फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   10 thousand job worker in private sector will get benefit from order of Supreme Court

निजी क्षेत्र के कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर, सुप्रीम कोर्ट के इस आदेश से 10 हजार लोगों को फायदा

Thu, 04 Apr 2019 12:32 PM IST
शिखा पांडेय यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
यूपी डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: शिखा पांडेय Updated Thu, 04 Apr 2019 12:32 PM IST
विज्ञापन
10 thousand job worker in private sector will get benefit from order of Supreme Court
फाइल फोटो
निजी क्षेत्र के कर्मचारियों की पेंशन में बढ़ोत्तरी पर सुप्रीम कोर्ट के आदेश का मौजूदा समय में कानपुर परिक्षेत्र के करीब 10 हजार पीएफ पेंशनरों को लाभ होगा। हालांकि पूरे वेतन पर पेंशन कटौती के आदेश का लाभ भविष्य में निजी क्षेत्र के कर्मचारियों को होगा।
विज्ञापन


कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के सूत्रों ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद अब कर्मचारियों को उनके वेतन के 30 से 50 फीसदी के बराबर पेंशन मिलने का रास्ता साफ हो गया है।
विज्ञापन

दरअसल निजी क्षेत्र के कर्मचारियों को ईपीएफओ 1995में ईपीएस योजना लाया था। इसके तहत इसमें पेंशन पाने के लिए कर्मचारी के वेतन से 8.33 फीसदी की दर से अंशदान कटता है।

लेकिन यह कटौती केवल 15 हजार रुपये (ईपीएफओ की तय लिमिट) पर ही होती है। जबकि कर्मचारी का वेतन कितना भी हो। इंप्लाइज प्रॉविडेंट फंड स्टाफ फेडरेशन के राष्ट्रीय सलाहकार राजेश कुमार शुक्ला ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद कर्मचारी का जितने वेतन पर फंड कटेगा।

उतने पर उसकी पेंशन बनेगी। जिसका लाभ निजी क्षेत्र के कर्मचारियों को होगा। उन्होंने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले से अभी उन  कर्मचारियों को तत्काल लाभ होगा।

जिन्होंने कुल वेतन पर अंशदान कटवाने का आवेदन किया होगा या फिर कट रहा होगा। इनमें बड़ी फर्म या कंपनियां आती हैं। इसके अलावा बड़े ट्रस्ट से जुड़े करीब 10 हजार कर्मचारियों को लाभ होगा।
 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed