{"_id":"5c73b87ebdec22533443909a","slug":"iit-smart-city-project-get-isgf-innovation-award","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"आईआईटी कानपुर के स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट को आईएसजीएफ इनोवेशन अवॉर्ड","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आईआईटी कानपुर के स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट को आईएसजीएफ इनोवेशन अवॉर्ड
Mon, 25 Feb 2019 03:20 PM IST
शिखा पांडेय
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Mon, 25 Feb 2019 03:20 PM IST
विज्ञापन
आईआईटी कानपुर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आईआईटी कानपुर के स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट को राष्ट्रीय स्तर पर सराहना मिली है। संस्थान को वर्ष के आईएसजीएफ इनोवेशन अवार्ड 2019 से सम्मानित किया जाएगा। इस प्रोजेक्ट को इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रो. सैकत चक्रवर्ती लीड कर रहे हैं। इस पायलट प्रोजेक्ट के तहत आईआईटी के वैज्ञानिक मिनिस्ट्री ऑफ पॉवर के साथ मिलकर कार्य कर रहे हैं।
इंडिया स्मार्ट ग्रिड फोरम (आईएसजीएफ) ने देश में हो रहे बेहतर से बेहतर इनोवेशन को बढ़ावा देने के लिए अलग-अलग कैटेगरी में अवार्ड के लिए आवेदन मांगा था। दस कैटेगरी में सभी तकनीकी संस्थानों के वैज्ञानिकों ने अलग-अलग प्रोजेक्ट को प्रजेंट किया था।
विज्ञापन
इंडिया स्मार्ट ग्रिड फोरम (आईएसजीएफ) ने देश में हो रहे बेहतर से बेहतर इनोवेशन को बढ़ावा देने के लिए अलग-अलग कैटेगरी में अवार्ड के लिए आवेदन मांगा था। दस कैटेगरी में सभी तकनीकी संस्थानों के वैज्ञानिकों ने अलग-अलग प्रोजेक्ट को प्रजेंट किया था।
विज्ञापन
आईआईटी कानपुर
स्मार्ट टेक्नोलॉजी ऑफ द इयर वर्ग में 70 से ज्यादा प्रोजेक्ट प्रजेंट किए गए। इसमें आईआईटी कानपुर के स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट को सर्वश्रेष्ठ मानते हुए पहला पुरस्कार देने का एलान हुआ है। आईआईटी कानपुर के निदेशक प्रो. अभय करंदीकर और डिप्टी डायरेक्टर प्रो. मणींद्र अग्रवाल समेत सभी वरिष्ठ शिक्षकों ने स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट को लीड कर प्रो. सैकत चक्रवर्ती समेत उनकी टीम को बधाई दी है।
इस प्रोजेक्ट के तहत 11 सबस्टेशन बनाए गए हैं। इसमें एक मेन सबस्टेशन है व 10 सबस्टेशन हैं। सभी सबस्टेशन के जरिए सोलर एनर्जी सप्लाई की जाती है। विद्युत व्यवस्था को दुरुस्त रखने और सोलर एनर्जी को सेव करने में यह प्रोजेक्ट कामगार है।
इस प्रोजेक्ट के तहत 11 सबस्टेशन बनाए गए हैं। इसमें एक मेन सबस्टेशन है व 10 सबस्टेशन हैं। सभी सबस्टेशन के जरिए सोलर एनर्जी सप्लाई की जाती है। विद्युत व्यवस्था को दुरुस्त रखने और सोलर एनर्जी को सेव करने में यह प्रोजेक्ट कामगार है।