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Jhansi News: गर्मी में किसानों की आय बढ़ाएगी विराट और शिखा मूंग
Wed, 20 Mar 2024 12:38 AM IST
झांसी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी
संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी
Updated Wed, 20 Mar 2024 12:38 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। गर्मी के मौसम में भी बुंदेलखंड के किसान अपनी आय का रास्ता बना सकें इसके लिए केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय उन्हें अपने प्रोजेक्ट से जोड़ रहा है। इसके लिए विश्वविद्यालय ने किसानों को मूंग के उन्नत बीज वितरण शुरू किया है। साथ ही उन्हें व्हाट़्सएप ग्रुप से जोड़कर तकनीकी सहायता भी प्रदान की जा रही है।
विवि के कृषि वैज्ञानिक डॉ. अंशुमन सिंह ने बताया कि बुंदेलखंड की भूमि और जलवायु के हिसाब से मूंग की फसल किसानों के लिए लाभकारी है। यदि किसान इस माह में मूंग की विराट और शिखा किस्म की बुवाई करते हैं तो उन्हें अच्छा लाभ मिल सकता है। विराट 60 दिन और शिखा 70 दिन में तैयार हो जाती है। इन दोनों किस्म की प्रति एकड़ पैदावार 10 से 12 क्विंटल है। बताया कि अभी तक झांसी, जालौन, ललितपुर और निवाड़ी जिले के 200 किसानों ने मूंग का बीज खरीदा है।
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किसान बनेंगे पाैधों के डाॅक्टर
झांसी। रानी लक्ष्मीबाई केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय में बुंदेलखंड के तीस किसानों को पौधों का डॉक्टरों बनाने के लिए उच्च स्तरीय प्रशिक्षण दिया जा रहा है। मंगलवार को पादप रोग विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. प्रशांत जांभुलकर ने पौधों में लगने वाले कीड़े, वैक्टीरिया, वायरस और फंगस के प्रबंधन का प्रशिक्षण दिया। इसमें झांसी, निवाड़ी, ललितपुर, टीकमगढ़, दतिया और शिवपुरी के किसान शामिल हैं। संवाद
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झांसी। गर्मी के मौसम में भी बुंदेलखंड के किसान अपनी आय का रास्ता बना सकें इसके लिए केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय उन्हें अपने प्रोजेक्ट से जोड़ रहा है। इसके लिए विश्वविद्यालय ने किसानों को मूंग के उन्नत बीज वितरण शुरू किया है। साथ ही उन्हें व्हाट़्सएप ग्रुप से जोड़कर तकनीकी सहायता भी प्रदान की जा रही है।
विवि के कृषि वैज्ञानिक डॉ. अंशुमन सिंह ने बताया कि बुंदेलखंड की भूमि और जलवायु के हिसाब से मूंग की फसल किसानों के लिए लाभकारी है। यदि किसान इस माह में मूंग की विराट और शिखा किस्म की बुवाई करते हैं तो उन्हें अच्छा लाभ मिल सकता है। विराट 60 दिन और शिखा 70 दिन में तैयार हो जाती है। इन दोनों किस्म की प्रति एकड़ पैदावार 10 से 12 क्विंटल है। बताया कि अभी तक झांसी, जालौन, ललितपुर और निवाड़ी जिले के 200 किसानों ने मूंग का बीज खरीदा है।
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किसान बनेंगे पाैधों के डाॅक्टर
झांसी। रानी लक्ष्मीबाई केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय में बुंदेलखंड के तीस किसानों को पौधों का डॉक्टरों बनाने के लिए उच्च स्तरीय प्रशिक्षण दिया जा रहा है। मंगलवार को पादप रोग विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. प्रशांत जांभुलकर ने पौधों में लगने वाले कीड़े, वैक्टीरिया, वायरस और फंगस के प्रबंधन का प्रशिक्षण दिया। इसमें झांसी, निवाड़ी, ललितपुर, टीकमगढ़, दतिया और शिवपुरी के किसान शामिल हैं। संवाद
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