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रेल कारखाना में बना पहला कोच

Thu, 28 May 2015 12:24 AM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला
ब्यूरो/ अमर उजाला Updated Thu, 28 May 2015 12:24 AM IST
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first rail coach made in factory
झांसी। आखिर कर्मचारियों की मेहनत रंग लाई। रेलवे कोच मरम्मत कारखाना में पहला सवारी डिब्बा तैयार हो गया। बुधवार को रेलवे बोर्ड के सदस्य (यांत्रिक) हेमंत कुमार ने हरी झंडी दिखा कर इस सवारी डिब्बा को रवाना किया। यह कोच झांसी मंडल रेल प्रशासन को सौंप दिया गया है। इस मौके पर उन्होंने कहा कि कोच मरम्मत कारखाने का काम पूरा होने तक नियुक्तियां कर ली जाएंगी।
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 पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने कहा कि अभी बीस प्रतिशत ढांचे को बनाने का काम रह गया है। यह काम पूरा होने तक  नियुक्तियां हो जाएंगी। अभी ग्यारह अधिकारियों एवं 993 कर्मचारियों के सापेक्ष मात्र 394 कर्मचारियों की स्वीकृति प्राप्त हुई है। विकल्प के आधार पर 119 कर्मचारियों ने पदभार ग्रहण कर लिया है। शेष नियुक्तियां रेलवे भर्ती बोर्ड करेगा।
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कारखाने की नौकरियों में बुंदेलखंड के बेरोजगार युवाओं को प्राथमिकता देने के सवाल पर उन्होंने कहा कि ऐसा संभव नहीं है, क्योंकि भर्ती रेलवे बोर्ड स्तर पर होनी है। झांसी रेल मंडल में आए दिन चढ़ाई वाले क्षेत्रों में मालगाड़ियों के फंस जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि मंडल प्रशासन को लोड टेबल बनाकर क्षमता के हिसाब से इंजनों को लगाना चाहिए, तभी इस समस्या से निपटा जा सकता है। वैगन मरम्मत कारखाने में कर्मचारियों को सुरक्षा उपकरण व अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध न होने के सवाल पर उन्होंने संबंधित अफसरों को समस्या के निस्तारण के निर्देश दिए।
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इससे पूर्व उन्होंने सवारी डिब्बे को रवाना किया। यह डिब्बा ग्वालियर बरौनी मेल से काट कर कारखाने को तैयार करने के लिए  दिया गया था। यह कोच अपनी आधी आयु पूरी कर चुका था।

कोच के दुबारा तैयार होने पर अब इसकी उम्र फिर से पच्चीस वर्ष (पुनर्निर्माण) हो गई है। इसके बाद बोर्ड सदस्य ने कोच कारखाना के प्रशासनिक भवन का भी फीता काटकर उद्घाटन किया। इस मौके पर मुख्य यांत्रिक इंजीनियर डी के नायक, डीआरएम एस के अग्रवाल, मुख्य कारखाना प्रबंधक अतुल्य सिन्हा आदि अफसर मौजूद थे।



250 कोच वार्षिक क्षमता है कारखाना की
झांसी। मिड लाइफ रिहैबिलीटेशन (एलएलआर) कारखाने के निर्माण का कार्य फरवरी 2011 में मैसर्स एल एंड टी को दिया गया। कार्य की लागत लगभग 100 करोड़ है। यह आधुनिक कारखाना है, जो कि मौजूदा वैगन मरम्मत कारखाने के निकट 32 एकड़ में फैला हुआ है। कारखाने को 250 कोच वार्षिक क्षमता के साथ भविष्य में 500 कोच तक विस्तारित करने के प्रयोजन के साथ डिजाइन किया गया है।
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