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सौर ऊर्जा से रोशन होगा रानी का किला
अमर उजाला ब्यूराो
Updated Sat, 09 Sep 2017 12:36 AM IST
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rani mahal
- फोटो : demo pic
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झांसी।
रानी का ऐतिहासिक दुर्ग सौर ऊर्जा से रोशन होगा। यह फैसला शुक्रवार को हुई झांसी विकास प्राधिकरण की बैठक में लिया गया। इसके अलावा मंडलायुक्त ने जेडीए में शामिल 62 गांवों में पट्टे जारी नहीं करने के निर्देश दिए। इसके अलावा मंडलायुक्त ने ट्रांसपोर्ट नगर के लिए जमीन तलाशने के भी निर्देश जारी किए गए।
कमिश्नरी सभागार में हुई बैठक में मंडलायुक्त /जेडीए अध्यक्ष ने कहा कि रानी के किले में सौर ऊर्जा से संचालित होने वाले विद्युत उपकरण लगाए जाएं। इसके लिए जल्द सर्वे किया जाए। सोलर पैनल लगाने के लिए जेडीए, नेडा और पुरातत्व विभाग संयुक्त सर्वे कर स्थान चिह्नित करें। नेडा की ओर से बताया गया कि दुर्ग बीस किलोवाट से रोशन हो जाएगा। इस दौरान तय हुआ कि जेडीए की सीमा में शामिल 62 गांवों में पट्टे देने की कार्रवाई रोक दी जाए। टाउन प्लानर एन के पुष्करणा ने झांसी महायोजना 2017 में इन गांवों को शामिल करते हुए पावर प्वाइंट प्रजेंटेशन के माध्यम से होने वाले विकास की जानकारी दी। पं. दीनदयाल उपाध्याय सभागार के विकास के लिए एक एजेंसी ने पावर प्वाइंट प्रजेंटेशन दिया। राजकीय निर्माण निगम को भी प्रजेंटेशन के निर्देश दिए गए।
बैठक में ट्रांसपोर्ट नगर पर भी चर्चा हुई। टाउन प्लानर ने बताया कि महायोजना में इसे कानपुर रोड पर बनाया जाना है। मंडलायुक्त ने कहा कि ट्रांसपोर्ट नगर सरकारी भूमि पर बनाया जाए। इसके लिए नगर निगम और राजस्व विभाग जमीन की तलाश करें। इसके अलावा क्राफ्ट मेला ग्राउंड में निर्माणाधीन अरबन हाट का काम पूरा कर इसके संचालन को भी कहा गया। इस दौरान पंचतंत्र पार्क के विकास पर भी चर्चा हुई।
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इस मौके पर जिलाधिकारी कर्ण सिंह चौहान, नगर आयुक्त प्रताप सिंह भदौरिया, जेडीए सचिव सीपी तिवारी, संयुक्त आयुक्त उद्योग एसके श्रीवास्तव समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
अवैध निर्माण होंगे सील
झांसी विकास प्राधिकरण की बैठक में मंडलायुक्त अमित गुप्ता ने कहा कि ऐसे जेडीए से मानचित्र स्वीकृत कराए बिना हो रहे निर्माण को सील किया जाए। इसमें किसी तरह की कोताही न बरती जाए। इसके अलावा प्राधिकरण के अवर अभियंता शमन योग्य प्रकरण को प्राथमिकता से लेते हुए शुल्क जमा कर प्राधिकरण की आय बढ़ाएं।
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रानी का ऐतिहासिक दुर्ग सौर ऊर्जा से रोशन होगा। यह फैसला शुक्रवार को हुई झांसी विकास प्राधिकरण की बैठक में लिया गया। इसके अलावा मंडलायुक्त ने जेडीए में शामिल 62 गांवों में पट्टे जारी नहीं करने के निर्देश दिए। इसके अलावा मंडलायुक्त ने ट्रांसपोर्ट नगर के लिए जमीन तलाशने के भी निर्देश जारी किए गए।
कमिश्नरी सभागार में हुई बैठक में मंडलायुक्त /जेडीए अध्यक्ष ने कहा कि रानी के किले में सौर ऊर्जा से संचालित होने वाले विद्युत उपकरण लगाए जाएं। इसके लिए जल्द सर्वे किया जाए। सोलर पैनल लगाने के लिए जेडीए, नेडा और पुरातत्व विभाग संयुक्त सर्वे कर स्थान चिह्नित करें। नेडा की ओर से बताया गया कि दुर्ग बीस किलोवाट से रोशन हो जाएगा। इस दौरान तय हुआ कि जेडीए की सीमा में शामिल 62 गांवों में पट्टे देने की कार्रवाई रोक दी जाए। टाउन प्लानर एन के पुष्करणा ने झांसी महायोजना 2017 में इन गांवों को शामिल करते हुए पावर प्वाइंट प्रजेंटेशन के माध्यम से होने वाले विकास की जानकारी दी। पं. दीनदयाल उपाध्याय सभागार के विकास के लिए एक एजेंसी ने पावर प्वाइंट प्रजेंटेशन दिया। राजकीय निर्माण निगम को भी प्रजेंटेशन के निर्देश दिए गए।
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बैठक में ट्रांसपोर्ट नगर पर भी चर्चा हुई। टाउन प्लानर ने बताया कि महायोजना में इसे कानपुर रोड पर बनाया जाना है। मंडलायुक्त ने कहा कि ट्रांसपोर्ट नगर सरकारी भूमि पर बनाया जाए। इसके लिए नगर निगम और राजस्व विभाग जमीन की तलाश करें। इसके अलावा क्राफ्ट मेला ग्राउंड में निर्माणाधीन अरबन हाट का काम पूरा कर इसके संचालन को भी कहा गया। इस दौरान पंचतंत्र पार्क के विकास पर भी चर्चा हुई।
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इस मौके पर जिलाधिकारी कर्ण सिंह चौहान, नगर आयुक्त प्रताप सिंह भदौरिया, जेडीए सचिव सीपी तिवारी, संयुक्त आयुक्त उद्योग एसके श्रीवास्तव समेत विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
अवैध निर्माण होंगे सील
झांसी विकास प्राधिकरण की बैठक में मंडलायुक्त अमित गुप्ता ने कहा कि ऐसे जेडीए से मानचित्र स्वीकृत कराए बिना हो रहे निर्माण को सील किया जाए। इसमें किसी तरह की कोताही न बरती जाए। इसके अलावा प्राधिकरण के अवर अभियंता शमन योग्य प्रकरण को प्राथमिकता से लेते हुए शुल्क जमा कर प्राधिकरण की आय बढ़ाएं।