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नोट बंदी से विकास कार्य ठप, ठेकेदारों ने रोका काम
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, कानपुर
Updated Fri, 11 Nov 2016 10:09 AM IST
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पांच सौ और हजार के नोट बंद होने का असर विकास कार्यों पर भी पड़ा है। बड़े नोट बंद होने और छोटे नोट की कमी के चलते ज्यादातर ठेकेदारों ने काम रोक दिया है। दरअसल, ठेकेदार न तो निर्माण सामग्री मंगवा पा रहे हैं और नही मजदूरों का भुगतान कर पा रहे हैं। इसके अलावा 15 नवंबर और 10 नवंबर को नगर निगम में पड़ने वाले करीब 19 करोड़ के टेंडरों पर भी संकट के बादल मंडराने लगे हैं। अफसर इनकी डेट बढ़ाने पर विचार कर रहे हैं।
नगर निगम अपनी निधि के साथ ही 14वें वित्त आयोग और अवस्थापना निधि से शहरभर में 50 करोड़ से ज्यादा के विकास कार्य करा रहा है। करीब 15 करोड़ रुपये से शास्त्री नगर, यशोदा नगर, मछरिया, जाजमऊ, दहेली-सुजानपुर, बर्रा, दादा नगर, फजलगंज, सहित विभिन्न क्षेत्रों में नाले बन रहे हैं। सड़क, इंटरलाकिंग फुटपाथ, नालियां, पार्कों और ग्रीनबेल्टों को विकसित किया जा रहा है। आठ नवंबर की रात से अचानक 500-1000 के नोट चलन से बाहर होने से विकास कार्य प्रभावित हो गए। ठेकेदारों का कहना है कि मौरंग, गिट्टी, सीमेंट, इंटरलाकिंग टाइल्स आदि मैटेरियल मंगाने के लिए छोटे नोट हैं नहीं। इस कारण काम रोक दिया गया।
नगर निगम के मुख्य अभियंता मनीष कुमार सिंह ने बताया यह सच है कि बड़े नोटों का चलन बंद होने से विकास कार्य प्रभावित हुए हैं। नोट मिलने लगे हैं। स्थिति सामान्य होने में लगभग एक महीना लग जाएगा।
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नगर निगम अपनी निधि के साथ ही 14वें वित्त आयोग और अवस्थापना निधि से शहरभर में 50 करोड़ से ज्यादा के विकास कार्य करा रहा है। करीब 15 करोड़ रुपये से शास्त्री नगर, यशोदा नगर, मछरिया, जाजमऊ, दहेली-सुजानपुर, बर्रा, दादा नगर, फजलगंज, सहित विभिन्न क्षेत्रों में नाले बन रहे हैं। सड़क, इंटरलाकिंग फुटपाथ, नालियां, पार्कों और ग्रीनबेल्टों को विकसित किया जा रहा है। आठ नवंबर की रात से अचानक 500-1000 के नोट चलन से बाहर होने से विकास कार्य प्रभावित हो गए। ठेकेदारों का कहना है कि मौरंग, गिट्टी, सीमेंट, इंटरलाकिंग टाइल्स आदि मैटेरियल मंगाने के लिए छोटे नोट हैं नहीं। इस कारण काम रोक दिया गया।
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नगर निगम के मुख्य अभियंता मनीष कुमार सिंह ने बताया यह सच है कि बड़े नोटों का चलन बंद होने से विकास कार्य प्रभावित हुए हैं। नोट मिलने लगे हैं। स्थिति सामान्य होने में लगभग एक महीना लग जाएगा।
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