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कर्ज में डूबे किसान ने फांसी लगाकर दी जान
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झांसी। कर्ज में डूबे एक किसान ने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। उस पर दो लाख रुपये का कर्ज था। फसल खराब होने से वो अदायगी नहीं कर पा रहा था, जिससे वो परेशान रहने लगा था। इसी परेशानी में उसने आत्मघाती कदम उठा लिया।
सीपरी बाजार थाना इलाके के करारी निवासी किसान सीताराम (48) ने सात एकड़ जमीन बटिया पर ले रखी थी। इसी पर खेती कर वो अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। बृहस्पतिवार की शाम वो घर में एक कमरे में सोया। सुबह जब वो काफी देर तक नहीं उठा तो परिजनों ने कमरे में जाकर देखा, सीताराम फांसी के फंदे पर झूलता हुआ मिला। इससे परिजनों में कोहराम मच गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। शुक्रवार को पोस्टमार्टम हाउस के बाहर खड़े मृतक के भांजे रविंद्र ने बताया कि उसके मामा ने तिल व मूंगफली की फसल के लिए दो लाख रुपये का कर्ज लिया था। फसल खराब होने से नुकसान हो गया था। गेहूं के लिए पर्याप्त पानी नहीं मिल पा रहा था। इससे वे परेशान रहने लगे थे। इसी परेशानी में उन्होंने आत्महत्या कर ली।
वहीं, सीपरी बाजार पुलिस ने बताया कि अब तक कर्ज की बात सामने नहीं आई है। इसके अलावा आत्महत्या की अन्य कोई वजह भी सामने नहीं आई है। घटना की पड़ताल जारी है। विदित हो कि मृतक के दो बेटे व बेटियां हैं। पिता की कई साल पहले मौत हो चुकी है। परिवार के भरण-पोषण की जिम्मेदारी मृतक के कंधों पर ही थी।
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सीपरी बाजार थाना इलाके के करारी निवासी किसान सीताराम (48) ने सात एकड़ जमीन बटिया पर ले रखी थी। इसी पर खेती कर वो अपने परिवार का भरण-पोषण करता था। बृहस्पतिवार की शाम वो घर में एक कमरे में सोया। सुबह जब वो काफी देर तक नहीं उठा तो परिजनों ने कमरे में जाकर देखा, सीताराम फांसी के फंदे पर झूलता हुआ मिला। इससे परिजनों में कोहराम मच गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। शुक्रवार को पोस्टमार्टम हाउस के बाहर खड़े मृतक के भांजे रविंद्र ने बताया कि उसके मामा ने तिल व मूंगफली की फसल के लिए दो लाख रुपये का कर्ज लिया था। फसल खराब होने से नुकसान हो गया था। गेहूं के लिए पर्याप्त पानी नहीं मिल पा रहा था। इससे वे परेशान रहने लगे थे। इसी परेशानी में उन्होंने आत्महत्या कर ली।
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वहीं, सीपरी बाजार पुलिस ने बताया कि अब तक कर्ज की बात सामने नहीं आई है। इसके अलावा आत्महत्या की अन्य कोई वजह भी सामने नहीं आई है। घटना की पड़ताल जारी है। विदित हो कि मृतक के दो बेटे व बेटियां हैं। पिता की कई साल पहले मौत हो चुकी है। परिवार के भरण-पोषण की जिम्मेदारी मृतक के कंधों पर ही थी।
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