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Kanpur News: हलवा-बर्फी के इंतजार में तीन माह से उपवास पर पुष्टाहार
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कानपुर। कुपोषण से लड़ने के लिए सरकार की ओर से संचालित पुष्टाहार योजना तीन माह से खुद उपवास पर है। मार्च से जिले के आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों, गर्भवती और धात्री माताओं को मिलने वाला पुष्टाहार नहीं पहुंचा है। वजह बताई जा रही है कि मेन्यू में बदलाव हो रहा है और अब दलिया-चना के साथ आटे का हलवा, बेसन की बर्फी, दलिया खिचड़ी जैसी सामग्री दी जाएगी।
जिले में 1.70 लाख से अधिक लाभार्थी इस योजना से जुड़े हैं। इनमें छह माह से छह वर्ष तक के बच्चे, अति कुपोषित बच्चे, गर्भवती और स्तनपान कराने वाली माताएं शामिल हैं। मार्च के बाद से किसी को नियमित पुष्टाहार नहीं मिला। आंगनबाड़ी केंद्रों पर पहुंचने वाली महिलाओं को सिर्फ यही जवाब मिला कि थोड़ा इंतजार करिए अब हलवा और बर्फी भी मिलेगी। योजना के तहत छह माह से तीन वर्ष तक के बच्चों को दलिया, चना दाल और फोर्टिफाइड तेल दिया जाता रहा है। तीन से छह वर्ष तक के बच्चों के लिए दलिया और चना दाल, जबकि अति कुपोषित बच्चों के लिए अतिरिक्त मात्रा निर्धारित है। गर्भवती और धात्री महिलाओं को भी विशेष पोषण सामग्री उपलब्ध कराई जाती रही है।
पिछले तीन माह से यह व्यवस्था ठप है। जिला कार्यक्रम अधिकारी प्रीति सिन्हा ने बताया कि पुष्टाहार व्यवस्था में व्यापक बदलाव किया जा रहा है। नई प्रणाली में बच्चों को आटे का हलवा, बेसन की बर्फी और दलिया खिचड़ी उपलब्ध कराई जाएगी। जल्द ही केंद्रों पर शासन से पुष्टाहार पहुंचेगा।
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जिले में 1.70 लाख से अधिक लाभार्थी इस योजना से जुड़े हैं। इनमें छह माह से छह वर्ष तक के बच्चे, अति कुपोषित बच्चे, गर्भवती और स्तनपान कराने वाली माताएं शामिल हैं। मार्च के बाद से किसी को नियमित पुष्टाहार नहीं मिला। आंगनबाड़ी केंद्रों पर पहुंचने वाली महिलाओं को सिर्फ यही जवाब मिला कि थोड़ा इंतजार करिए अब हलवा और बर्फी भी मिलेगी। योजना के तहत छह माह से तीन वर्ष तक के बच्चों को दलिया, चना दाल और फोर्टिफाइड तेल दिया जाता रहा है। तीन से छह वर्ष तक के बच्चों के लिए दलिया और चना दाल, जबकि अति कुपोषित बच्चों के लिए अतिरिक्त मात्रा निर्धारित है। गर्भवती और धात्री महिलाओं को भी विशेष पोषण सामग्री उपलब्ध कराई जाती रही है।
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पिछले तीन माह से यह व्यवस्था ठप है। जिला कार्यक्रम अधिकारी प्रीति सिन्हा ने बताया कि पुष्टाहार व्यवस्था में व्यापक बदलाव किया जा रहा है। नई प्रणाली में बच्चों को आटे का हलवा, बेसन की बर्फी और दलिया खिचड़ी उपलब्ध कराई जाएगी। जल्द ही केंद्रों पर शासन से पुष्टाहार पहुंचेगा।
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