Kanpur: बारिश में उतरा न जाएं कागजों में साफ नालों के दावे, डेडलाइन पूरी होने में 48 घंटे शेष…सामने आई ये बात
Kanpur News: नगर आयुक्त ने कहा कि जिन नालों की सफाई न होने की सूचना है, वहां कल (19 जून) को टीम भेजकर जांच कराऊंगा। कार्रवाई भी की जाएगी। युद्ध स्तर पर नाले साफ कराए जाएंगे।
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मानसून, कानपुर में गुरुवार को दस्तक दे सकता है। नगर निगम की लापरवाही से इस बार भी बरसात में जलभराव हो सकता है क्योंकि नाला सफाई की दूसरी डेडलाइन पूरी होने में 48 घंटे शेष रह गए हैं। उस्मानपुर सहित कई नाले ऐसे हैं, जिन्हें एक बार भी साफ नहीं किया गया। अभियंत्रण और स्वास्थ्य विभाग के अफसर मौके पर काम कराने के बजाय कागजों में ही सफाई पूरी करने में जुटे हैं। अमर उजाला ने बुधवार को पड़ताल की तो नाला सफाई की हकीकत सामने आई…
उस्मानपुर में नाले में ऊपर तक नजर आ रही काई, गंदगी
उस्मानपुर वार्ड के अंतर्गत साकेतनगर सब्जीमंडी से वेंडी स्कूल रोड में नाला कई जगह ऊपर तक भरा नजर आया। वहां से विष्णु बैंड रोड पर नाले से सिल्ट निकालना तो दूर लबालब भरे इस नाले में पानी पर जमी काई तक नहीं हटाई गई थी। उस्मानपुर निवासी चंदन कुशवाहा ने बताया कि साकेतनगर से विष्णु बैंड, मौरंग मंडी चौराहे से बीजेपी क्षेत्रीय कार्यालय होते हुए शिवाजी स्कूल तक, विष्णु बैंड से कामर्शियल पार्क होते हुए मौरंग मंडी चौराहे तक नाला सफाई के नाम पर खानापूरी की गई है। इस वजह से बारिश होते ही क्षेत्र में जलभराव होने की आशंका है।
सहदुल्लापुर नाला साफ कराना भूल गया नगर निगम
नगर निगम श्यामनगर चकेरी मोड़ से सहदुल्लापुर होते हुए तालाब में गिरने वाले बरसाती नाले को साफ कराना ही भूल गया। यह नाला ऊपर तक गंदगी से पटा है। चकेरी निवासी अनवर हसन ने बताया कि पिछले साल भी यह नाला ठीक से साफ न होने के कारण मोहल्ले में जलभराव हुआ था। घरों तक में पानी घुस गया था, पर नगर निगम इस बार भी जलभराव से बचाव के इंतजाम नहीं कर रहा।
पनकी पड़ाव नाला की सफाई में खानापूरी
पनकी पड़ाव नाले के ऊपर-ऊपर सिल्ट, कूड़ा, प्लास्टिक वेस्ट उठाकर खानापूरी कर ली गई। इस नाले में कई फीट ऊंचाई तक सिल्ट जमा है। पनकी के गंगागंज कालोनी, गंगागंज गांव, पनकी कटरा, पनकी ई-ब्लाक, एफ ब्लाॅक, कला का पुरवा, पनकी कटरा से निकलने वाले नाले विद्यार्थीनगर स्थित इसी मुख्य नाले से जुड़ते हैं। इसे पनकी पड़ाव नाला भी कहा जाता है। यह नाला पांडु नदी में गिरता है। सुंदरनगर निवासी शनि ने बताया कि नगर निगम ने यह नाला दिखावे के लिए ही साफ किया है। इससे क्षेत्र के कई मोहल्लों में जलभराव की आशंका है। चार साल पहले पांडु नदी ओवरफ्लो होने से इसी नाले में बैकफ्लो होकर पानी आने से सुंदरनगर में मकानों की एक-एक मंजिल तक डूब गई थीं। नाव चली थीं।
बसंत विहार के खुले नाले में गिरा मवेशी
बसंतविहार मुख्य मार्ग नाले का भी कमोवेश यही हाल है। गंदगी, सिल्ट से पटे इस नाले में 17 जून को एक मवेशी भी गिर गया था, जिसे मोहल्ले की लोगों की मदद से निकाला गया था। इस नाले से मोहल्ले का पानी हमीरपुर रोड स्थित नाले से होकर सीओडी नाले में जाता है। बसंत विहार निवासी आशु अग्रवाल ने नगर निगम से इस नाले की जल्द से जल्द सफाई कराने की मांग की है।
जिन नालों की सफाई न होने की सूचना है, वहां कल (19 जून) को टीम भेजकर जांच कराऊंगा। कार्रवाई भी की जाएगी। युद्ध स्तर पर नाले साफ कराए जाएंगे। -सुधीर कुमार, नगर आयुक्त
ज्यादातर नाले साफ हो गए हैं। सफाई हो भी रही है। हालांकि उस्मानपुर वार्ड में कुछ ऐसे नाले हैं, जिनके टेंडर दो-तीन बार में हो पाए थे। उन्हें भी जल्द साफ करा दिया जाएगा। -एसएफए जैदी, मुख्य अभियंता, नगर निगम