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...सदका लेने नूर का आया है तारा नूर का
ब्यूरो, अमर उजाला कानपुर
Updated Sun, 04 Jan 2015 02:50 AM IST
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पैगंबर-ए-इस्लाम की यौमे पैदाइश पर जश्न-ए-चिरागा में शहर की गलियां और चौराहे तक रोशन हैं। सभी गलियों और मोहल्लों से नबी के पैगाम की सदाएं आ रही हैं।
खूबसूरत सजावट और अकीदत के माहौल में यह शेर ‘सुबहो तैबा में हुई बटता है बाड़ा नूर का, सदका लेने नूर का आया है तारा नूर का’ सटीक बैठता है। नूर वाले की आमद के जश्न में ही हर तरफ नूरानी महफिल छाई है।
हर तरफ नूर वाला आया है नूर लेकर आया के कैसेट भी बजते रहे। इस दौरान रातभर जगह-जगह कुरानख्वानी, मिलाद, नातिया मुशायरा और जलसे का आयोजन किया।
शहर में कुतुब मीनार, मिस्र की मस्जिद, रूस की मस्जिद समेत अन्य ऐतिहासिक इमारतों और इबादतगाहों की डिजाइन पर गेट बनाए गए। उनको देखने के लिए भीड़ उमड़ पड़ी।
मखदूमिया कमेटी की तरफ से जाजमऊ ईदगाह के पास कजाखिस्तान की छह मीनारों वाली मस्जिद की डिजाइन का गेट बनाया गया।
इस मौके पर कमेटी की तरफ से आने वाले जायरीनों के लिए चाय, बिस्कुट का वितरण किया गया। इसके अलावा कई स्थानों पर अलाव भी जलाए गए। जाजमऊ पुरानी चुंगी पर भी भव्य गेट बनाया गया।
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इसे देखने के लिए भी दूरदराज से आने वालों का सिलसिला रातभर चलता रहा। हलीम कालेज चौराहे पर अंजुमन आशिकाने रसूल कमेटी लेबनान की मस्जिद के नक्शे का गेट बनाया है।
अंजुमन गुलामाने मुस्तफा नौजवान कमेटी नया पुल बाबूपुरवा में मस्जिद अबु धाबी का नक्शा बनाया है। ताजुश्शरिया ने जुबली रोड पर खूबसूरत गेट और पूरी सड़क को सजाया है।
भव्य गेट बनाया गया। रजबी रोड पर कुतुब मीनार के नक्शे का गेट बना। जूही लाल कालोनी चौराहे पर भी चारों तरफ गेट बना है।
बाकरगंज चौराहा, नया पुल, आजाद पार्क में भी भव्य गेट बनाए गए हैं। कल्याणपुर में जामा मस्जिद, मस्जिद खुर्शीद रहमानी, मस्जिद हुसैनी बैरी नौबस्ता, सराय वाली मस्जिद आदि में सजावट के साथ ही जलसे किए गए।
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खूबसूरत सजावट और अकीदत के माहौल में यह शेर ‘सुबहो तैबा में हुई बटता है बाड़ा नूर का, सदका लेने नूर का आया है तारा नूर का’ सटीक बैठता है। नूर वाले की आमद के जश्न में ही हर तरफ नूरानी महफिल छाई है।
हर तरफ नूर वाला आया है नूर लेकर आया के कैसेट भी बजते रहे। इस दौरान रातभर जगह-जगह कुरानख्वानी, मिलाद, नातिया मुशायरा और जलसे का आयोजन किया।
शहर में कुतुब मीनार, मिस्र की मस्जिद, रूस की मस्जिद समेत अन्य ऐतिहासिक इमारतों और इबादतगाहों की डिजाइन पर गेट बनाए गए। उनको देखने के लिए भीड़ उमड़ पड़ी।
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मखदूमिया कमेटी की तरफ से जाजमऊ ईदगाह के पास कजाखिस्तान की छह मीनारों वाली मस्जिद की डिजाइन का गेट बनाया गया।
इस मौके पर कमेटी की तरफ से आने वाले जायरीनों के लिए चाय, बिस्कुट का वितरण किया गया। इसके अलावा कई स्थानों पर अलाव भी जलाए गए। जाजमऊ पुरानी चुंगी पर भी भव्य गेट बनाया गया।
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इसे देखने के लिए भी दूरदराज से आने वालों का सिलसिला रातभर चलता रहा। हलीम कालेज चौराहे पर अंजुमन आशिकाने रसूल कमेटी लेबनान की मस्जिद के नक्शे का गेट बनाया है।
अंजुमन गुलामाने मुस्तफा नौजवान कमेटी नया पुल बाबूपुरवा में मस्जिद अबु धाबी का नक्शा बनाया है। ताजुश्शरिया ने जुबली रोड पर खूबसूरत गेट और पूरी सड़क को सजाया है।
भव्य गेट बनाया गया। रजबी रोड पर कुतुब मीनार के नक्शे का गेट बना। जूही लाल कालोनी चौराहे पर भी चारों तरफ गेट बना है।
बाकरगंज चौराहा, नया पुल, आजाद पार्क में भी भव्य गेट बनाए गए हैं। कल्याणपुर में जामा मस्जिद, मस्जिद खुर्शीद रहमानी, मस्जिद हुसैनी बैरी नौबस्ता, सराय वाली मस्जिद आदि में सजावट के साथ ही जलसे किए गए।