{"_id":"807adb9431d0cf3d701d4b41293e2f61","slug":"given-the-rising-water-to-sun-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"‘केलवा के पाट पर उगले सुरज मल झांकी...’","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
‘केलवा के पाट पर उगले सुरज मल झांकी...’
अमर उजाला ब्यूरो, कानपुर
Updated Thu, 19 Nov 2015 01:51 AM IST
विज्ञापन
छठ पूजा का व्रत पारण करने के लिए बुधवार तड़के घाटों के किनारे महिलाओं ने वेदी पर छठ मइया की पूजा अर्चना कर उगते सूर्य को दूध और जल से अर्घ्य देकर बाल बच्चों की सलामती की दुआ मांगी।
विज्ञापन
‘केलवा के पाट पर उगले सुरज मल झांकी’ और ‘सेविले चरन तोहार हे छठी मइया’ गीत गाते हुए महिलाएं घाटों पर पहुंच रही थीं। महिलाओं के साथ सिर पर डाला रखकर ढोल की थाप पर नाचते-गाते परिजन भी घाट पर पहुंचे।
विज्ञापन
इस दौरान पनकी, अर्मापुर, सीटीआई और साकेत नगर नहर सहित शास्त्रीनगर सेंट्रल पार्क, छोटा सेंट्रल पार्क, जेटू पार्क विजय नगर, आनंदराय पार्क शास्त्री नगर, लाजपत नगर, चकेरी शंकरपुर तालाब और नसीमाबाद में बने कृत्रिम तालाबों में छठ मइया की पूजा अर्चना कर कोसी भरी गई।
विज्ञापन
महिलाओं ने फल, फूल, ठेकुआ, पुआ, पूड़ी और पूजा सामग्री से भरा सूप लेकर सूर्य की आराधना की। इसके बाद सूप लेकर नहर में उतरकर अर्घ्य पूजा पूरी की।
व्रत पारण कराने के लिए परिजनों ने अर्घ्य के लिए दूध और जल की धार भी डाली। इसके बाद घर लौटकर महिलाओं ने बड़े-बुजुर्गों के पैर छूकर आशीष लिया और अदरक व गुड़ खाकर व्रत का पारण किया। पारण के बाद घरों में प्रसाद बांटा गया।