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Kannauj News: रंगों में दिखी विरासत की झलक, संग्रहालय में बच्चों ने उकेरा इतिहास
Tue, 19 May 2026 12:51 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कन्नौज
संवाद न्यूज एजेंसी, कन्नौज
Updated Tue, 19 May 2026 12:51 AM IST
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फोटो :51: संग्रहालय में प्रतियोगिता में भाग लेते स्कूली बच्चे। संवाद स्रोत स्वंय
कन्नौज। अंतरराष्ट्रीय संग्रहालय दिवस के मौके पर सोमवार को शहर के पुरातत्व संग्रहालय में कला और संस्कृति का रंगीन संगम देखने को मिला। संस्कृति विभाग उत्तर प्रदेश के राजकीय पुरातत्व संग्रहालय एवं इंडियन ट्रेडिशन एंड हेरिटेज सोसाइटी के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कला प्रतियोगिता में बच्चों ने चित्रों के माध्यम से इतिहास, धरोहर और सांस्कृतिक विरासत को जीवंत कर दिया। प्रतियोगिता में कानपुर पब्लिक स्कूल और जागरण पब्लिक स्कूल के करीब 150 छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। बच्चों ने संग्रहालय, ऐतिहासिक धरोहरों और भारतीय संस्कृति को अपनी कल्पनाशीलता के रंगों में उकेरा।
संग्रहालयाध्यक्ष राम प्रकाश यादव ने बताया कि इस तरह के आयोजन बच्चों और युवाओं में संग्रहालय के प्रति रुचि बढ़ाने के साथ उनकी सृजनात्मक सोच को भी प्रोत्साहित करते हैं। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय संग्रहालय दिवस केवल विरासत संरक्षण का अवसर नहीं, बल्कि समाज को संस्कृति, इतिहास और कला से जोड़ने का भी माध्यम है। प्रतियोगिता में बनी श्रेष्ठ चित्र कलाओं का चयन कर प्रतिभागियों को पुरस्कार और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में एम आलम, सागर महेश्वरी, नमन दुआ, डॉ. पवन कुमार तिवारी, अरविंद कुमार सिंह और रजनेश शर्मा समेत शिक्षक-शिक्षिकाएं रहीं।
इनसेट
बच्चों की कल्पना में दिखा इतिहास
प्रतियोगिता के दौरान किसी ने प्राचीन मूर्तियों को रंगों में उतारा तो किसी ने संग्रहालय भवन और सांस्कृतिक विरासत को अपनी कला में सजाया। बच्चों की चित्र कलाओं में इतिहास के प्रति उत्साह और रचनात्मक सोच साफ दिखाई दी। प्रतियोगिता देखने पहुंचे लोग भी बच्चों की प्रतिभा की सराहना करते नजर आए।
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संग्रहालयाध्यक्ष राम प्रकाश यादव ने बताया कि इस तरह के आयोजन बच्चों और युवाओं में संग्रहालय के प्रति रुचि बढ़ाने के साथ उनकी सृजनात्मक सोच को भी प्रोत्साहित करते हैं। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय संग्रहालय दिवस केवल विरासत संरक्षण का अवसर नहीं, बल्कि समाज को संस्कृति, इतिहास और कला से जोड़ने का भी माध्यम है। प्रतियोगिता में बनी श्रेष्ठ चित्र कलाओं का चयन कर प्रतिभागियों को पुरस्कार और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।
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कार्यक्रम में एम आलम, सागर महेश्वरी, नमन दुआ, डॉ. पवन कुमार तिवारी, अरविंद कुमार सिंह और रजनेश शर्मा समेत शिक्षक-शिक्षिकाएं रहीं।
इनसेट
बच्चों की कल्पना में दिखा इतिहास
प्रतियोगिता के दौरान किसी ने प्राचीन मूर्तियों को रंगों में उतारा तो किसी ने संग्रहालय भवन और सांस्कृतिक विरासत को अपनी कला में सजाया। बच्चों की चित्र कलाओं में इतिहास के प्रति उत्साह और रचनात्मक सोच साफ दिखाई दी। प्रतियोगिता देखने पहुंचे लोग भी बच्चों की प्रतिभा की सराहना करते नजर आए।

फोटो :51: संग्रहालय में प्रतियोगिता में भाग लेते स्कूली बच्चे। संवाद स्रोत स्वंय
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