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किरायेदार के नाम किया मकान का नामांतरण
ब्यूराे/अमर उजाला
Updated Sat, 12 Sep 2015 01:08 AM IST
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झांसी। नगर निगम में मकान मालिक की जगह किरायेदार के नाम मकान का नामांतरण किए जाने का मामला सामने आया है। जांच में इसकी पुष्टि होने पर संबंधित लिपिक से स्पष्टीकरण तलब किया गया है। साथ ही किरायेदार के नामांतरण को निरस्त करते हुए भवनपर मकान मालिक का नाम दर्ज कर दिया गया है।
नगर के वार्ड क्रमांक 56 के मुहल्ला नरसिंह राव टौरिया के मकान नंबर 194 पर साल 2006 की वसीयत के आधार पर मकान मालिक के पुत्र की जगह किरायेदार का नाम अंकित कर दिया गया था। उक्त वसीयत मुईनुद्दीन द्वारा अपने पुत्र सिराजुद्दीन व किरायेदार शाकिर अली के नाम की गई थी। लेकिन, इसके बाद साल 2013 में मुईनुद्दीन ने अपनी अंतिम वसीयत से किरायेदार का नाम हटा दिया था।
वसीयत में केवल अपने पुत्र का नाम दर्ज किया था। लेकिन, नगर निगम द्वारा साल 2006 की वसीयत के आधार पर किरायेदार शाकिर अली के नाम मकान का नामांतरण कर दिया गया। मकान मालिक सिराजुद्दीन ने इसकी शिकायत अपर नगर आयुक्त से की। अपर नगर आयुक्त ने मामले की जांच कर अधीक्षक से कराई, जिसमें गड़बड़ी उजागर हुई।
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अपर नगर आयुक्त रोहन सिंह ने संबंधित पटल लिपिक से स्पष्टीकरण तलब किया है।
साथ ही उक्त मकान पर किरायेदार का नामांतरण निरस्त कर 2013 की वसीयत के आधार पर मकान मालिक सिराजुद्दीन का नाम दर्ज कर दिया गया है। अपर नगर आयुक्त ने बताया कि किरायेदार को जारी की गईं नामांतरण की रसीदें भी निरस्त कर दी गईं हैं।
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नगर के वार्ड क्रमांक 56 के मुहल्ला नरसिंह राव टौरिया के मकान नंबर 194 पर साल 2006 की वसीयत के आधार पर मकान मालिक के पुत्र की जगह किरायेदार का नाम अंकित कर दिया गया था। उक्त वसीयत मुईनुद्दीन द्वारा अपने पुत्र सिराजुद्दीन व किरायेदार शाकिर अली के नाम की गई थी। लेकिन, इसके बाद साल 2013 में मुईनुद्दीन ने अपनी अंतिम वसीयत से किरायेदार का नाम हटा दिया था।
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वसीयत में केवल अपने पुत्र का नाम दर्ज किया था। लेकिन, नगर निगम द्वारा साल 2006 की वसीयत के आधार पर किरायेदार शाकिर अली के नाम मकान का नामांतरण कर दिया गया। मकान मालिक सिराजुद्दीन ने इसकी शिकायत अपर नगर आयुक्त से की। अपर नगर आयुक्त ने मामले की जांच कर अधीक्षक से कराई, जिसमें गड़बड़ी उजागर हुई।
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अपर नगर आयुक्त रोहन सिंह ने संबंधित पटल लिपिक से स्पष्टीकरण तलब किया है।
साथ ही उक्त मकान पर किरायेदार का नामांतरण निरस्त कर 2013 की वसीयत के आधार पर मकान मालिक सिराजुद्दीन का नाम दर्ज कर दिया गया है। अपर नगर आयुक्त ने बताया कि किरायेदार को जारी की गईं नामांतरण की रसीदें भी निरस्त कर दी गईं हैं।