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दबाव में है पुलिस, सांसद पर रासुका लगाकर हो सीबीआई जांच: अमिताभ ठाकुर

Tue, 06 Jun 2023 12:13 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 06 Jun 2023 12:13 AM IST
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Police is under pressure, CBI investigation should be done by putting Rasuka on MP
संवाद न्यूज एजेंसी
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कन्नौज। भाजपाईयों और पुलिस कर्मियों के बीच हुई मारपीट का मामला सुर्खियों में है। पूर्व आईपीएस अधिकारी व आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर सोमवार को अपनी पत्नी नूतन ठाकुर के साथ मामले की हकीकत जानने के लिए यहां पहुंचे। उन्होंने ने सांसद व अन्य आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार कर रासुका लगाए जाने की मांग की। कहा कि पुलिस इस मामले में बुरी तरह से भयभीत है। कोई पुलिस अफसर बात करने को तैयार हीं है। एएसपी डरे हुए दिखे। जानकारी करने पर वह सिर्फ थैंक्यू, थैंक्यू बोल रहे थे। साफ है कि पुलिस पर सियासी दबाव पड़ रहा है।
दरअसल, शुक्रवार की रात सदर कोतवाली के मंडी समिति पुलिस चौकी में कार्यकर्ता को छुड़ाने के दौरान भाजपाइयों और पुलिस के बीच मारपीट हो गई थी। इस मामले में सदर कोतवाली में सांसद सुब्रत पाठक सहित 10 नामजद व 40-42 अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हो चुकी है। इसी मामले में सोमवार को पूर्व आईपीएस अधिकारी व आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर अपनी पत्नी डॉ. नूतन ठाकुर के साथ दोपहर करीब 12 बजे घटना स्थल मंडी समिति पुलिस चौकी पहुंचे। लेकिन वहां पर उनको चौकी इंचार्ज मौकेज पर नहीं मिले। उन्होंने ने चौकी इंजार्च से फोन पर भी संपर्क करने का प्रयास किया लेकिन बात नहीं हो सकी। इसके बाद वह कार लेकर सीधे सदर कोतवाली पहुंचे। उनके आने से पहले ही सदर कोतवाल, एएसआई, एसआई समेत ज्यादातर पुलिस कर्मी कोतवाली छोड़कर गायब हो गए। कोतवाली में उन्होंने मुंशी से मामले की एफआईआर कापी पढ़ने के लिए मांगी। मुंशी ने उन्हें एफआईआर कॉपी तक मुहैया नहीं कराई। जिसके बाद वह अपनी पत्नी के साथ एसपी दफ्तर पहुंचे। एसपी कुंवर अनुपम सिंह भी मौके पर न होने की वजह से मुलाकात नहीं हो सकी। जिसके बाद उन्होंने एएसपी डॉ. अविंद कुमार से मुलाकात कर मामले की हकीकत जानी। उन्होंने मीडिया से रूबरू होकर कहा कि मंडी समिति पुलिस चौकी में जो घटना घटी है उसकी एफआईआर देखी है। उसमें अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। यहां आने के बाद जिस प्रकार मंडी चौकी, कोतवाली और एसपी दफ्तर में हालात देखे। पूरी मंडी चौकी पुलिस और कोतवाली पुलिस थाना छोड़कर भाग गई थी। मुझे नहीं लग रहा कि मामले में कोई न्याय होगा। बस पुलिस ने एफआईआर सही-सही दर्ज कर ली है। कहा कि यह मामला एक नजीर है कि भारतीय जनता पार्टी के किसी व्यक्ति का नाम आने से पुलिस घबरा जाती है। किसी विरोधी दल के व्यक्ति के मामले में पुलिस कैसे तुरंत शेर हो जाती है। शेर और हिरन की कहानी इस मामले में दिख रहा है।
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एएसपी को बताया डरा हुआ, हर सवाल पर सिर्फ थैंक्यू था जवाब
अमिताभ ठाकुर ने बताया कि मुलाकात के दौरान एएसपी डरे हुए कांपते से दिख रहे थे। कहा कि वह किसी भी सवाल का जवाब नहीं दे रहे थे। वह आईओ तक नाम नहीं बता रहे थे। वह सिर्फ एक ही शब्द जान रहे थे थैंक्यू, थैंक्यू। कहा कि एफआईआर एक दारोगा ने लिखवाई है। उसमें पुलिस वाले गवाह हैं। अगर पुलिस वाले अपनी गवाही से पलट जाएं तो उनका इमान है। इससे स्पष्ट है कि यहां पर कानून-व्यवस्था को ताक पर रखा गया है। पुलिस वालों के साथ बेहद गलत हुआ है। इसके बाद भी कार्रवाई नहीं होती है तो भगवान ही मालिक है। कहा कि बुलडोजर, एनकाउंटर सिर्फ विपक्षी दलों, पत्रकारों, आलोचकों के लिए है। सत्ताधारी पार्टी के लोगों के लिए सारे गुनाह माफ हैं।
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सांसद बेकसूर हैं तो एफआईआर कराएं
पूर्व आईपीएस अधिकारी बोले के उनकी मांग है कि तत्काल सांसद की गिरफ्तारी की जाए। अगर सांसद को लगता है कि उनके साथ गलत हुआ है तो वह एफआईआर दर्ज कराएं। कहा कि हम भी सीबीआई की मांग करें और सांसद की सरकार है, वह भी सीबीआई की मांग करें। अगर पुलिस वाले झूठ बोल रहे तो उनको जेल भेजिए। अगर पुलिस वाले सही बोल रहे तो सांसद को जेल भेजिए। हाथ पर हाथ धरकर थैंक्यू-थैंक्यू मत बोलिए। कहा कि वह इस मामले में डीजीपी से मुलाकात करेेंगे।
कोतवाली-चौकी पुलिस रही गायब
जिस पुलिस को न्याय दिलाने के लिए पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर कन्नौज पहुंचे। वही पुलिस उनसे कन्नी काटती दिखी। इस दौरान न तो मंडी चौकी में इंचार्ज मिले और न ही सदर कोतवाल से उनकी मुलाकात हो सकी। उनके कोतवाली पहुंचने की जानकारी मिलते ही पहले से वहां मौजूद दूसरे दरोगा भी निकल गए। एसपी दफ्तर पहुंचने पर एसपी से उनकी मुलाकात नहीं हुई। पुलिस के इस रवैया से पूर्व आईपीएस काफी नाराज भी दिखे। हालांकि इस दौरान उनके ईर्द-गिर्द सादी वर्दी में पुलिस के जवान मौजूद रहे। वह सभी उनके हर एक मूवमेंट का वीडियो बनाकर अपने उच्चाधिकारियों भेजते रहे।

एसपी ने किया था कन्नौज आने से मना
अमिताभ ठाकुर ने कहा कि जब एसपी को मेरे कन्नौज आने की सूचना मिली थी तो उन्होंने फोन कर अनुरोध किया था वह यहां न आएं। वह अपनी कार्रवाई कर रहे हैं। लेकिन आज उनका फोन बंद जा रहा है। जिस प्रकार ऊपर से नीचे तक रवैया है यह दर्शाता है कि पुलिस भाजपा के खौफ में है।
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