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Kanpur News: स्कूल खुलते ही अपार आईडी बनाने को चलेगा अभियान
Mon, 30 Jun 2025 12:43 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, कानपुर
Updated Mon, 30 Jun 2025 12:43 AM IST
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कानपुर देहात। परिषदीय विद्यालय एक जुलाई से खुल रहे हैं, लेकिन अभी पिछले सत्र के सभी बच्चों की अपार आईडी नहीं बन पाई है। शासन ने विद्यालयों में बच्चों की अपार आईडी बनाने के कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं।
अपार आईडी बनाने के लिए आधार कार्ड का होना जरूरी होता है। जबकि बहुत से बच्चों का अब तक आधार ही नहीं बन पाया है। इससे अभिभावक व शिक्षक दोनों परेशान हैं। वन नेशन वन स्टूडेंट आईडी के रूप में छात्रों के शैक्षणिक रिकार्ड को डिजिटल रूम में संग्रहित करने के लिए विद्यालयों में छात्र-छात्राओंकी अपार आईडी (ऑटोमेटेड परमानेंट एकेडमिक अकाउंट) बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
खंड शिक्षा अधिकारी मुख्यालय संजय गुप्ता ने बताया कि पिछले सत्र में विद्यालयों में जो बच्चे नामांकित थे। उनमें से अधिकतर की अपार आईडी बनवा दी गई थी। अब केवल उन्हीं बच्चों की आईडी नहीं बन पाई है, जिनके पास आधार कार्ड नहीं था। या फिर जिनके अभिभावकों के आधार कार्ड में त्रुटि थी। इन बच्चों के अभिभावकों को आधार की त्रुटि को सही कराने के लिए कहा गया था। जैसे ही विद्यालय खुलेंगे, प्राथमिकता के आधार पर अपार आईडी बनवाई जाएगी। विभाग की माने तो पिछले सत्र में पंजीकृत 136979 छात्रों में करीब एक लाख दो हजार की अपार आईडी बनाई जा चुकी है। बेसिक शिक्षा अधिकारी अजय कुमार मिश्र ने बताया कि शैक्षणिक रिकॉर्ड को एक जगह डिजिटल रूम में संग्रहित करने के उद्देश्य से अपार आई बनाई जा रही है।
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अपार आईडी बनाने के लिए आधार कार्ड का होना जरूरी होता है। जबकि बहुत से बच्चों का अब तक आधार ही नहीं बन पाया है। इससे अभिभावक व शिक्षक दोनों परेशान हैं। वन नेशन वन स्टूडेंट आईडी के रूप में छात्रों के शैक्षणिक रिकार्ड को डिजिटल रूम में संग्रहित करने के लिए विद्यालयों में छात्र-छात्राओंकी अपार आईडी (ऑटोमेटेड परमानेंट एकेडमिक अकाउंट) बनाने पर जोर दिया जा रहा है।
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खंड शिक्षा अधिकारी मुख्यालय संजय गुप्ता ने बताया कि पिछले सत्र में विद्यालयों में जो बच्चे नामांकित थे। उनमें से अधिकतर की अपार आईडी बनवा दी गई थी। अब केवल उन्हीं बच्चों की आईडी नहीं बन पाई है, जिनके पास आधार कार्ड नहीं था। या फिर जिनके अभिभावकों के आधार कार्ड में त्रुटि थी। इन बच्चों के अभिभावकों को आधार की त्रुटि को सही कराने के लिए कहा गया था। जैसे ही विद्यालय खुलेंगे, प्राथमिकता के आधार पर अपार आईडी बनवाई जाएगी। विभाग की माने तो पिछले सत्र में पंजीकृत 136979 छात्रों में करीब एक लाख दो हजार की अपार आईडी बनाई जा चुकी है। बेसिक शिक्षा अधिकारी अजय कुमार मिश्र ने बताया कि शैक्षणिक रिकॉर्ड को एक जगह डिजिटल रूम में संग्रहित करने के उद्देश्य से अपार आई बनाई जा रही है।
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