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गांवों में हल होंगी किसानों की विरासत व खतौनी की समस्याएं
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झांसी। ग्रामीण क्षेत्रों से किसान विरासत दर्ज कराने, खतौनी में अशुद्धि को दुरुस्त कराने के लिए तहसील के चक्कर लगाते हैं। किसानों को अनावश्यक चक्कर न लगाने पड़ें, इसके लिए मंडलायुक्त के निर्देश पर शुक्रवार से 10 जुलाई तक अभियान चलाया जाएगा। इसमें गांव में ही राजस्व अधिकारियों व कर्मचारियों द्वारा उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा।
मंडलायुक्त डॉ. अजय शंकर पांडेय ने बताया कि अभिलेखों को कंपलीट एवं शुद्ध रखना राजस्व विभाग का दायित्व है। निर्विवाद विरासत के मामलों में मृतक के स्थान पर उनके उत्तराधिकारी का नाम दर्ज कर तेरहवीं के दिन खतौनी की प्रति उपलब्ध कराने का प्रावधान है, किंतु ऐसे मामलों में भी समयबद्ध कार्रवाई नहीं की जाती है। ग्रामीणों व किसानों की समस्याओं का ग्रामस्तर पर ही समाधान कराने के उद्देश्य से आवश्यक है कि अभिलेख दुरुस्त हों। इसलिए अभिलेख दुरुस्त करने के लिए 25 जून से 10 जुलाई तक विशेष अभियान चलाया जाएगा। इसके लिए उन्होंने झांसी, जालौन और ललितपुर डीएम को पत्र लिखा है।
इसके अंतर्गत किसानाें के विरासत संबंधी मामलों, खतौनी में हुई लिपिकीय भूल एवं तकनीकी कारणों से खतौनी में त्रुटियों के शुद्धिकरण के लिए प्रत्येक गांव में राजस्व अधिकारियों और कर्मचारियों द्वारा यह कार्य किया जाएगा। कार्रवाई की तहसील स्तर से ग्रामवार प्रगति सूचना जनपद स्तर पर प्राप्त की जाएगी।
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इसी प्रकार ग्राम की संपत्ति पर अनाधिकृत व्यक्तियों का कब्जा कर लेने से जहां एक ओर सरकारी क्षति होती है, वहीं दूसरी ओर चकरोड़ों, खलिहानों आदि पर अवैध कब्जा होने के कारण ग्रामवासियों के बीच विवाद रहता है। अभियान के दौरान प्रभावी कार्रवाई कराने की साप्ताहिक रिपोर्ट प्राप्त की जाएगी।
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मंडलायुक्त डॉ. अजय शंकर पांडेय ने बताया कि अभिलेखों को कंपलीट एवं शुद्ध रखना राजस्व विभाग का दायित्व है। निर्विवाद विरासत के मामलों में मृतक के स्थान पर उनके उत्तराधिकारी का नाम दर्ज कर तेरहवीं के दिन खतौनी की प्रति उपलब्ध कराने का प्रावधान है, किंतु ऐसे मामलों में भी समयबद्ध कार्रवाई नहीं की जाती है। ग्रामीणों व किसानों की समस्याओं का ग्रामस्तर पर ही समाधान कराने के उद्देश्य से आवश्यक है कि अभिलेख दुरुस्त हों। इसलिए अभिलेख दुरुस्त करने के लिए 25 जून से 10 जुलाई तक विशेष अभियान चलाया जाएगा। इसके लिए उन्होंने झांसी, जालौन और ललितपुर डीएम को पत्र लिखा है।
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इसके अंतर्गत किसानाें के विरासत संबंधी मामलों, खतौनी में हुई लिपिकीय भूल एवं तकनीकी कारणों से खतौनी में त्रुटियों के शुद्धिकरण के लिए प्रत्येक गांव में राजस्व अधिकारियों और कर्मचारियों द्वारा यह कार्य किया जाएगा। कार्रवाई की तहसील स्तर से ग्रामवार प्रगति सूचना जनपद स्तर पर प्राप्त की जाएगी।
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इसी प्रकार ग्राम की संपत्ति पर अनाधिकृत व्यक्तियों का कब्जा कर लेने से जहां एक ओर सरकारी क्षति होती है, वहीं दूसरी ओर चकरोड़ों, खलिहानों आदि पर अवैध कब्जा होने के कारण ग्रामवासियों के बीच विवाद रहता है। अभियान के दौरान प्रभावी कार्रवाई कराने की साप्ताहिक रिपोर्ट प्राप्त की जाएगी।