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पूर्व एडिशनल कमिश्नर केशव लाल और उनकी पत्नी से घंटों पूछताछ, बेनामी संपत्ति अनुभाग ने की कार्रवाई
क्राइम डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Updated Sat, 21 Jul 2018 11:50 PM IST
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कानपुरः वाणिज्यकर के पूर्व एडिशनल कमिश्नर केशव लाल के घर पड़े छापे में 10 करोड़ रुपये नकद मिलने के मामले में आयकर अफसरों ने उनसे और उनकी पत्नी से घंटों पूछताछ की। शुक्रवार को सिविल लाइंस स्थित आयकर भवन में दोनों से अलग अलग सवाल जवाब किए गए। पूछताछ में केशव लाल ने यह रकम शहर के ही दो कारोबारियों की बताई है। जांच में अब इन्हें भी शामिल किया जाएगा।
आयकर विभाग के सूत्र बताते हैं कि छापे में केशव लाल के पास नौ बेनामी संपत्तियां भी मिली थीं। इन्हें अटैच करने के बाद अब 10 करोड़ रुपये नकद मिलने की जांच की जा रही है। इस मामले में पूछताछ के लिए केशव लाल को दूसरी बार नोटिस भेजा गया था। पहली नोटिस पर नहीं आने के बाद आयकर विभाग इस नकदी को भी बेनामी मानने की तैयारी कर ली थी।
इससे पहले ही दूसरी नोटिस पर शुक्रवार को केशव लाल और उनकी पत्नी इंदु श्रीवास्तव बेनामी संपत्ति अनुभाग के समक्ष पेश हुए। आधा दर्जन अफसरों की टीम ने दोनों को अलग अलग कमरों में बैठाकर पूछताछ की। उनसे मिले जवाब के बाद दोनों से एक साथ पूछताछ हुई। जवाब में फंसने के बाद केशव लाल ने बड़ा खुलासा किया। उन्होंने बताया कि घर से मिली 10 करोड़ रुपये की नकदी शहर के ही दो कारोबारियों की है। नोटबंदी के बाद वे उनके घर रख गए थे।
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आयकर विभाग के सूत्र बताते हैं कि छापे में केशव लाल के पास नौ बेनामी संपत्तियां भी मिली थीं। इन्हें अटैच करने के बाद अब 10 करोड़ रुपये नकद मिलने की जांच की जा रही है। इस मामले में पूछताछ के लिए केशव लाल को दूसरी बार नोटिस भेजा गया था। पहली नोटिस पर नहीं आने के बाद आयकर विभाग इस नकदी को भी बेनामी मानने की तैयारी कर ली थी।
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इससे पहले ही दूसरी नोटिस पर शुक्रवार को केशव लाल और उनकी पत्नी इंदु श्रीवास्तव बेनामी संपत्ति अनुभाग के समक्ष पेश हुए। आधा दर्जन अफसरों की टीम ने दोनों को अलग अलग कमरों में बैठाकर पूछताछ की। उनसे मिले जवाब के बाद दोनों से एक साथ पूछताछ हुई। जवाब में फंसने के बाद केशव लाल ने बड़ा खुलासा किया। उन्होंने बताया कि घर से मिली 10 करोड़ रुपये की नकदी शहर के ही दो कारोबारियों की है। नोटबंदी के बाद वे उनके घर रख गए थे।
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नौ संपत्तियां पहले हो चुकी हैं अटैच
पूर्व एडिशनल कमिश्नर केशव लाल और उनकी पत्नी (फाइल फोटो)
इस पर आयकर अफसरों ने यह साबित करने का जिम्मा भी केशव लाल पर डाला है। अफसरों का कहना है कि आयकर अधिनियम में प्रावधान है कि किसी शख्स के यहां दूसरे का धन या संपत्ति रखी है तो यह साबित करने का जिम्मा भी संपत्ति रखने वाले का है। जब तक केशव लाल यह साबित नहीं करते कि यह धन उक्त दो कारोबारियों का है अथवा उक्त कारोबारी यह स्वीकार नहीं करते कि यह धन उनका है तब तक यह रकम केशव लाल की मानी जाएगी। यह जांच पूरी होने के बाद 13 किलो ज्वैलरी मामले की जांच शुरू होगी जो उनके यहां से बरामद हुई थी।
नौ संपत्तियां पहले हो चुकी हैं अटैच
केशव लाल की नोएडा में स्थित सात और लखनऊ में दो संपत्तियों को आयकर विभाग पहले ही अटैच कर चुका है। आयकर में अटैच हुईं इन संपत्तियों का बाजार मूल्य करीब 80 करोड़ रुपये आंका जा रहा है।
ये है मामला
आयकर विभाग ने वर्ष 2017 में केशव लाल के प्रतिष्ठानों पर छापा मारकर करीब 100 करोड़ रुपये की अघोषित संपत्ति बरामद की। इसमें 10 करोड़ रुपये नकद, करीब 13 किलो ज्वैलरी और कई राज्यों में 10 से ज्यादा अचल संपतियां शामिल थीं। भ्रष्टाचार के आरोप पर राज्य सरकार ने कुछ माह पहले ही उन्हें अयोग्य करार देते हुए विभाग से रिटायर्ड कर दिया।
नौ संपत्तियां पहले हो चुकी हैं अटैच
केशव लाल की नोएडा में स्थित सात और लखनऊ में दो संपत्तियों को आयकर विभाग पहले ही अटैच कर चुका है। आयकर में अटैच हुईं इन संपत्तियों का बाजार मूल्य करीब 80 करोड़ रुपये आंका जा रहा है।
ये है मामला
आयकर विभाग ने वर्ष 2017 में केशव लाल के प्रतिष्ठानों पर छापा मारकर करीब 100 करोड़ रुपये की अघोषित संपत्ति बरामद की। इसमें 10 करोड़ रुपये नकद, करीब 13 किलो ज्वैलरी और कई राज्यों में 10 से ज्यादा अचल संपतियां शामिल थीं। भ्रष्टाचार के आरोप पर राज्य सरकार ने कुछ माह पहले ही उन्हें अयोग्य करार देते हुए विभाग से रिटायर्ड कर दिया।