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'कर्ज होता तो उतार भी देता कम्बख्त इश्क था जो चढ़ा रहा लव यू सनम' लिखकर फांसी पर झूला छात्र
Fri, 15 Mar 2019 11:42 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Fri, 15 Mar 2019 11:42 PM IST
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छात्र की मौत के बाद रोते बिलखते परिजन
- फोटो : अमर उजाला
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फर्रुखाबाद के कमालगंज कस्बा के मोहल्ला आजाद नगर में एक छात्र का शव फंदे से लटका मिला है। सुबह दो दोस्तों के पहुंचने पर घटना की जानकारी हुई। मकान मालिक की सूचना पर पहुुंची पुलिस ने शव फंदे से उतरवाया। छात्र के चेहरे व शरीर पर कई चोटों से खून भी निकला था। परिजनों ने हत्या कर शव लटकाए जाने का आरोप लगाया है।
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मनीष की फेसबुक आईडी पर गुरुवार रात करीब दो बजे एक पोस्ट भी पड़ी है। इसमें लिखा है कि कर्ज होता तो उतार भी देता कम्बख्त इश्क था जो चढ़ा रहा लव यू सनम अपने अपने पेपर नहीं छोड़े बल्कि जिंदगी ही छीन ली, जी लो अपनी जिंदगी नहीं आएंगे आपके सामने। आई लव यू सनम। पिता व परिजनों ने हत्या कर शव लटकाए जाने का आरोप लगाया।
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अर्मी में ट्रेनिंग पर जाने वाला था मनीष
छात्र की फेसबुक पर पोस्ट
जनपद कानपुर देहात थाना ककवन की चौकी विसधन क्षेत्र के मनोवरपुर निवासी अमर सिंह का पुत्र मनीष यादव (20) कमालगंज के आरपी कालेज में बीए तृतीय वर्ष का छात्र था। वह मोहल्ला आजाद नगर निवासी राम मोहन मिश्रा के मकान में किराए पर रहता था। आर्मी में दौड़ आदि पास करने बाद 20 मार्च को उसे आर्मी की ट्रेनिंग पर जाना था। उसे किसी को रुपये देने थे।
इसके लिए गुरुवार को वह अपनी दो बहनों से 50-50 हजार रुपये भी ले आया था। शुक्रवार सुबह उसके दो दोस्त घर पहुंचे और आवाज लगाई। जवाब न मिलने पर दरवाजा खटखटाया तो कुंडी न लगी होने से दरवाजा खुल गया। अंदर जाकर देखा तो मनीष का शव छत के पंखे में अंगोछे के फंदे से लटका था। मनीष के चेहरा चोट से लहूलुहान था।
इसके लिए गुरुवार को वह अपनी दो बहनों से 50-50 हजार रुपये भी ले आया था। शुक्रवार सुबह उसके दो दोस्त घर पहुंचे और आवाज लगाई। जवाब न मिलने पर दरवाजा खटखटाया तो कुंडी न लगी होने से दरवाजा खुल गया। अंदर जाकर देखा तो मनीष का शव छत के पंखे में अंगोछे के फंदे से लटका था। मनीष के चेहरा चोट से लहूलुहान था।
परिजनों ने कहा मेरा बेटा फांसी नहीं लगा सकता
मृतक छात्र की फोटो
- फोटो : अमर उजाला
उसका घुटने से मुड़ा एक पैर चारपाई के ऊपर रखी कुर्सी पर था, जबकि दूसरा पैर चारपाई पर पड़े गद्दे पर रखा था। घबराए दोस्तों ने गली के दूसरी ओर रह रहे मकान मालिक राममोहन मिश्रा को घटना की जानकारी दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव उतरवाकर लोगों से पूछताछ की। कमरे से मनीष के दो एंड्रायड व एक छोटा फोन पुलिस ने कब्जे में ले लिया।
मनीष की तीन बहनों में एक बहन आजाद नगर निवासी शशिभूषण यादव को ब्याही है। जबकि दूसरी खूंटा देव व तीसरी बहन जहानगंज थाना क्षेत्र के गांव अनमोला में ब्याही है। घटना की जानकारी मिलते ही मनीष के बहनोई शशिभूषण यादव के अलावा मोहल्ले वालों की भीड़ लग गई। पिता अमर सिंह, मां व अन्य परिजनों के पहुंचते ही कोहराम मच गया। कमरे से रुपये गायब थे।
डा. विवेक दुबे व डा. सोमेश अग्निहोत्री के पैनल से शव का पोस्टमार्टम किया। सूत्रों के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मनीष के होठ, ठोड़ी व दाहिनी आंख में चोट के निशान का उल्लेख किया गया है। मौत की वजह फांसी लगने से श्वांसनली का अवरुद्ध होना बताया गया। हालांकि पुलिस घटना को खुदकशी मान रही है। थानाध्यक्ष प्रदीप सिंह ने बताया कि अभी तहरीर नहीं मिली है। घटना के हर पहलू की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
मनीष की तीन बहनों में एक बहन आजाद नगर निवासी शशिभूषण यादव को ब्याही है। जबकि दूसरी खूंटा देव व तीसरी बहन जहानगंज थाना क्षेत्र के गांव अनमोला में ब्याही है। घटना की जानकारी मिलते ही मनीष के बहनोई शशिभूषण यादव के अलावा मोहल्ले वालों की भीड़ लग गई। पिता अमर सिंह, मां व अन्य परिजनों के पहुंचते ही कोहराम मच गया। कमरे से रुपये गायब थे।
डा. विवेक दुबे व डा. सोमेश अग्निहोत्री के पैनल से शव का पोस्टमार्टम किया। सूत्रों के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मनीष के होठ, ठोड़ी व दाहिनी आंख में चोट के निशान का उल्लेख किया गया है। मौत की वजह फांसी लगने से श्वांसनली का अवरुद्ध होना बताया गया। हालांकि पुलिस घटना को खुदकशी मान रही है। थानाध्यक्ष प्रदीप सिंह ने बताया कि अभी तहरीर नहीं मिली है। घटना के हर पहलू की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।