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Kannauj News: पेट्रोल पंप के लिए जमीन अनुबंध में हेराफेरी का आरोप, रिपोर्ट दर्ज
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तालग्राम। पेट्रोल पंप के लिए जमीन अनुबंध में हेराफेरी का आरोप लगाया गया है। न्यायालय के आदेश पर तीन नामजद सहित छह लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी, तमंचा लगाकर जान से मारने की धमकी और एससी-एसटी एक्ट के तहत पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की है।
लखनऊ सरोजनी नगर थाना खेड़ा बदानी निवासी अभिशेष जाटव ने थाना तालग्राम ताहपुर निवासी सर्वेश शुक्ला, शिवम शुक्ला, कलावती सहित छह लोगों पर रिपोर्ट दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि पेट्रोल पंप लगवाने के लिए कलावती से 1600 वर्ग जमीन का 30 वर्ष के लिए पट्टे पर अनुबंध हुआ था। 20 फरवरी 2018 को रजिस्ट्री करवाई, जिसमें प्लाट अकृषक घोषित होने का उल्लेख किया गया था।
इस विश्वास में आकर उसने जमीन की बाउंड्रीवॉल और मिट्टी भराव में 35 लाख रुपये खर्च कर दिए। बाद में बताया गया कि प्लाट अकृषक घोषित नहीं है। इसके लिए ट्रेजरी में शुल्क जमा कराकर अकृषक कराने की कार्रवाई की गई। एसडीएम न्यायालय के आदेश से पहले विपक्षी कलावती ने बेईमानी की नियत से सात फरवरी 2021 को भूखंड को अकृषक न कराने का प्रार्थना पत्र देकर आदेश रुकवा दिया। 14 अप्रैल 2024 को भाई योगेश जाटव, पिता पेशकार ने ताहपुर जाकर विपक्षियों से बातचीत की तो उन्होंने जातिसूचक गालियां और तमंचा दिखाकर जान से मारने की धमकी दी है। प्रशिक्षु सीओ कपूर कुमार ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज कर जांच की जा रही है।
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इनसेट--
जमीन का मामला न्यायालय में विचाराधीन
अधिवक्ता शिवम शुक्ला का कहना कि जमीन का मामला सिविल न्यायालय छिबरामऊ में विचाराधीन है। उनके व परिवार के सदस्यों पर लगाए गए आरोप सरासर गलत हैं। कोर्ट के आदेश पर झूठा मुकदमा दर्ज करा दिया गया है। पुलिस के आला अफसरों से निष्पक्ष जांच की गुहार लगाएंगे।
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लखनऊ सरोजनी नगर थाना खेड़ा बदानी निवासी अभिशेष जाटव ने थाना तालग्राम ताहपुर निवासी सर्वेश शुक्ला, शिवम शुक्ला, कलावती सहित छह लोगों पर रिपोर्ट दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि पेट्रोल पंप लगवाने के लिए कलावती से 1600 वर्ग जमीन का 30 वर्ष के लिए पट्टे पर अनुबंध हुआ था। 20 फरवरी 2018 को रजिस्ट्री करवाई, जिसमें प्लाट अकृषक घोषित होने का उल्लेख किया गया था।
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इस विश्वास में आकर उसने जमीन की बाउंड्रीवॉल और मिट्टी भराव में 35 लाख रुपये खर्च कर दिए। बाद में बताया गया कि प्लाट अकृषक घोषित नहीं है। इसके लिए ट्रेजरी में शुल्क जमा कराकर अकृषक कराने की कार्रवाई की गई। एसडीएम न्यायालय के आदेश से पहले विपक्षी कलावती ने बेईमानी की नियत से सात फरवरी 2021 को भूखंड को अकृषक न कराने का प्रार्थना पत्र देकर आदेश रुकवा दिया। 14 अप्रैल 2024 को भाई योगेश जाटव, पिता पेशकार ने ताहपुर जाकर विपक्षियों से बातचीत की तो उन्होंने जातिसूचक गालियां और तमंचा दिखाकर जान से मारने की धमकी दी है। प्रशिक्षु सीओ कपूर कुमार ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज कर जांच की जा रही है।
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जमीन का मामला न्यायालय में विचाराधीन
अधिवक्ता शिवम शुक्ला का कहना कि जमीन का मामला सिविल न्यायालय छिबरामऊ में विचाराधीन है। उनके व परिवार के सदस्यों पर लगाए गए आरोप सरासर गलत हैं। कोर्ट के आदेश पर झूठा मुकदमा दर्ज करा दिया गया है। पुलिस के आला अफसरों से निष्पक्ष जांच की गुहार लगाएंगे।