झांसी। केंद्रीय जल आयोग की टीम ने यहां पहुंचकर सिंचाई परियोजनाओं की जमीनी हकीकत परखी। टीम सदस्यों ने सभी योजनाओं का भौतिक सत्यापन किया। सदस्य सबसे पहले मऊरानीपुर स्थित लखेरी बांध पहुंचे। यहां उन्होंने लखेरी बांध के मौजूदा जल भराव एवं डूब क्षेत्र का जायजा लिया। एक्सईएन सिद्घार्थ सिंह ने टीम को बांध के लिए चल रहे कार्यों के बारे में बताया। टीम ने ग्रामीणों से भी बात की। इसके बाद सदस्य शहजाद बांध पहुंचे। यहां स्प्रिंकलर सिंचाई के मॉडल को देखा। अभी यहां पंप हाउस में पानी भरा है। इस वजह से काम बाधित चल रहा है। इसके जरिए बड़ौदा, डांग, रजपुरा, पारौन एवं बटवाहा गांव के लोगों को सिंचाई सुविधा मिल सकेगी। यहां से टीम भावनी बांध पहुंची। एक्सईएन भागीरथ वर्मा ने बांध के मौजूदा जल संग्राहण के बारे में बताया। बांध के आसपास काफी संख्या में झाड़ियां उग आई थीं। सदस्यों ने इसे दूर कराने की जरूरत बताई। टीम ने रोहिणी बांध एवं जमरार बांध का भी जायजा लिया। केंद्रीय जल आयोग इस समय पूरे देश में सभी सूबों के सिंचाई विभाग के कार्यों की जमीनी हकीकत परख रहा है। इसके आधार पर प्रदेश की रैकिंग तय होगी। इस दौरान सहायक अभियंता संजय गौतम, शुभम सक्सेना, धीरज कुमार, अवर अभियंता आर कुमार गुप्ता, लोकेश कुमार समेत अन्य उपस्थित थे।