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रेलवे वैगन मरम्मत कारखाने में चल रही एक हजार कर्मचारियों की कमी

Wed, 20 Jan 2021 01:44 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Wed, 20 Jan 2021 01:44 AM IST
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One thousand worker short in railway vaiggan workshoap
झांसी। रेलवे बोर्ड वैगन मरम्मत कारखाने का हर वर्ष लक्ष्य बढ़ाता जा रहा है। कारखाने में 3500 कर्मचारी कार्यरत हैं और हर साल दो सौ से ढाई सौ कर्मी रिटायर हो जाते हैं। कार्य के हिसाब से करीब एक हजार कर्मचारियों की कमी है।
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रेलवे वैगन मरम्मत कारखाने में वैगन मरम्मत के लिए वेल्डिंग, पेंटिंग, एसएसई यार्ड, एसएसई रीहेब, बीडब्लूआर, पावर हाउस, मिड नाइट, धातुशाला, व्हील, मशीन, आर बी फर्स्ट, सेकेंड, थर्ड, एयर ब्रेक लैब, टूल रूम समेत बाइस शॉप हैं। वर्तमान में इन शॉप में तकरीबन पांच हजार कर्मचारी कार्यरत हैं। मरम्मत के लिए देश भर से यहां वैगन भेजे जाते हैं। वित्तीय वर्ष 2020- 21 में 675 वैगन प्रतिमाह वैगनों की मरम्मत का लक्ष्य दिया गया है। चार साल पहले 110 करोड़ की लागत से वर्कशाप के आधुनिकीकरण का काम भी पूरा हो चुका है।
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कारखाने में हर साल लक्ष्य बढ़ता जा रहा है। मगर, कर्मचारियों की कमी चिंता का विषय बना हुआ है। वर्तमान में वैगन मरम्मत में 3500 और विभागीय कार्यों मेें सात कर्मचारी काम कर रहे हैं। एक हजार कर्मचारियों के पद खाली चल रहे हैं। दरअसल, हर साल दो सौ से ढाई सौ कर्मी सेवानिवृत्त होते जा रहे हैं, जबकि उतनी संख्या में कारखाने को कर्मी नहीं मिल पा रहे हैं। इस संबंध में मुख्य कारखाना प्रबंधक आरडी मौर्या ने बताया कि रेलवे भर्ती बोर्ड से लगातार कर्मचारियों की मांग की जा रही है। लक्ष्य प्रभावित न हो, इसके लिए आउट सोर्स कर्मियों की मदद ली जा रही है।
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