{"_id":"c7fed260b506a28afe73bc8367a29060","slug":"save-daughters-with-education-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"‘शिक्षा के साथ बेटियों को बचाएं’","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
‘शिक्षा के साथ बेटियों को बचाएं’
ब्यूूराे/अमर उजाला, कन्नौज
Updated Thu, 10 Dec 2015 11:57 PM IST
विज्ञापन
सरायमीरा लोहिया चौराहे के पास स्थित एक गेस्टहाउस
विज्ञापन
में गुरुवार को प्यारी बिटिया कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसके तहत बेटी
बचाओ व बेटी पढ़ाओ का नारा बुलंद किया गया। डीएम अनुज कुमार झा ने
कार्यक्रम का शुभारंभ किया। बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ कार्यक्रम सप्ताह के तहत
आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि पुुरुष एवं महिला समान रूप से
हैं। इसी तरह बालक और बालिकाओं को समान अधिकार दें। भ्रूण हत्या न होने
दें।
न ही भ्रूण हत्या करें। उन्होंने लगातार घटती बालिकाओं की संख्या पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि शिक्षा के साथ ही बेटियों को बचाने का कार्य करें। उन्होंने कहा कि समाज में इसके प्रति जागरूकता लानी होगी। प्रदेश सरकार द्वारा मातृ एवं शिशु कल्याण वर्ष के रूप में यह साल मनाया जा रहा है। इसमें महिलाओं के प्रसव पूर्व तीन जांचों को कराना आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि बेटियों को पढ़ाना आवश्यक है। इसके तहत हर विद्यालय में बालिकाओं को ग्रामीण स्तर पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने महिला समरसता टीम को गांव-गांव जाकर बालिकाओं की शिक्षा पर जोर देने को कहा। बेटी बचाने के लिए सामाजिक सहयोग एवं जन जागरण की जरूरत पर जोर दिया।
प्रशासनिक स्तर पर इसके लिए कार्य करने की बात बताई। उन्होंने कहा कि बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान को सफल बनाने के लिए वृहद स्तर पर कार्य किए जाएं। सीएमओ डा. पीएन वाजपेयी ने कहा कि गर्भ में लड़का व लड़की की पहचान न करें। यह कानूनी तौर पर अपराध है। बेटी के जन्म पर पंजीकरण अवश्य कराएं। बेटी को पूरी शिक्षा और पोषण दें।
बेटी की शादी 18 वर्ष के बाद करें। सभी बेटियों को परिवार, स्कूल व सामाजिक स्थानों पर वाजिब सम्मान प्रदान करें। बीएसए रामकरन यादव ने कहा कि बालकों के साथ ही बालिकाओं को भी अवश्य शिक्षित करें, यह जरूरी है। कहा कि शिक्षा के साथ अन्य अधिकार भी बेटियों को प्रदान करें।
कार्यक्रम के दौरान कस्तूरबा गांधी स्कूल नसिरापुर, तालग्राम व मित्रसेनपुर के छात्र-छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम व गीत पेश किए। बैठक में सीडीओ उदयराज यादव, एसीएमओ डा. राममोहन तिवारी, पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी राजेश बघेल, समाज कल्याण अधिकारी शैलेंद्र गौतम, बीडीओ सदर साधना दीक्षित, सीडीपीओ नीलम कटियार, सुपरवाइजर रामकिशोरी त्रिपाठी, रंजना मिश्रा, वार्डन रश्मि मिश्रा आदि मौजूद थे।
न ही भ्रूण हत्या करें। उन्होंने लगातार घटती बालिकाओं की संख्या पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि शिक्षा के साथ ही बेटियों को बचाने का कार्य करें। उन्होंने कहा कि समाज में इसके प्रति जागरूकता लानी होगी। प्रदेश सरकार द्वारा मातृ एवं शिशु कल्याण वर्ष के रूप में यह साल मनाया जा रहा है। इसमें महिलाओं के प्रसव पूर्व तीन जांचों को कराना आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि बेटियों को पढ़ाना आवश्यक है। इसके तहत हर विद्यालय में बालिकाओं को ग्रामीण स्तर पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने महिला समरसता टीम को गांव-गांव जाकर बालिकाओं की शिक्षा पर जोर देने को कहा। बेटी बचाने के लिए सामाजिक सहयोग एवं जन जागरण की जरूरत पर जोर दिया।
प्रशासनिक स्तर पर इसके लिए कार्य करने की बात बताई। उन्होंने कहा कि बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान को सफल बनाने के लिए वृहद स्तर पर कार्य किए जाएं। सीएमओ डा. पीएन वाजपेयी ने कहा कि गर्भ में लड़का व लड़की की पहचान न करें। यह कानूनी तौर पर अपराध है। बेटी के जन्म पर पंजीकरण अवश्य कराएं। बेटी को पूरी शिक्षा और पोषण दें।
बेटी की शादी 18 वर्ष के बाद करें। सभी बेटियों को परिवार, स्कूल व सामाजिक स्थानों पर वाजिब सम्मान प्रदान करें। बीएसए रामकरन यादव ने कहा कि बालकों के साथ ही बालिकाओं को भी अवश्य शिक्षित करें, यह जरूरी है। कहा कि शिक्षा के साथ अन्य अधिकार भी बेटियों को प्रदान करें।
कार्यक्रम के दौरान कस्तूरबा गांधी स्कूल नसिरापुर, तालग्राम व मित्रसेनपुर के छात्र-छात्राओं ने सांस्कृतिक कार्यक्रम व गीत पेश किए। बैठक में सीडीओ उदयराज यादव, एसीएमओ डा. राममोहन तिवारी, पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी राजेश बघेल, समाज कल्याण अधिकारी शैलेंद्र गौतम, बीडीओ सदर साधना दीक्षित, सीडीपीओ नीलम कटियार, सुपरवाइजर रामकिशोरी त्रिपाठी, रंजना मिश्रा, वार्डन रश्मि मिश्रा आदि मौजूद थे।