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जिले में मानक पूरा करने वाले नर्सिंग होम ही चलेंगे
Updated Thu, 18 Oct 2018 12:56 AM IST
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कानपुर देहात। माती मुख्यालय के आसपास स्थित निजी अस्पतालों में लगातार हो रही प्रसूताओं की मौत के बाद प्रशासन की नींद टूट गई है। डीएम ने नर्सिंग होम संचालकों के साथ बैठक कर सख्त लहजे में चेतावनी दी कि अगर मानक पूरे किए बिना संचालन हुआ तो प्रशासन सख्ती से निपटेगा। वहीं कोई घटना होने पर प्रशासनिक सहयोग की उम्मीद भी न रखें।
अकबरपुर कोतवाली क्षेत्र में एक दर्जन से अधिक निजी अस्पताल संचालित हैं। इनके बाहर लगे बोर्ड बड़े-बड़े मर्ज का ऑपरेशन व इलाज करने का दावा करते हैं। गांव के ग्रामीण इन्हीं बोर्ड को देखकर उनके चंगुल में फंस जाते हैं। स्वास्थ्य विभाग ऐसे अस्पतालों की जांच करने के नाम पर आंखें बंद किए बैठा है। जिससे बिना पंजीयन के ही कई अस्पताल चल रहे हैं। बिना मानक व डॉक्टर के चल रहे निजी अस्पताल लोगों की जान से खिलवाड़ कर रहे हैं। बीते एक पखवारे में आधा दर्जन से अधिक प्रसूताओं की अलग-अलग निजी अस्पतालों में मौत हो चुकी है। इसके बाद नर्सिंग होम में जमकर हंगामा भी हुआ जिससे प्रशासन की नींद टूटी। मंगलवार देर शाम डीएम राकेश कुमार सिंह, एसपी राधेश्याम व सीएमओ डा. हीरा सिंह ने माती व अकबरपुर के आसपास संचालित नर्सिंग होम के संचालकों के साथ बैठक की। जिसमें डीएम ने प्रसूताओं की मौत पर चिंता जाहिर करते हुए अस्पताल संचालकों को मानक पूरे न करने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी। डीएम ने कहा कि प्रशासन का सहयोग उसी नर्सिंग होम के साथ रहेगा जिसमें सारे मानक पूरे होंगे तथा हर समय डाक्टर की उपलब्धता होनी चाहिए। नर्सिंग होम के बाहर डाक्टरों के नाम के लंबे-चौड़े बोर्ड लगाने से काम नहीं चलेगा। डीएम ने हर नर्सिंग होम की औचक जांच कराने की बात कही। मरीजों की जान से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
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अकबरपुर कोतवाली क्षेत्र में एक दर्जन से अधिक निजी अस्पताल संचालित हैं। इनके बाहर लगे बोर्ड बड़े-बड़े मर्ज का ऑपरेशन व इलाज करने का दावा करते हैं। गांव के ग्रामीण इन्हीं बोर्ड को देखकर उनके चंगुल में फंस जाते हैं। स्वास्थ्य विभाग ऐसे अस्पतालों की जांच करने के नाम पर आंखें बंद किए बैठा है। जिससे बिना पंजीयन के ही कई अस्पताल चल रहे हैं। बिना मानक व डॉक्टर के चल रहे निजी अस्पताल लोगों की जान से खिलवाड़ कर रहे हैं। बीते एक पखवारे में आधा दर्जन से अधिक प्रसूताओं की अलग-अलग निजी अस्पतालों में मौत हो चुकी है। इसके बाद नर्सिंग होम में जमकर हंगामा भी हुआ जिससे प्रशासन की नींद टूटी। मंगलवार देर शाम डीएम राकेश कुमार सिंह, एसपी राधेश्याम व सीएमओ डा. हीरा सिंह ने माती व अकबरपुर के आसपास संचालित नर्सिंग होम के संचालकों के साथ बैठक की। जिसमें डीएम ने प्रसूताओं की मौत पर चिंता जाहिर करते हुए अस्पताल संचालकों को मानक पूरे न करने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी। डीएम ने कहा कि प्रशासन का सहयोग उसी नर्सिंग होम के साथ रहेगा जिसमें सारे मानक पूरे होंगे तथा हर समय डाक्टर की उपलब्धता होनी चाहिए। नर्सिंग होम के बाहर डाक्टरों के नाम के लंबे-चौड़े बोर्ड लगाने से काम नहीं चलेगा। डीएम ने हर नर्सिंग होम की औचक जांच कराने की बात कही। मरीजों की जान से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
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