{"_id":"593450b04f1c1b8d548b45b0","slug":"149660076518-kanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"यमुना में लगाई आस्\nथा की डुबकी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यमुना में लगाई आस् था की डुबकी
Updated Sun, 04 Jun 2017 11:55 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
इटावा।
श्रद्धा का पर्व गंगा दशहरा जिले में परंपरागत ढंग से मनाया गया। रविवार तड़के श्रद्धालुओं ने यमुना नदी में स्नान किया। राधा माधव मंडल ने यमुना तट पर पूजा अर्चना की और करनपुरा स्थित मंदिर के निकट मैरिज होम में भंडारे का आयोजन किया। वहीं बकेवर क्षेत्र के श्रद्धालुओं ने डिभौली स्थित कालिंदी के तट पर स्नान-ध्यान किया और मंदिरों में पूजा अर्चना की।
गंगा मैया के अवतरण से जुड़े दशहरा के पर्व पर स्नान एवं ध्यान का विशेष महत्व है। श्रद्धालु गंगा स्नान के लिए बिठूर, कानपुर, फर्रुखाबाद स्थित घाटों पर स्नान करने जाते हैं। श्रद्धालु बटेश्वर घाट पर स्नान करने जाते हैं। क्षेत्र के अधिकतर लोगों ने दिलीपनगर ,पुरावली हटिया, अंदावा, डिभौली, आसई पहुंचकर यमुना घाट पर स्नान किया और दान पुण्य भी किया। शहर स्थित यमुना घाट पर पानी की कमी के चलते तमाम श्रद्धालुओं ने नदी के दूसरी छोर पर जाकर स्नान किया। फलों की खरीदारी भी की। इस मौके पर तरबूज, खरबूजा व आम की कीमतें अन्य दिनों की अपेक्षा अधिक रहीं। वहीं लखना चकरनगर मार्ग पर सब्दलपुर के घने बीहड़ों के बीच स्थित बाबा हमीरपुरा शिव मंदिर यमुना नदी पर टकरूपुरा, दाउदपुरा, ईकरी, बसैयाहार, सारंगपुरा, पहाड़पुरा आदि गांवों के लोगों ने स्नान किया।
यही नहीं गंगा दशहरा पर्व के मौके पर भोगनीपुर नहर के तटवर्ती गांव चंद्रपुरा निहाल सिंह, महासिंहपुर, लखना कस्बा सहित आधा दर्जन अन्य स्थानों पर मेले का आयोजन किया गया।
विज्ञापन
- गंगा दशहरा पर उमड़ी भक्तों की भीड़
विज्ञापन
इटावा।
श्रद्धा का पर्व गंगा दशहरा जिले में परंपरागत ढंग से मनाया गया। रविवार तड़के श्रद्धालुओं ने यमुना नदी में स्नान किया। राधा माधव मंडल ने यमुना तट पर पूजा अर्चना की और करनपुरा स्थित मंदिर के निकट मैरिज होम में भंडारे का आयोजन किया। वहीं बकेवर क्षेत्र के श्रद्धालुओं ने डिभौली स्थित कालिंदी के तट पर स्नान-ध्यान किया और मंदिरों में पूजा अर्चना की।
गंगा मैया के अवतरण से जुड़े दशहरा के पर्व पर स्नान एवं ध्यान का विशेष महत्व है। श्रद्धालु गंगा स्नान के लिए बिठूर, कानपुर, फर्रुखाबाद स्थित घाटों पर स्नान करने जाते हैं। श्रद्धालु बटेश्वर घाट पर स्नान करने जाते हैं। क्षेत्र के अधिकतर लोगों ने दिलीपनगर ,पुरावली हटिया, अंदावा, डिभौली, आसई पहुंचकर यमुना घाट पर स्नान किया और दान पुण्य भी किया। शहर स्थित यमुना घाट पर पानी की कमी के चलते तमाम श्रद्धालुओं ने नदी के दूसरी छोर पर जाकर स्नान किया। फलों की खरीदारी भी की। इस मौके पर तरबूज, खरबूजा व आम की कीमतें अन्य दिनों की अपेक्षा अधिक रहीं। वहीं लखना चकरनगर मार्ग पर सब्दलपुर के घने बीहड़ों के बीच स्थित बाबा हमीरपुरा शिव मंदिर यमुना नदी पर टकरूपुरा, दाउदपुरा, ईकरी, बसैयाहार, सारंगपुरा, पहाड़पुरा आदि गांवों के लोगों ने स्नान किया।
विज्ञापन
यही नहीं गंगा दशहरा पर्व के मौके पर भोगनीपुर नहर के तटवर्ती गांव चंद्रपुरा निहाल सिंह, महासिंहपुर, लखना कस्बा सहित आधा दर्जन अन्य स्थानों पर मेले का आयोजन किया गया।
विज्ञापन
- गंगा दशहरा पर उमड़ी भक्तों की भीड़