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पीएफ ऑफिस में रिश्वतखोरी: अकेला नहीं पीएफ इंस्पेक्टर, पर्दे के पीछे और भी अफसर, विभाग ने भी शुरू की विजिलेंस जांच

Sun, 08 May 2022 09:10 AM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: हिमांशु अवस्थी Updated Sun, 08 May 2022 09:10 AM IST
सार

रिश्वत लेने के आरोप में पीएफ इंस्पेक्टर की गिरफ्तारी के बाद सीबीआई ने फिर आकर पूछताछ  की। असिस्टेंट कमिश्नर, घूस की रकम पहुंचाने वाले कंसल्टेंट, शिकायत करने वाले स्कूल संचालक के बयान भी दर्ज किए गए हैं।

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Bribery case in PF office Kanpur, CBI recorded statements, department also started vigilance investigation
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

कानपुर में रिश्वतखोरी के आरोप में गिरफ्तार किया गया पीएफ इंस्पेक्टर अमित श्रीवास्तव अकेला नहीं है। इस खेल में पर्दे के पीछे और भी कई अफसर और कर्मचारी शामिल हैं। इसी आशंका के चलते सीबीआई ने फिर से क्षेत्रीय भविष्य निधि आयुक्त कार्यालय सर्वोदय नगर पहुंचकर असिस्टेंट कमिश्नर अक्षय भार्गव, पीएफ इंस्पेक्टर तक घूस की रकम पहुंचाने वाले कंसल्टेंट और शिकायत करने वाले स्कूल संचालक जयपाल सिंह के बयान लिए हैं। अभी कई और अफसर रडार पर हैं, जिनसे सीबीआई जल्द आकर पूछताछ कर सकती है।

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दरअसल, स्कूल संचालक पर सेवन-ए की कार्रवाई करते हुए 50 लाख का आयकर निर्धारण किया गया था। इस मामले को निपटाने के लिए ही तीन लाख रुपये रिश्वत मांगी गई थी। चूंकि पीएफ इंस्पेक्टर का काम केवल भौतिक सत्यापन कर रिपोर्ट लगाना होता है। सेवन-ए का नोटिस असिस्टेंट कमिश्नर जांच-पड़ताल के बाद जारी करता है। मामले में सेक्शन सुपरवाइजर रोहित श्रीवास्तव की भी भूमिका संदिग्ध है।

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सुपरवाइजर प्रवर्तन इंस्पेक्टर का इंचार्ज होता है। हालांकि रोहित श्रीवास्तव से 25 अप्रैल को सीबीआई के अफसरों ने पूछताछ की थी। दावा किया गया है कि उन्हें क्लीन चिट मिल गई है। हालांकि शुक्रवार को वह छुट्टी पर था। सूत्रों का कहना है कि रिश्वत के रुपयों की बंदरबांट होती है। इस संबंध में सीबीआई को कुछ सुराग हाथ लगे हैं। पीएफ इंस्पेक्टर की कई संपत्तियों की जानकारी भी सीबीआई को मिली है। अन्य अफसरों की बैंक डिटेल, संपत्तियों की भी जांच हो रही है। बता दें शुक्रवार को आई सीबीआई टीम शनिवार सुबह लौट गई है।

यह था मामला
सीबीआई लखनऊ की टीम ने 25 अप्रैल को सर्वोदय नगर स्थित क्षेत्रीय भविष्य निधि आयुक्त कार्यालय में छापा मारा था। इसमें तीन लाख रुपये रिश्वत लेते हुए पीएफ इंस्पेक्टर प्रवर्तन अधिकारी अमित श्रीवास्तव को गिरफ्तार कर लिया था। पीएफ इंस्पेक्टर पर चौबेपुर के स्कूल संचालक जयपाल से घूस लेने का आरोप है। संचालक ने मामले की शिकायत सीबीआई से की थी।

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अफसर हर साल बदल रहे गाड़ियां
सूत्रों के अनुसार पीएफ प्रवर्तन कार्यालय से जुड़े कई अफसर हर साल लग्जरी गाड़ियां बदल रहे हैं। शहर के पॉश इलाकों में फ्लैट खरीदे हैं। महंगे मोबाइल फोन का शौक है। बताया गया कि एक अफसर तो हर साल गाड़ी बदल रहा है। उधर, विभाग ने भी विजिलेंस जांच शुरू कर दी है।

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