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पहूज नदी में नहीं गिरेगा नालों का गंदा पानी
ब्यूरो
Updated Thu, 29 Oct 2015 01:31 AM IST
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झांसी। आने वाले दिनों में पहूज नदी में नालों से शहर की गंदगी नहीं गिरेगी। नगर निगम ने पहूज नदी को प्रदूषण से बचाने के लिए योजना बना ली है। अटल नवीकरण और शहरी परिवर्तन मिशन (अमृत) से पहूज में गिरने वाले सभी नालों के पहले सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट बनाए जाएंगे। जल निगम ने इसका प्रस्ताव बनाकर शासन को भेज दिया है।
शहर की नालियों और नालों से बहने वाली गंदगी पहूज नदी में जाकर गिरती है। नाले गिरने से पहूज नदी प्रदूषण का शिकार है। स्थिति यह है कि पहूज नदी में पानी की जगह गंदगी दिखाई देती है। शहर के एक हिस्से की पेयजल व्यवस्था जल संस्थान छह से सात एमएलडी पानी प्रतिदिन महानगर में बने पहूज नदी से लेता है। नदी में गंदे नाले गिरने के कारण बांध का पानी प्रदूषित है, ऐसे में जल संस्थान को उसे साफ करने में मशक्कत करनी पड़ती है। लेकिन, आने वाले दिनों में इस समस्या का समाधान हो जाएगा।
पहूज नदी में गिरने वाले नालों का पानी साफ करने के लिए सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट बनाए जाएंगे। इससे नालों से आने वाली गंदगी साफ कर पानी ही नदी में बहाया जाएगा। पहूज नदी के लिए बनी 16 करोड़ रुपये की योजना में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट के साथ घाट निर्माण, सिल्ट सफाई व अन्य कार्य कराए जाएंगे। योजना को अटल नवीकरण और शहरी परिवर्तन मिशन (अमृत) के माध्यम से स्वीकृति के लिए प्रदेश सरकार के पास भेजा गया है। शासन से स्वीकृति मिलने के बाद काम शुरू कर दिया जाएगा।
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सभी विभागों के समन्वय से महानगर का विकास किया जाना है। स्मार्ट सिटी के लिए अटल नवीकरण और शहरी परिवर्तन मिशन वरदान साबित हो रहा है। सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट पहूज नदी को प्रदूषण मुक्त करने में मील का पत्थर साबित होगा।
- अरुण प्रकाश, नगर आयुक्त
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शहर की नालियों और नालों से बहने वाली गंदगी पहूज नदी में जाकर गिरती है। नाले गिरने से पहूज नदी प्रदूषण का शिकार है। स्थिति यह है कि पहूज नदी में पानी की जगह गंदगी दिखाई देती है। शहर के एक हिस्से की पेयजल व्यवस्था जल संस्थान छह से सात एमएलडी पानी प्रतिदिन महानगर में बने पहूज नदी से लेता है। नदी में गंदे नाले गिरने के कारण बांध का पानी प्रदूषित है, ऐसे में जल संस्थान को उसे साफ करने में मशक्कत करनी पड़ती है। लेकिन, आने वाले दिनों में इस समस्या का समाधान हो जाएगा।
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पहूज नदी में गिरने वाले नालों का पानी साफ करने के लिए सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट बनाए जाएंगे। इससे नालों से आने वाली गंदगी साफ कर पानी ही नदी में बहाया जाएगा। पहूज नदी के लिए बनी 16 करोड़ रुपये की योजना में सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट के साथ घाट निर्माण, सिल्ट सफाई व अन्य कार्य कराए जाएंगे। योजना को अटल नवीकरण और शहरी परिवर्तन मिशन (अमृत) के माध्यम से स्वीकृति के लिए प्रदेश सरकार के पास भेजा गया है। शासन से स्वीकृति मिलने के बाद काम शुरू कर दिया जाएगा।
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सभी विभागों के समन्वय से महानगर का विकास किया जाना है। स्मार्ट सिटी के लिए अटल नवीकरण और शहरी परिवर्तन मिशन वरदान साबित हो रहा है। सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट पहूज नदी को प्रदूषण मुक्त करने में मील का पत्थर साबित होगा।
- अरुण प्रकाश, नगर आयुक्त