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तपती दोपहर में झुलसा बदन, पारा 44 पार
Thu, 30 May 2019 12:14 AM IST
प्रतीक दुबे
kannauj
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Published by: प्रतीक दुबे
Updated Thu, 30 May 2019 12:14 AM IST
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मकरंदनगर में नगर पालिका के आरओ पर पानी के लिए खड़े लोग।
- फोटो : amarujala
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बदन झुलसा देने वाली तपती दोपहर के बीच तापमान ने इस सीजन में पहली बार 44 का आंकड़ा पार कर लिया है। बुधवार मई का सबसे गर्म दिन दर्ज किया गया। मौसम का मिजाज अभी और तल्ख होने की उम्मीद है। मौसम विभाग के मुताबिक शुक्रवार को 46 और शनिवार को तापमान 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। सात जून या इसके बाद बादल छाने से मौसम में तब्दीली हो सकती है। कुछ इलाकों में हल्की बूंदाबांदी की भी संभावना है। जिले में मानसून 26 जून तक आने की उम्मीद है।
सुबह 10 बजे तक तापमान 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है। बुधवार को न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। पांच किमी प्रति घंटे से भी ज्यादा रफ्तार से चल रहीं उत्तर-पश्चिमी हवाओं के थपेड़े चेहरा झुलसा रहे हैं। मौसम विभाग के मुताबिक गर्मी से फिलहाल सात जून से पहले तक राहत मिलती नहीं दिख रही है। मौसम विभाग ने अधिकतम तापमान 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान जताया है। सात जून से लेकर 14 जून के बीच तापमान में गिरावट के आसार हैं। बदली होने से तेज धूप से लोगों को राहत मिल सकती है। हालांकि बारिश की संभावना कम है। कुछ इलाकों में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है। सीएसए के मौसम वैज्ञानिक अनिरुद्ध दुबे के मुताबिक मानसून 26 जून तक आ सकता है। यानी शहरवासियों को अभी गर्मी से जल्द राहत मिलने की उम्मीद नहीं दिख रही है।
पानी न मिलने से भटक रहे मवेशी
बुधवार को तेज धूप के चलते राहगीर मुंह ढक कर निकले। नगरपालिका की ओर से शहर के कई स्थानों पर लगाए गए आरओ पर पानी लेने वालों की कतारें लगी रहीं। कोई शिकंजी तो कोई बर्फ का गोला खाकर प्यास बुझाता दिखा। गर्मी में सबसे अधिक दिक्कत अन्ना मवेशियों को रही है। पीने का पानी न मिलने से मवेशी इधर-उधर भटक रहे हैं। दोपहर के समय मक्का की फसल में सिंचाई कर रहे राम प्रकाश ने बताया कि अधिक गर्मी व तेज धूप के चलते मक्का की फसल में सिंचाई करने के दौरान दिक्कत हो रही है। भीषण गर्मी से वह फसल की सिंचाई करने के दौरान खेत में नहीं घुस सके। पूरे दिन उमस व गर्मी से लोगों का हाल बेहाल रहा। शाम पांच बजे तक सूरज की तपन कम होती नहीं दिखी।
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सुबह 10 बजे तक तापमान 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है। बुधवार को न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। पांच किमी प्रति घंटे से भी ज्यादा रफ्तार से चल रहीं उत्तर-पश्चिमी हवाओं के थपेड़े चेहरा झुलसा रहे हैं। मौसम विभाग के मुताबिक गर्मी से फिलहाल सात जून से पहले तक राहत मिलती नहीं दिख रही है। मौसम विभाग ने अधिकतम तापमान 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान जताया है। सात जून से लेकर 14 जून के बीच तापमान में गिरावट के आसार हैं। बदली होने से तेज धूप से लोगों को राहत मिल सकती है। हालांकि बारिश की संभावना कम है। कुछ इलाकों में हल्की बूंदाबांदी हो सकती है। सीएसए के मौसम वैज्ञानिक अनिरुद्ध दुबे के मुताबिक मानसून 26 जून तक आ सकता है। यानी शहरवासियों को अभी गर्मी से जल्द राहत मिलने की उम्मीद नहीं दिख रही है।
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पानी न मिलने से भटक रहे मवेशी
बुधवार को तेज धूप के चलते राहगीर मुंह ढक कर निकले। नगरपालिका की ओर से शहर के कई स्थानों पर लगाए गए आरओ पर पानी लेने वालों की कतारें लगी रहीं। कोई शिकंजी तो कोई बर्फ का गोला खाकर प्यास बुझाता दिखा। गर्मी में सबसे अधिक दिक्कत अन्ना मवेशियों को रही है। पीने का पानी न मिलने से मवेशी इधर-उधर भटक रहे हैं। दोपहर के समय मक्का की फसल में सिंचाई कर रहे राम प्रकाश ने बताया कि अधिक गर्मी व तेज धूप के चलते मक्का की फसल में सिंचाई करने के दौरान दिक्कत हो रही है। भीषण गर्मी से वह फसल की सिंचाई करने के दौरान खेत में नहीं घुस सके। पूरे दिन उमस व गर्मी से लोगों का हाल बेहाल रहा। शाम पांच बजे तक सूरज की तपन कम होती नहीं दिखी।
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