{"_id":"f86a978a31991680217c57f0bfcafd28","slug":"the-girl-died-of-fever-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बुखार से बालिका की मौत, किया हंगामा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बुखार से बालिका की मौत, किया हंगामा
अमर उजाला, ब्यूरो, कन्नौज
Updated Wed, 14 Jan 2015 12:30 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कन्नौज। जिला अस्पताल में बुखार का इलाज करा रही एक चार वर्षीय बालिका की इलाज के दौरान मौत हो गई। परिजनों ने चिकित्सक पर गलत इंजेक्शन लगाने का आरोप लगा हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पाकर पहुंची पुलिस ने उन्हें शांत कराया और पोस्टमार्टम कराने को कहा। इसके लिए परिजन तैयार नहीं हुए।
गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र के कसबा समधन निवासी मुस्तकीम अपने बच्चे अरमान (2) को कुपोषित वार्ड में 26 दिसंबर को भर्ती कराया था। यहां उसका इलाज चल रहा था। बच्चे के साथ उसकी मां कैकशा रहती थी। साथ में बड़ी पुत्री चार वर्षीय सुमैया खातून भी जिला अस्पताल में रह रही थी।
मुस्तकीम के मुताबिक सोमवार शाम सुमैया खातून को बुखार आया। जिला अस्पताल के डाक्टर ने उसका उपचार किया। इंजेक्शन लगाते ही उसकी मौत हो गई। सुबह होने पर परिजन मृत पुत्री को लेकर अपने घर चले गए। दोपहर बाद वह किसी के कहने पर शव लेकर दोबारा जिला अस्पताल पहुंचे।
विज्ञापन
यहां उन्होंने डाक्टर पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। सूचना मिलते ही कोतवाली के वरिष्ठ उप निरीक्षक रवीद्र नाथ यादव व क्षेत्राधिकारी सदर करन सिंह जिला अस्पताल पहुंचे। उन्होंने मृतक के पिता की बात सुनने के बाद आश्वासन दिया कि बालिका का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। जो रिपोर्ट आएगी, उसी के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। परिजन देर शाम तक शव लेकर जिला अस्पताल में बैठे रहे।
विज्ञापन
गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र के कसबा समधन निवासी मुस्तकीम अपने बच्चे अरमान (2) को कुपोषित वार्ड में 26 दिसंबर को भर्ती कराया था। यहां उसका इलाज चल रहा था। बच्चे के साथ उसकी मां कैकशा रहती थी। साथ में बड़ी पुत्री चार वर्षीय सुमैया खातून भी जिला अस्पताल में रह रही थी।
विज्ञापन
मुस्तकीम के मुताबिक सोमवार शाम सुमैया खातून को बुखार आया। जिला अस्पताल के डाक्टर ने उसका उपचार किया। इंजेक्शन लगाते ही उसकी मौत हो गई। सुबह होने पर परिजन मृत पुत्री को लेकर अपने घर चले गए। दोपहर बाद वह किसी के कहने पर शव लेकर दोबारा जिला अस्पताल पहुंचे।
विज्ञापन
यहां उन्होंने डाक्टर पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। सूचना मिलते ही कोतवाली के वरिष्ठ उप निरीक्षक रवीद्र नाथ यादव व क्षेत्राधिकारी सदर करन सिंह जिला अस्पताल पहुंचे। उन्होंने मृतक के पिता की बात सुनने के बाद आश्वासन दिया कि बालिका का पोस्टमार्टम कराया जाएगा। जो रिपोर्ट आएगी, उसी के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। परिजन देर शाम तक शव लेकर जिला अस्पताल में बैठे रहे।