फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   case of sexual abuse of children, CBI will tell evidence in remand in court

बच्चों के यौन उत्पीड़न का मामला, आज फिर सीबीआई और बचाव पक्ष अदालत की शरण में, न्यायिक हिरासत में जेल में रहेगा आरोपी

Tue, 01 Dec 2020 12:33 AM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बांदा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बांदा Published by: शिखा पांडेय Updated Tue, 01 Dec 2020 12:33 AM IST
विज्ञापन
case of sexual abuse of children, CBI will tell evidence in remand in court
जेई रामभवन - फोटो : amar ujala
बच्चों के यौन उत्पीड़न के चर्चित मामले में आरोपी निलंबित जूनियर इंजीनियर को लेकर मंगलवार (पहली दिसंबर) को एक बार फिर सीबीआई और आरोपी के अधिवक्ता अदालत में आमने-सामने होंगे। दोनों ही पक्ष अपने दावे या शिकायतें पेश कर सकते हैं।
विज्ञापन


सीबीआई अदालत को यह भी बता सकती है कि चार दिन तक रिमांड में अपने साथ रखकर आरोपी से क्या-क्या साक्ष्य जुटाए? उधर, जेल में आरोपी को आइसोलेशन सेल में तन्हा रखा गया है। फिलहाल अन्य कोई बंदी उसके साथ नहीं है।
विज्ञापन


आरोपी रामभवन को सीबीआई ने लगभग पौने 74 घंटे रिमांड पर अपने साथ रखने के बाद रविवार को दोपहर वापस यहां जेल में लाकर दाखिल कर दिया। रविवार और सोमवार को अदालत बंद थी। अब मंगलवार को पुन: रिमांड की पेशी होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

आरोपी को जेल से अदालत लाने के आसार कम हैं। अलबत्ता सीबीआई और आरोपी के अधिवक्ता अदालत में रहेंगे। रिमांड के दौरान अभियुक्त के साथ सीबीआई द्वारा की गई कोई प्रताडना या रिमांड की शर्तों का उल्लंघन होने की स्थिति में अभियुक्त के वकील अदालत में शिकायत दर्ज करा सकते हैं।

उधर, सीबीआई अपनी केस डायरी पेश कर सकती है। अब आरोपी 60 या 90 दिन तक न्यायिक हिरासत में जेल में रहेगा। सीबीआई या पुलिस उसे अब रिमांड पर नहीं ले सकेगी। उधर, रिमांड से लौटने के बाद आरोपी रामभवन को उसके कोरोना संक्रमित होने और बाद में निगेटिव हो जाने के मद्देनजर फिलहाल जेल प्रशासन ने उसे जेल के अस्पताल में बनाए गए आइसोलेशन सेल में रखा है।

यहां अन्य कोई बंदी नहीं है। सूत्रों के मुताबिक आरोपी जेल में खामोशी अख्तियार किए हुए हैं। किसी से बातचीत नहीं करता। न ही कोई फरमाइश करता है। जेल कर्मियों या अन्य बंदियों के किसी सवाल पर ज्यादातर गर्दन हिलाकर हां या न में उत्तर देता है। जेल प्रशासन ने तीन कंबल उपलब्ध कराए हैं। जबकि दो कंबल आरोपी रामभवन अपने निजी रखे हुए है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed