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नवजात को पटककर मार डाला
ब्यूरो, अमर उजाला कानपुर
Updated Thu, 09 Apr 2015 03:03 AM IST
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कोई नवजात शिशु को पटक-पटक कर मार सकता है? इस बात पर शायद ही कोई यकीन करे। पर बुधवार को वाकई एक निर्दयी इंसान ने नवजात बच्चे को पटक-पटक कर उसकी जान ले ली। घटना महाराजपुर थाना क्षेत्र के प्रेमपुर की है। जहां पुलिस ने रेलवे स्टेशन की झाड़ियों से एक नवजात शिशु (लड़का) का शव बरामद किया।
पहले समझा गया कि बच्चा मृत पैदा हुआ होगा। इसलिए उसे कोई झाड़ियों में फेंक गया। पर बच्चे का पोस्टमार्टम हुआ तो रिपोर्ट में बच्चे को जमीन पर पटक कर मारने की पुष्टि हुई है। महाराजपुर पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
प्रेमपुर स्टेशन पर किसी यात्री ने स्टेशन मास्टर आलोक को प्लेटफार्म के पास झाड़ियों में नवजात शिशु पड़े होने की सूचना दी। आलोक ने ट्रैक मैन दिनेश को वहां भेज कर मामला देखने को कहा। दिनेश ने प्लास्टिक के झोले में नवजात को देखा। वह झोला उठा कर स्टेशन मास्टर के पास ले गया।
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झोला खोला गया तो उसमें एक बिस्कुट का पैकेट और एक सुंदर नवजात सफेद कपड़े में लिपटा मिला। बच्चे की सांसे थम चुकी थीं। आलोक ने महाराजपुर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण हेड इंजरी बताया गया।
रिपोर्ट के अनुसार बच्चा एक दिन पहले नौ महीने के शिशु के रूप में जिंदा पैदा हुआ था। उसे मारने के लिए जमीन या किसी चीज पर कई बार पटका गया। सरसौल चौकी के इंचार्ज अब्दुल कलाम का कहना है कि शिशु को लोकलाज के भय से मारकर फेंका गया है।
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पहले समझा गया कि बच्चा मृत पैदा हुआ होगा। इसलिए उसे कोई झाड़ियों में फेंक गया। पर बच्चे का पोस्टमार्टम हुआ तो रिपोर्ट में बच्चे को जमीन पर पटक कर मारने की पुष्टि हुई है। महाराजपुर पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
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प्रेमपुर स्टेशन पर किसी यात्री ने स्टेशन मास्टर आलोक को प्लेटफार्म के पास झाड़ियों में नवजात शिशु पड़े होने की सूचना दी। आलोक ने ट्रैक मैन दिनेश को वहां भेज कर मामला देखने को कहा। दिनेश ने प्लास्टिक के झोले में नवजात को देखा। वह झोला उठा कर स्टेशन मास्टर के पास ले गया।
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झोला खोला गया तो उसमें एक बिस्कुट का पैकेट और एक सुंदर नवजात सफेद कपड़े में लिपटा मिला। बच्चे की सांसे थम चुकी थीं। आलोक ने महाराजपुर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण हेड इंजरी बताया गया।
रिपोर्ट के अनुसार बच्चा एक दिन पहले नौ महीने के शिशु के रूप में जिंदा पैदा हुआ था। उसे मारने के लिए जमीन या किसी चीज पर कई बार पटका गया। सरसौल चौकी के इंचार्ज अब्दुल कलाम का कहना है कि शिशु को लोकलाज के भय से मारकर फेंका गया है।