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अवैध वसूली पर रोक लगाने की लगाई गुहार
ब्यूूराे/अमर उजाला, कन्नौज
Updated Sun, 03 Jan 2016 11:52 PM IST
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भारत विकलांग सेवा संस्थान की बैठक में अध्यक्ष ने विकलांगों से की जाने
वाली अवैध वसूली पर रोक लगाने की मांग की है।
अध्यक्ष धीरेंद्र सिंह राजपूत ने कहा कि कोई भी सरकारी कार्य कराने को विकलांगों को विभागों के चक्कर काटने पड़ते हैं। इसके साथ ही उनसे कार्य पूरा करने के नाम पर सुविधा शुल्क की मांग की जाती है। कहा कि गैस सिलेंडर लेने, बिजली बिल जमा कराने को विकलांगों को घंटों लाइनों में खड़ा होना पड़ता है।
ऐसे में विकलांगों के लिए अलग से काउंटर की व्यवस्था होनी चाहिए, जिससे उन्हें असुविधाओं का सामना न करना पड़े। इसके साथ ही बसों में परिचालक द्वारा विकलांगों के प्रमाणपत्र को मान्य नहीं करते और अभद्र भाषा का प्रयोग करते हैं। उन्होंने प्रदेश सरकार से मांग की कि विकलांगों के साथ दुर्व्यवहार न किया जाए, जबकि सरकार चुनने में सबसे ज्यादा विकलांगों की अहम भूमिका रहती है।
उन्होंने कहा कि बड़े अफसरों द्वारा विकलांगों की समस्याओं का शीघ्र निराकरण किया जाना चाहिए, जिससे विकलांगों को उनकी चौखट तक बार-बार चक्कर न लगाने पड़े। उन्होंने कहा कि अगर विकलांगों की समस्याओं का शीघ्र निराकरण नहीं किया गया तो विकलांग अनशन पर बैठने के लिए बाध्य होंगे।
बैठक के दौरान भारत विकलांग सेवा संस्थान की ओर से विकलांग संतोषी और सुल्तान को ट्राई साइकिल भी प्रदान की गई। इस मौके पर सतपाल सिंह, योगेश, लक्ष्मी, शीला, सुखरानी, जीतू, रामसुमरिन, रामसहाय, कल्लू, रामनिवास, संजीव, रागिनी और हरिओम आदि मौजूद थे।
अध्यक्ष धीरेंद्र सिंह राजपूत ने कहा कि कोई भी सरकारी कार्य कराने को विकलांगों को विभागों के चक्कर काटने पड़ते हैं। इसके साथ ही उनसे कार्य पूरा करने के नाम पर सुविधा शुल्क की मांग की जाती है। कहा कि गैस सिलेंडर लेने, बिजली बिल जमा कराने को विकलांगों को घंटों लाइनों में खड़ा होना पड़ता है।
ऐसे में विकलांगों के लिए अलग से काउंटर की व्यवस्था होनी चाहिए, जिससे उन्हें असुविधाओं का सामना न करना पड़े। इसके साथ ही बसों में परिचालक द्वारा विकलांगों के प्रमाणपत्र को मान्य नहीं करते और अभद्र भाषा का प्रयोग करते हैं। उन्होंने प्रदेश सरकार से मांग की कि विकलांगों के साथ दुर्व्यवहार न किया जाए, जबकि सरकार चुनने में सबसे ज्यादा विकलांगों की अहम भूमिका रहती है।
उन्होंने कहा कि बड़े अफसरों द्वारा विकलांगों की समस्याओं का शीघ्र निराकरण किया जाना चाहिए, जिससे विकलांगों को उनकी चौखट तक बार-बार चक्कर न लगाने पड़े। उन्होंने कहा कि अगर विकलांगों की समस्याओं का शीघ्र निराकरण नहीं किया गया तो विकलांग अनशन पर बैठने के लिए बाध्य होंगे।
बैठक के दौरान भारत विकलांग सेवा संस्थान की ओर से विकलांग संतोषी और सुल्तान को ट्राई साइकिल भी प्रदान की गई। इस मौके पर सतपाल सिंह, योगेश, लक्ष्मी, शीला, सुखरानी, जीतू, रामसुमरिन, रामसहाय, कल्लू, रामनिवास, संजीव, रागिनी और हरिओम आदि मौजूद थे।