौली घाट, मौदन, सिमरिया गांवों के लोगों को दिक्कतें हो रही हैं। लोग पैदल ही पानी के बीच से आवागमन करने को मजबूर हैं। क्योटरा गांव की पुलिया पर भी बाढ़ का पानी पहुंच गया है।

एसडीएम अजय कुमार राय ने बताया कि बढ़ते जलस्तर पर नजर रखी जा रही है। केंद्रीय जल आयोग कालपी कार्यालय के कर्मचारी सौरभ यादव ने बताया कि बुधवार की शाम यमुना नदी का जलस्तर 109 मीटर के करीब पहुंच रहा है। जो खतरे के निशान से एक मीटर ऊपर है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed