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शौचालयों के निर्माण में घोटाला, लाखों डकारे

kannauj Updated Sun, 14 Jan 2018 12:19 AM IST
शौचालय दिखाती रामजानकी।
शौचालय दिखाती रामजानकी। - फोटो : अमर उजाला
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कन्नौज। जिले में शौचालयों के निर्माण के नाम बड़ा घोटाला सामने आया है। ग्रामसभा रामपुर मझला में ही 2014 से 2016 तक शौचालयों के निर्माण में मनमानी की गई। बीडीओ की जांच में यहां करीब 498 शौचालयों में गड़बड़ी पाई गई। तत्कालीन सचिवों और एक पूर्व प्रधान ने मिलकर करीब सौ शौचालयों का धन करीब 12 लाख रुपये हजम कर लिया और कई शौचालय अधबने छोड़ दिए। बीडीओ की जांच रिपोर्ट मिलने के बाद जिला पंचायत राज अधिकारी (डीपीआरओ) ने दो तत्कालीन सचिवों व एक पूर्व प्रधान को नोटिस जारी की है। इनके खिलाफ पैसों की रिकवरी और मुकदमा दर्ज कराने की भी तैयारी है। उल्लेखनीय है कि रामजानकी और रामपाल कुशवाहा का मामला सामने आने के बाद जब जांच की गई तो गड़बड़ी का खुलासा हुआ।


रामजानकी और रामपाल कुशवाहा की तरह रामपुर मझला ग्राम सभा के बलराम, रामशरण व उमाशंकर समेत कई ऐसे लोग और हैं, जिन्हें शौचालय के नाम पर सिर्फ लॉलीपाप पकड़ा दिया गया। तत्कालीन सचिवों ने पूर्व प्रधान के साथ मिलकर सरकारी धन का जमकर दुरुपयोग किया। 498 में 100 शौचालय तो जमीन पर मिले ही नहीं। लाभार्थियों का पैसा पूरा का पूरा हजम कर लिया गया। जो शेष शौचालय बनवाए भी गए तो उनका निर्माण ही पूरा नहीं कराया गया। किसी में लेंटर नहीं पड़ा तो कहीं दरवाजा नहीं लगवाया गया। ज्यादातर शौचालयों के गड्ढे तक नहीं खोदे गए थे। पूरा मामला दबा का दबा ही रह जाता लेकिन कुछ ग्रामीणों की शिकायत पर अधिकारी हरकत में आ गए।


डीपीआरओ के सामने मामला पहुंचने पर बीडीओ उमर्दा रामाश्रय को इसकी जांच सौंपी गई। जांच में शिकायत सही पाई गई। बीडीओ उमर्दा ने बताया कि करीब 100 शौचालयों का पैसा तो निकाल लिया गया लेकिन इनका निर्माण नहीं कराया गया। कई शौचालय ऐसे मिले जो अधूरे ही छोड़ दिए गए। न तो लेंटर डाला गया और न ही गड्ढा खोदा गया। मौके पर की गई जांच में घटिया ईंट लगाना भी पाया गया है। रिपोर्ट डीपीआरओ को भेज दी गई है। बीडीओ रामाश्रय ने बताया कि एक शौचालय निर्माण के लिए 12 हजार रुपये लाभार्थियों को दिए जाते हैं। करीब 100 शौचालय बनवाये ही नहीं गए। यानि करीब 12 लाख रुपये ऐसे ही हजम कर लिए गए। इनके अलावा अधूरा निर्माण कराकर भी लाखों रुपयों का हेरफेर हुआ है।

बोले जिम्मेदार
 शौचालय निर्माण में गड़बड़ी सामने आई है। तत्कालीन सचिव बृजेश कुमार, मुजीब के साथ ही एक पूर्व प्रधान को भी नोटिस जारी की गई हैं। इनसे पैसों की रिकवरी तो कराई ही जाएगी साथ ही रिपोर्ट भी दर्ज होगी।
- इंद्रपाल सोनकर, जिला पंचायत राज अधिकारी, कन्नौज।

 मामले की जानकारी अभी उन्हें नहीं है। जांच के बाद यदि नोटिस जारी की गई है तो आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। डीपीआरओ से पूरे मामले की रिपोर्ट मांगेंगे।
- रविंद्र कुमार, जिलाधिकारी।

 

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