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Kanpur News: केस्को को महंगा पड़ा बिजली चोरी का झूठा मुकदमा लिखाना
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कानपुर। बिजली चोरी का झूठा मुकदमा दर्ज होने से अवसाद के कारण बैंक अफसर को नौकरी छोड़नी पड़ी। इससे हुए नुकसान की भरपाई के लिए लगभग सवा करोड़ रुपये क्षतिपूर्ति का दावा केस्को प्रबंध निदेशक के खिलाफ उपभोक्ता आयेाग लखनऊ में दर्ज कराया गया है। आयोग ने केस्को को नोटिस भेजकर जवाब दाखिल करने को कहा है। अगली सुनवाई 11 मई को होगी।
सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के पांडु नगर स्थित क्षेत्रीय कार्यालय में असिस्टेंट मैनेजर के पद पर रहे गोविंदनगर निवासी मनोज शर्मा ने केस्को के प्रबंध निदेशक के खिलाफ उपभोक्ता आयोग लखनऊ में वाद दर्ज कराया है। मनोज के अधिवक्ता मनीष कुमार शर्मा ने बताया कि वाद में कहा गया है कि मनोज पहले फेथफुलगंज स्थित मकान में रहते थे। बाद में मकान छोड़ दिया। बकाया बिल 495 रुपये का भुगतान कर बिजली का मीटर भी कटवा दिया। बाद में केस्को अफसरों ने गलत तरीके से 18508 रुपये का बकाया दिखाकर मनोज के खिलाफ बिजली चोरी का मुकदमा दर्ज करा दिया जिसमें उनके खिलाफ गैरजमानती वारंट जारी होने पर उन्हें जमानत करानी पड़ी।
इस सबसे वह मानसिक अवसाद में चले गए और मजबूरन उन्हें बैंक से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति लेना पड़ा। 23 मई 2024 को विशेष न्यायाधीश ईसी एक्ट ने मनोज को सबूतों के अभाव में दोषमुक्त घोषित कर दिया। इसके बाद मनोज ने उपभोक्ता आयोग लखनऊ में केस्को के खिलाफ वाद दर्ज कराया है। इसमें उन्होंने मानसिक व शारीरिक क्षतिपूर्ति के अलावा 60 साल तक नौकरी न कर पाने के कारण हुए वेतन-भत्तों के नुकसान की भरपाई की मांग की है।
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सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के पांडु नगर स्थित क्षेत्रीय कार्यालय में असिस्टेंट मैनेजर के पद पर रहे गोविंदनगर निवासी मनोज शर्मा ने केस्को के प्रबंध निदेशक के खिलाफ उपभोक्ता आयोग लखनऊ में वाद दर्ज कराया है। मनोज के अधिवक्ता मनीष कुमार शर्मा ने बताया कि वाद में कहा गया है कि मनोज पहले फेथफुलगंज स्थित मकान में रहते थे। बाद में मकान छोड़ दिया। बकाया बिल 495 रुपये का भुगतान कर बिजली का मीटर भी कटवा दिया। बाद में केस्को अफसरों ने गलत तरीके से 18508 रुपये का बकाया दिखाकर मनोज के खिलाफ बिजली चोरी का मुकदमा दर्ज करा दिया जिसमें उनके खिलाफ गैरजमानती वारंट जारी होने पर उन्हें जमानत करानी पड़ी।
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इस सबसे वह मानसिक अवसाद में चले गए और मजबूरन उन्हें बैंक से स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति लेना पड़ा। 23 मई 2024 को विशेष न्यायाधीश ईसी एक्ट ने मनोज को सबूतों के अभाव में दोषमुक्त घोषित कर दिया। इसके बाद मनोज ने उपभोक्ता आयोग लखनऊ में केस्को के खिलाफ वाद दर्ज कराया है। इसमें उन्होंने मानसिक व शारीरिक क्षतिपूर्ति के अलावा 60 साल तक नौकरी न कर पाने के कारण हुए वेतन-भत्तों के नुकसान की भरपाई की मांग की है।
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