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सीपरी ओवरब्रिज पर रेलवे बना रहा पैदल चलने का रास्ता, चित्रा चौराहा से ऊपर पुल की तरफ बनाईं जाएंगी सीढ़ियां
Tue, 19 Jan 2021 02:08 AM IST
झांसी ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो, झांसी
अमर उजाला ब्यूरो, झांसी
Published by: झांसी ब्यूरो
Updated Tue, 19 Jan 2021 02:08 AM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
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सीपरी ओवरब्रिज पर रेलवे अपने हिस्से में लोगों को पैदल चलने का रास्ता भी बना रहा है। इस रास्ते का उपयोग करने के लिए चित्रा चौराहा से ऊपर पुल की तरफ सीढ़ियां बनाईं जाएंगी। उद्देश्य है कि अगर किसी कारण से चित्रा चौराहे की तरफ से लोग सीपरी बाजार की तरफ नहीं जा रहे पा रहे हैं तो वे सीढ़ियों के शार्टकट रास्ते से पुल को पार कर सकें। वहीं, कंपनी ने गार्डरों पर सरिया कसना शुरू कर दिया है। फरवरी में आरसीसी स्लैब (कंक्रीट) डालने का काम होगा। होली से पहले ओवरब्रिज को चालू करने की तैयारी चल रही है।
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सीपरी ओवरब्रिज पर गार्डर रखने का काम दिसंबर में नोएडा की गैलविनो इंडिया प्राइवेट लिमिटेड कंपनी ने पूरा कर लिया था। कंपनी ने पटरियों के ऊपर 50 मीटर के गार्डरों व पानी की टंकी के सामने 36 मीटर के गार्डरों के नीचे चद्दर लगाने का काम पूरा कर लिया है। चद्दरों को नीचे पटरियां होने के कारण सुरक्षा की दृष्टि से कसा गया है, ताकि रेलवे ट्रैक या राहगीरों पर कोई निर्माण सामग्री नहीं गिर सके।
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मजदूरों ने सरिया कसने का काम भी आधा कर लिया है। सरिया कसने के बाद फरवरी में आरसीसी स्लैब (कंक्रीट की सड़क) डालने का काम शुरू होगा। स्लैब डालने के बाद 28 दिन तक उसे मजबूती के लिए छोड़ दिया जाएगा। बाद में बचे हुए छोटे- मोटे कामों को पूरा किया जाएगा। कंपनी होली से पहले ब्रिज को चालू करने की तैयारी कर रही है।
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वहीं, रेलवे अपने हिस्से के 124 मीटर रास्ते में दोनों तरफ डेढ़- डेढ़ मीटर के पैदल चलने के पाथवे भी बना रहा है। इस पाथवे का निर्माण भविष्य की जरूरत को देखते किया जा रहा है। भविष्य में अगर ब्रिज का उपयोग लोगों को शॉर्टकट रास्ते के लिए करना पड़ा तो चित्रा चौराहा और दूसरी तरफ पानी की टंकी के निकट से सीढ़ियां बनाईं जाएंगी। सीढ़ियां चढ़कर लोग ब्रिज को पार कर सकेंगे।
यह भी जानिए
सीपरी ओवरब्रिज पर 132.83 करोड़ का खर्च आया है। इसमें सेतु निगम ने 51.78 करोड़ व रेलवे ने 80.62 करोड़ रुपये खर्च किए हैं। इस ओवरब्रिज की लंबाई 1210 मीटर (एक किलोमीटर 210 मीटर), चौड़ाई साढ़े ग्यारह मीटर व ऊंचाई 26 मीटर है। ब्रिज के निर्माण में 20 एमएम सरिया का उपयोग हो रहा है। रेलवे पटरियों के ऊपर 124 मीटर दूरी में निर्माण कर रहा है।