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काली नदी का सफर, ढा रहा कहर
ब्यूूराे/अमर उजाला, कन्नौज
Updated Sun, 03 Jan 2016 12:04 AM IST
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इंदुइयागंज के निकट काली नदी में ग्रामीणों से भरी
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नाव पलट गई, जिससे उसमें सवार आधा दर्जन लोग व दो बाइकें नदी में गिरकर डूब
गईं। जानकारी मिलते ही ग्रामीणों की भीड़ एकत्र हो गई। कई लोगों ने नदी
में कूदकर पानी में डूबे लोगों को सकुशल बाहर निकाल लिया। इस दौरान एक
छात्रा चुटहिल हो गई।
इस घटना को लेकर ग्रामीणों ने प्रशासन के खिलाफ जमकर भड़ास निकाली। नारेबाजी कर गंभीर आरोप लगाए और कहा कि अफसरों की नाकामी के कारण डेढ़ साल पहले बना पुल बेमतलब साबित हो रहा है। कोतवाली क्षेत्र के गांव इंदुइयागंज स्थित काली नदी पार करने के लिए शनिवार की सुबह कुछ स्कूली छात्र-छात्राएं व ग्रामीण दो बाइकों समेत नाव पर सवार हुए। नाव को गांव इंदुइयागंज निवासी श्रीप्रकाश चला रहा था।
उत्तरी किनारे से दक्षिण दिशा की ओर नाव चलने के बाद करीब 15 फिट की दूरी पर एकाएक नाव असंतुलित होकर पलट गई। इससे गांव भज्जापुरवा निवासी छात्रा उपासना, आराधना, रुचि, पूनम व मदनलाल, चचासंडा निवासी डिंपल और दो बाइकें पानी में डूब गईं। नाव पलटते देख नदी किनारे खड़े लोगों में हड़कंप मच गया।
शोर मचने पर आसपास खेतों में काम कर रहे तमाम मौके पर एकत्र हुए और कई नौजवान नदी में कूदकर डूबे लोगों को बाहर निकालकर उनकी जान बचाई। इस दौरान चोट लग जाने से छात्रा उपासना घायल हो गई। इस घटना के बाद अंशू प्रताप सिंह, किशोरीलाल, आशाराम, योगेश वर्मा, राम भजन, रामऔतार आदि ने प्रशासन पर आरोप लगाया कि वह किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है।
दक्षिण छोर का संपर्क मार्ग नहीं बनाया गया। इस कारण सरकार के करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद आवागमन शुरू नहीं हो पा रहा है। मजबूरी में लोग नाव से पार जाते हैं। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि कुछ लोग जबरन डोंगा चला रहे हैं, पर नाव का इस्तेमाल नहीं करते हैं।
डोंगा की चौड़ाई कम होने पर वह असंतुलित होकर पलट जाता है। इस पर रोक लगाई जाए। उधर, सूचना पाकर हल्का चौकी के दरोगा कालीचरण ने ग्रामीणों से घटना के बारे में जानकारी ली। इसके बाद उन्होंने नदी में डोंगा चलाने पर सख्ती से पाबंदी लगा दी।
इस घटना के बाद कई घंटे तक नाव का संचालन बंद रहने से नदी के दोनों तटों पर नदी पार करने वालों की भीड़ जमा रही। वहीं शासन-प्रशासन का कोई भी अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। उधर, जिला पंचायत सदस्य के पुत्र सपा नेता पिंटू यादव का कहना है कि पुल निर्माण की समस्या बेहद गंभीर है। पुल के दूसरी तरफ पीड़ित किसानों को मुआवजा दिलाकर सड़क पूर्ण कराने के लिए मुख्यमंत्री के पास जाकर गुहार लगाएंगे।
इस घटना को लेकर ग्रामीणों ने प्रशासन के खिलाफ जमकर भड़ास निकाली। नारेबाजी कर गंभीर आरोप लगाए और कहा कि अफसरों की नाकामी के कारण डेढ़ साल पहले बना पुल बेमतलब साबित हो रहा है। कोतवाली क्षेत्र के गांव इंदुइयागंज स्थित काली नदी पार करने के लिए शनिवार की सुबह कुछ स्कूली छात्र-छात्राएं व ग्रामीण दो बाइकों समेत नाव पर सवार हुए। नाव को गांव इंदुइयागंज निवासी श्रीप्रकाश चला रहा था।
उत्तरी किनारे से दक्षिण दिशा की ओर नाव चलने के बाद करीब 15 फिट की दूरी पर एकाएक नाव असंतुलित होकर पलट गई। इससे गांव भज्जापुरवा निवासी छात्रा उपासना, आराधना, रुचि, पूनम व मदनलाल, चचासंडा निवासी डिंपल और दो बाइकें पानी में डूब गईं। नाव पलटते देख नदी किनारे खड़े लोगों में हड़कंप मच गया।
शोर मचने पर आसपास खेतों में काम कर रहे तमाम मौके पर एकत्र हुए और कई नौजवान नदी में कूदकर डूबे लोगों को बाहर निकालकर उनकी जान बचाई। इस दौरान चोट लग जाने से छात्रा उपासना घायल हो गई। इस घटना के बाद अंशू प्रताप सिंह, किशोरीलाल, आशाराम, योगेश वर्मा, राम भजन, रामऔतार आदि ने प्रशासन पर आरोप लगाया कि वह किसी बड़े हादसे का इंतजार कर रहा है।
दक्षिण छोर का संपर्क मार्ग नहीं बनाया गया। इस कारण सरकार के करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद आवागमन शुरू नहीं हो पा रहा है। मजबूरी में लोग नाव से पार जाते हैं। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि कुछ लोग जबरन डोंगा चला रहे हैं, पर नाव का इस्तेमाल नहीं करते हैं।
डोंगा की चौड़ाई कम होने पर वह असंतुलित होकर पलट जाता है। इस पर रोक लगाई जाए। उधर, सूचना पाकर हल्का चौकी के दरोगा कालीचरण ने ग्रामीणों से घटना के बारे में जानकारी ली। इसके बाद उन्होंने नदी में डोंगा चलाने पर सख्ती से पाबंदी लगा दी।
इस घटना के बाद कई घंटे तक नाव का संचालन बंद रहने से नदी के दोनों तटों पर नदी पार करने वालों की भीड़ जमा रही। वहीं शासन-प्रशासन का कोई भी अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। उधर, जिला पंचायत सदस्य के पुत्र सपा नेता पिंटू यादव का कहना है कि पुल निर्माण की समस्या बेहद गंभीर है। पुल के दूसरी तरफ पीड़ित किसानों को मुआवजा दिलाकर सड़क पूर्ण कराने के लिए मुख्यमंत्री के पास जाकर गुहार लगाएंगे।