एम्बुलेंस से प्रसूता को उतारने का मामला: सीएमओ ने चालक व ईएमटी के खिलाफ दर्ज कराया मुकदमा, दोनों गिरफ्तार
हमीरपुर जिले में प्रसूता को रास्ते में उतारने के मामले में जांच के बाद सीएमओ ने एंबुलेंस चालक व ईएमटी के खिलाफ सुमेरपुर थाना में मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। एंबुलेंस चालक व ईएमटी के गिरफ्तार होने पर उनके संघ में रोष फैल गया है और न्याय न मिलने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
दो दिन पूर्व भौरा गांव निवासी उत्तम कुमार निषाद की पत्नी रेखा को प्रसव पीड़ा होने पर एंबुलेंस लेने गई थी। एंबुलेंस को परिजन मौहर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाने के लिए कह रहे थे। लेकिन प्रसूता की हालत को देखते हुए ईएमटी अजीत कुमार ने पंधरी एएनएम सेंटर में भर्ती कराने के लिए कहा।
इसी बात पर प्रसूता के परिजनों से ईएमटी का विवाद हो गया और प्रसूता के ससुर ने चलती एंबुलेंस में गेट खोल दिया। जिस पर चालक अभिषेक कुमार ने गाड़ी को रोक दिया था। गाड़ी रुकते ही परिजनों ने प्रसूता को गाड़ी से नीचे उतार लिया और निजी साधन से मौहर जाने की बात कहने लगे। इस पर ईएमटी व चालक ने उन्हें बहुत समझाया कि प्रसूता की हालत ठीक नहीं है।
नजदीकी एएनएम सेंटर में भर्ती करा देते। जब परिजन नहीं माने तो वह दोनों उन्हें एंबुलेंस में बिठाकर मौहर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में छोड़ा। जहां प्रसूता ने बच्चे को जन्म दिया। वहीं प्रसूता का सड़क किनारे बैठे होने का वीडियो वायरल हो गया। इस मामले में प्रसूता के ससुर ने चालक पर 1000 रुपए मांगने का आरोप लगाते हुए बताया कि न देने पर एम्बुलेंस चालक व ईएमटी ने जबरिया उतार दिया है।
प्रशासन के संज्ञान आने पर जिलाधिकारी डॉ. चंद्र भूषण त्रिपाठी ने जांच के आदेश दिए। इस पर सीएमओ एके रावत एवं तहसीलदार मोहम्मद असलम मंगलवार को भौरा गांव पहुंचकर परिजनों के बयान दर्ज किये हैं। परिजनों के बयान के आधार पर सीएमओ ने चालक अभिषेक कुमार व ईएमटी अजीत कुमार के खिलाफ थाने में मुकदमा दर्ज कराया है।
मुकदमा दर्ज होते ही पुलिस ने चालक व ईएमटी को गिरफ्तार कर लिया है। इन दोनों के गिरफ्तार होने पर एंबुलेंस कर्मचारी संघ में रोष फैल गया है। उन्होंने कहा कि वह जिलाधिकारी से मिलकर घटना की हकीकत बताएंगे। कहा कि अगर उन्हें न्याय नहीं मिला तो वह आंदोलन की राह भी पकड़ेंगे।