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परिचय पत्र देखने के बाद ही कहचरी के अंदर जाने की अनुमति

Wed, 08 Jul 2020 01:45 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Wed, 08 Jul 2020 01:45 AM IST
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माती न्यायालय गेट पर आने-जाने वाले लोगों की चेकिंग करती पुलिस। - फोटो : AKBARPUR
कानपुर देहात। बिकरू कांड के मुख्य आरोपी विकास दुबे के सरेंडर की आशंका पर कचहरी को छावनी में तब्दील कर दिया गया है। हर व्यक्ति का चेहरा और परिचय पत्र देखकर ही कचहरी में प्रवेश दिया जा रहा है। बिना परिचय पत्र दिखाए कचहरी में किसी को जाने की अनुमति नहीं है।
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बिकरू में सीओ समेत आठ लोगों की हत्या के मुख्य आरोपी विकास दुबे की गिरफ्तारी के लिए पुलिस और एसटीएफ लगी है। विकास दुबे के किसी पुराने मुकदमे में कोर्ट में सरेंडर की आशंका है। इसको लेकर पुलिस सतर्क है। कचहरी के मुख्य गेट में पीएसी तैनात है। भवन के अंदर प्रवेश करने से पहले एक बैरियर बनाया गया है। उसमें हर व्यक्ति के चेहरे से मास्क हटवा कर देखा जा रहा है। उसका पहचान पत्र या आधार कार्ड देखकर ही अंदर जाने की अनुमति दी जा रही है।
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कचहरी के अंदर कई टुकड़ों में पुलिस बल तैनात है। वह अलग-अलग स्थानों से हर गतिविधि पर नजर रखे है। अकबरपुर कोतवाल तुलसीराम पांडेय पूरी टीम का नेतृत्व कर रहे हैं। कचहरी की सुरक्षा व्यवस्था को बेेहद मजबूत कर दिया गया है। वहीं, बारा टोल और रायपुर बैरियर में भी पुलिस की चेकिंग चल रही है। हर वाहन को रोककर चेक किया जा रहा है। दोनों प्वाइंटों पर पुलिस सतर्क है। एसपी अनुराग वत्स ने बताया कि कहचरी में पुलिस अलर्ट है। किसी भी स्थिति से निपटने के कचहरी में पर्याप्त व्यवस्था है। वाहनों की चेकिंग कराई जा रही है।
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कानपुर देहात। विकास के करीबी और अंग रक्षक माना जाने वाला रूरा के बाजार वार्ड निवासी गुड्डन त्रिवेदी उर्फ अरविंद पर पुलिस ने 25 हजार का इनाम घोषित किया है। हालांकि जिले में उसका कोई आपराधिक इतिहास नहीं है।
गुड्डन त्रिवेदी का मूल गांव कुढ़वा शिवली थाना क्षेत्र में है। वहां भी उसके खिलाफ कोई मुकदमा नहीं है। उसकी पत्नी कंचन के नाम गांव के पते से एक पिस्टल का लाइसेंस है। कंचन कुढ़वा ग्राम पंचायत की प्रधान हैं। बताया जाता है कि वर्ष 1998 से 2000 के आसपास तक गुड्डन त्रिवेदी विकास के साथ अंग रक्षक के रूप में रहता था। वह विकास की गाड़ियां भी महीनों अपने पास रखता था। अभी हाल ही में 15 जून को गुटैहा गांव में गुड्डन त्रिवेदी ने बिल्डिंग मैटेरियल की दुकान खोली थी। इसका शुभारंभ विकास दुबे ने ही किया था। तब कस्बे का एक शराब माफिया भी विकास के साथ देखा गया था। यह फोटो जिले में खूब वायरल हो रही है।
बहनोई से एसटीएफ ने की पूछताछ
कानपुर देहात। शिवली थाने में विकास दुबे के बहनोई दिनेश तिवारी कई दिनों से बैठे हैं। पुलिस टीमें लगातार उनसे पूछताछ कर रहीं हैं। मंगलवार को कानपुर से एसटीएफ टीम ने शिवली कोतवाली पहुंच कर उनसे पूछताछ की। हालांकि दिनेश का कहना है विकास से उन्हें कोई मतलब नहीं है। उससे बातचीत भी लंबे समय से बंद है।

चौराहे पर लगाए विकास के पोस्टर
राजपुर। चौबेपुर के बिकरू गांव में आठ पुलिसकर्मियों की हत्या कर फरार इनामी विकास दुबे की तलाश के लिए थाना पुलिस सतर्क है। मंगलवार को राजपुर पुलिस ने थाना, चौकी और सार्वजनिक स्थानों पर उसके पोस्टर लगाए। पोस्टरों में विकास दुबे की फोटो के अलावा बताने वाले का नाम गोपनीय रखने की बात कही गई है। ढाई लाख का इनाम देने की घोषणा की गई है। पुलिस ने चौकी के सामने बैरियर लगाकर संदिग्ध वाहनों की जांच की। इंस्पेक्टर राम प्रकाश ने बताया कि विकास की पहचान सार्वजनिक करने के लिए जगह-जगह पोस्टर लगवाए गए हैं।
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