अखिलेश ही हमारे नेता
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करीब एक माह से समाजवादी पार्टी का पूरा कुनबा कलह से जूझ रहा है। चुनाव के समय पारिवारिक कलह का असर दिखाई देने लगा है। कार्यकर्ताओं से लेकर पदाधिकारी असहज दिखाई दे रहे हैं। कोई कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है। कन्नौज में हर नेता की जुबान पर बस एक ही बात है कि राष्ट्रीय अध्यक्ष उनके संरक्षक, जबकि उनके नेता अखिलेश यादव है। तीन दिनों से लखनऊ में जारी उठापटक में कन्नौज के नेता पीछे नहीं रहे। करीब एक सौ से अधिक नेताओं ने पहुंचकर अखिलेश के पक्ष में धरना प्रदर्शन किया। हालांकि सीनियर नेताओं का कहना है कि सीएम ने स्वयं कन्नौज के लोगों को रजत जयंती व क्रांति रथ जन संदेश यात्रा को सफल बनाए जाने के लिए लखनऊ छोड़ने का आदेश दिया है।
टिकट की लाइन में खड़े नेताओं की लंबी फौज व कार्यकर्ता इस लड़ाई से हताश हैं। प्रदेश अध्यक्ष ने जिस तरह से सीएम अखिलेश का समर्थन करने वाले नेताओं को बाहर का रास्ता दिखाया है, उससे जिला कमेटी के पदाधिकारी काफी भयभीत हैं। वह अखिलेश के पक्ष में होने की बात तो कह रहे हैं, लेकिन खुलकर बयानबाजी से बच रहे हैं, कहीं उनको भी चाचा बाहर का रास्ता न दिखा दे। कुछ नेता यह कहकर बच निकलते हैं कि पारिवारिक विवाद में इसमें किसी को पड़ने की जरूरत नहीं है।
लखनऊ से लौटे पूर्व ब्लाक प्रमुख नवाब सिंह यादव, विधानसभा क्षेत्र अध्यक्ष संजू कटियार, महासचिव संजय दुबे, जिलाध्यक्ष मुन्ना दरोगा का कहना है कि सीएम ने निर्देश दिया कि कभी-कभी विपरीत परिस्थितियों में भी काम किया जाता है। समय बहुत कीमती है बस कुछ दिन शेष रह गए हैं। सबकुछ भूलकर कार्यकर्ता तीन अक्तूबर को निकलने वाली क्रांति जन संदेश यात्रा व पांच को रजत जयंती समारोह को सफल बनाने में जुट जाएं। इन कार्यक्रमों में भीड़ जुटाने का आह्वान किया गया है। उधर टिकट की कतार में खड़े नेताओं ने टिकट की चिंता छोड़ दी है। उनका कहना है कि उनका लक्ष्य अपने नेता को मजबूती प्रदान करना है। उनकी मजबूती के बाद टिकट स्वत: मिलेगी। तीन विधानसभा सीटों से सिटिंग एमएलए फिलहाल फूंक-फूंककर कदम रख रहे हैं।
सीएम की खींची लाइन पर चलेंगे कन्नौज के नेता
समाजवादी पार्टी के फ्रंटल संगठनों का कहना है कि उनकी आस्था अखिलेश यादव के प्रति है। चाहें संगठन में कोई बदलाव किया जाए, किसी को हटा दिया जाए। इससे उनको किसी तरह का फर्क नहीं पड़ता। सीएम ने जो अलग रेखा खींची है, उस रेखा पर ही हम लोग पार्टी के लिए काम करेंगे।