{"_id":"61f4dbcfef75d9484f7941b2","slug":"kanpur-10-years-jail-for-security-guard-for-rape","type":"story","status":"publish","title_hn":"कानपुर: दुष्कर्म में सुरक्षा गार्ड को 10 साल कैद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कानपुर: दुष्कर्म में सुरक्षा गार्ड को 10 साल कैद
Sat, 29 Jan 2022 11:47 AM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Sat, 29 Jan 2022 11:47 AM IST
सार
किशोरी से दुष्कर्म करने वाले सुरक्षा गार्ड को विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट पवन कुमार श्रीवास्तव ने 10 साल कैद और 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है
डरा-धमकाकर बेसमेंट में दुष्कर्म करता था
सबूतों और गवाहों के आधार पर कोर्ट ने सीताराम को सजा सुनाई।
विज्ञापन
महाराष्ट्र के नासिक में रेप की वारदात सामने आई है।
- फोटो : social media
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अपार्टमेंट में घरेलू कामकाज करने वाली किशोरी से दुष्कर्म करने वाले सुरक्षा गार्ड को विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट पवन कुमार श्रीवास्तव ने 10 साल कैद और 20 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।रतनलाल नगर कच्ची बस्ती निवासी 14 वर्षीय किशोरी क्षेत्र में स्थित गायत्री अपार्टमेंट में घरेलू कामकाज करने जाती थी।
अपार्टमेंट का बर्रा-2 निवासी गार्ड सीताराम पाल किशोरी को डरा-धमकाकर बेसमेंट में दुष्कर्म करता था। किशोरी के गर्भवती होने पर घरवालों को जानकारी हुई तो पीड़िता की बहन ने सात अप्रैल 2018 को गोविंदनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
एडीजीसी अजय प्रकाश सिंह व विशेष लोक अभियोजक चंद्रकांत शर्मा ने बताया कि अभियोजन की ओर से पीड़िता, उसकी बहन समेत आठ गवाह पेश किए गए। सबूतों और गवाहों के आधार पर कोर्ट ने सीताराम को सजा सुनाई।
विज्ञापन
विज्ञापन
अपार्टमेंट का बर्रा-2 निवासी गार्ड सीताराम पाल किशोरी को डरा-धमकाकर बेसमेंट में दुष्कर्म करता था। किशोरी के गर्भवती होने पर घरवालों को जानकारी हुई तो पीड़िता की बहन ने सात अप्रैल 2018 को गोविंदनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
विज्ञापन
एडीजीसी अजय प्रकाश सिंह व विशेष लोक अभियोजक चंद्रकांत शर्मा ने बताया कि अभियोजन की ओर से पीड़िता, उसकी बहन समेत आठ गवाह पेश किए गए। सबूतों और गवाहों के आधार पर कोर्ट ने सीताराम को सजा सुनाई।
विज्ञापन