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Kannauj News: सहभागी योजना पर जोर, छुट्टा मवेशियों से मिलेगा छुटकारा
Mon, 24 Jun 2024 01:36 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कन्नौज
संवाद न्यूज एजेंसी, कन्नौज
Updated Mon, 24 Jun 2024 01:36 AM IST
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तालग्राम। पशुपालन विभाग की ओर से संचालित मुख्यमंत्री सहभागी योजना पर अब जोर दिया जा रहा है। इससे छुट्टा मवेशियों से काफी हद तक छुटकारा मिल सकता है। यह दावा पशुपालन विभाग के चिकित्सक कर रहे हैं। पशुपालकों से सहभागी योजना में सहभागिता करने की अपील कर रहे हैं।
पशुपालन विभाग के अनुसार छुट्टा मवेशियों की समस्या से निपटने के लिए मुख्यमंत्री सहभागी योजना चलाई जा रही है। जिसमें पशुपालक गो आश्रय स्थलों से मवेशी को लेकर पाल सकते हैं। पशुपालक अपने क्षेत्र के बीडीओ से संपर्क कर मवेशी ले सकते हैं। पशुपालक गो आश्रय स्थल से अधिकतम चार मवेशी ले सकते हैं। इसके लिए उन्हें 50 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से भरण-पोषण भत्ता भी दिया जाएगा। ब्लॉक की 22 गोशालाओं में करीब 650 गोवंश संरक्षित हैं।
सहभागिता योजना के तहत अब तक टिकारी कलसान गोशाला से एक पशुपालक को चार, गदोरा से दो लोगों को चार, रोहली में एक लाभार्थी को दो, जयरामपुर में दो लोगों को पांच, तिसौली में दो पशुपालक को दो-दो, मझपुर्वा में एक को दो, तेराजाकट में दो पशुपालकों को चार, गंगा गंज गुरौली में तीन लाभार्थियों को पांच सहित 29 गाेवंश सहभागी योजना में दिए गए हैं।
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इनसेट
पशुपालक दिखा रहे रुचि
ब्लॉक नोडल पशु चिकित्साधिकारी डॉ. विकराल सिंह का कहना है कि पशुपालक सहभागी योजना की तरह रुचि दिखाने लगे हैं। इससे छुट्टा मवेशियों से छुटकारा मिलेगा।
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पशुपालन विभाग के अनुसार छुट्टा मवेशियों की समस्या से निपटने के लिए मुख्यमंत्री सहभागी योजना चलाई जा रही है। जिसमें पशुपालक गो आश्रय स्थलों से मवेशी को लेकर पाल सकते हैं। पशुपालक अपने क्षेत्र के बीडीओ से संपर्क कर मवेशी ले सकते हैं। पशुपालक गो आश्रय स्थल से अधिकतम चार मवेशी ले सकते हैं। इसके लिए उन्हें 50 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से भरण-पोषण भत्ता भी दिया जाएगा। ब्लॉक की 22 गोशालाओं में करीब 650 गोवंश संरक्षित हैं।
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सहभागिता योजना के तहत अब तक टिकारी कलसान गोशाला से एक पशुपालक को चार, गदोरा से दो लोगों को चार, रोहली में एक लाभार्थी को दो, जयरामपुर में दो लोगों को पांच, तिसौली में दो पशुपालक को दो-दो, मझपुर्वा में एक को दो, तेराजाकट में दो पशुपालकों को चार, गंगा गंज गुरौली में तीन लाभार्थियों को पांच सहित 29 गाेवंश सहभागी योजना में दिए गए हैं।
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पशुपालक दिखा रहे रुचि
ब्लॉक नोडल पशु चिकित्साधिकारी डॉ. विकराल सिंह का कहना है कि पशुपालक सहभागी योजना की तरह रुचि दिखाने लगे हैं। इससे छुट्टा मवेशियों से छुटकारा मिलेगा।